उत्तराखंड में घना कोहरा और शीतलहर की चेतावनी, रखें अपना ध्यान
उत्तराखंड में आज घना कोहरा-शीतलहर को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है.

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : December 27, 2025 at 9:40 AM IST
|Updated : December 27, 2025 at 9:49 AM IST
देहरादून: उत्तराखंड में लंबे समय से बारिश और बर्फबारी नहीं हुई है. जिससे कड़ाके की ठंड पड़ रही है और लोग ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा ले रहे हैं. वहीं मौसम विभाग ने आज प्रदेश के कई जिलों में कोहरे को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है. साथ ही लोगों को सतर्क रहने की अपील की है.
कोहरा-शीतलहर की चेतावनी: देहरादून मौसम विभाग के मुताबिक आज राज्य के सभी जनपदों में मौसम शुष्क रहने की संभावना है.प्रदेश के हरिद्वार, उधम सिंह नगर जनपदों तथा नैनीताल, चंपावत, देहरादून और पौड़ी जनपद के मैदानी क्षेत्रों में कहीं-कहीं शीत दिवस की रहने की संभावना है. राज्य के हरिद्वार, उधम सिंह नगर जनपदों, नैनीताल, चंपावत, देहरादून और पौड़ी जनपदों के मैदानी क्षेत्रों में घना कोहरा छाए रहने का अंदेशा जताया है. जिससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है.
ठंड से बढ़ी लोगों की दुश्वारियां: बात राजधानी देहरादून की करें तो यहां आसमान मुख्यतः साफ से लेकर आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे. वहीं कोहरा छाए रहने की संभावना जताई है. अधिकतम व न्यूनतम तापमान क्रमशः 23°C तथा 08°C के लगभग रहने की संभावना है. प्रदेश में लंबे समय से मौसम का मिजाज शुष्क बना हुआ है, दिसंबर माह में भी बारिश और बर्फबारी ना होने से सैलानियों और स्थानीय व्यापारी मायूस हैं. पर्वतीय अंचलों से लेकर मैदान क्षेत्रों तक हाड़कंपा देने वाली ठंड पड़ रही है.
विजिबिलिटी कम होने से रेंगने लगे वाहन: लोग ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा ले रहे हैं. पहाड़ों और मैदानी क्षेत्रों में सुबह शाम कोहरा लग रहा है. जिसे विजिबिलिटी शून्य हो गई है. विजिबिलिटी कम होने से सड़कों पर वाहन रेंगते हुए दिखाई दे रहे हैं. वहीं रुद्रप्रयाग जनपद में स्थित केदारनाथ धाम में भी लंब समय से बर्फबारी नहीं हुई हैं. इस समय जहां केदारनाथ की पहाड़ियां बर्फ से लकदक रहती थी, वहीं इस बार पहाड़ियों पर भी बर्फ नहीं दिखाई दे रही है. जिस पर पर्यावरणविदों ने चिंता जताई है.जबकि केदारनाथ में पुनर्निर्माण कार्य जारी है. साल 2013 की आपदा में ध्वस्त हुए रामबाडा–केदारनाथ पुराने पैदल मार्ग पर भी कार्य जारी है.
पढ़ें-उत्तराखंड में कड़ाके की ठंड से जमे नदी-झरने, कई इलाकों में गिरा पारा

