महासमुंद में 10 करोड़ की परियोजना की सुस्त चाल, कभी पाइपलाइन फूट रही, कभी धूल से लोग परेशान
महासमुंद जिले में बीटीआई रोड से कलेक्टर कॉलोनी तक हो रहे सड़क चौड़ीकरण काम से लोग परेशान हैं. कई लोग चोटिल भी हो चुके हैं.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : February 21, 2026 at 6:31 PM IST
महासमुंद: जिले में बीटीआई रोड से कलेक्टर कॉलोनी तक सड़क चौड़ीकरण का कार्य लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गया है. नगर पालिका क्षेत्र में बड़ौदा चौक से कलेक्टर कॉलोनी तक लगभग 2.3 किलोमीटर लंबी सड़क के चौड़ीकरण के लिए 10 करोड़ रुपए की मंजूरी दी गई है. लेकिन यहां कभी पाइपलाइन फूटने से फव्वारा बन जाता है तो कभी धूल-मिट्टी से परेशानी होती है.
सावधान कार्य प्रगति पर है...!
इस कार्य की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग (PWD) को सौंपी गई है, जिसने मेसर्स किरण बिल्डकॉन को ठेका दिया है. परियोजना के तहत सड़क के दोनों ओर नाली निर्माण और बीच में डिवाइडर बनाया जाना है. इसके लिए पेड़ों की कटाई, विद्युत पोल शिफ्टिंग और खुदाई का कार्य जारी है. लेकिन लोगों का कहना है कि काम की चाल बेहद धीमी है.

बिना सूचना के खुदे गड्ढे, हादसे का खतरा
स्थानीय लोगों का आरोप है कि निर्माण स्थल पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं. न तो चेतावनी सूचना बोर्ड लगाए गए हैं और न ही गड्ढों के चारों ओर रेडियम संकेतक या रेत से भरे बैरिकेड्स लगाए गए हैं. रात के समय यह स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है, जिससे किसी भी बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है.

बार-बार पाइपलाइन फटने से जल संकट
जेसीबी से खुदाई के दौरान पानी की पाइपलाइन को भी नुकसान पहुंचा है. अब तक 10 से 12 बार पाइपलाइन फटने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जिससे लोगों को दो से तीन दिन तक पेयजल संकट झेलना पड़ा.
निर्माण कार्य के दौरान लगातार धूल उड़ रही है. हमें स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का भी सामना करना पड़ रहा है. धूल और अव्यवस्थित निर्माण सामग्री से दुर्घटना का खतरा भी बना हुआ है.- सौरव जैन, नगरवासी

नागरिकों ने की कार्रवाई की मांग
लक्ष्मीकांत सेन, सौरव जैन जैसे तमाम नगरवासियों ने शासन-प्रशासन से तत्काल संज्ञान लेकर ठेकेदार और संबंधित विभाग पर कार्रवाई की मांग की है. बिना सुरक्षा इंतजाम के खुदे गड्ढे में गिरने से कुछ लोगों को चोट पहुंचने की भी बात सामने आई है.
यह बस नाम का गौरव पथ है. कछुआ गति से काम हो रहा है. बेतरतीब तरीके से सामान रखा हुआ है. मलबा नहीं उठ रहा है जिसके कारण कई लोग चोटिल हुए हैं - पूर्व पार्षद, पंकज साहू
कलेक्टर ने क्या कहा?
वहीं कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने पूरे मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित करने की बात कही है. उन्होंने आश्वासन दिया कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी.
पहले भी हमने PWD अधिकारियों को निर्देश दे चुके हैं. अभी फिर हम थर्ड पार्टी से जांच कराएंगे. दूसरे डिपार्टमेंट के इंजीनियर से जांच कराने के बाद कार्रवाई करेंगे- विनय कुमार लंगेह, कलेक्टर महासमुंद
हाल ही में दिल्ली, नोएडा और कानपुर में भी सड़क निर्माण के दौरान खुदे गड्ढों में गिरने से गंभीर और जानलेवा हादसे सामने आए थे. इसके बावजूद सुरक्षा मानकों की अनदेखी ठेकेदार और कार्य एजेंसी की लापरवाही को उजागर करती है.

