तेंदुए के लिए लगाए पिंजरे में कैद हुआ शावक, दहाड़ने से लोगों की सिट्टी पिट्टी गुई गुम
अल्मोड़ा में गुलदार के लिए लगाए गए पिंजरे में शावक कैद हो गया. जिसे देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी.

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : August 23, 2026 at 10:39 AM IST
|Updated : August 23, 2026 at 12:30 PM IST
अल्मोड़ा: भैंसियाछाना ब्लॉक के बाड़ेछीना स्थित छानी गांव में बीते दिन एक व्यक्ति पर तेंदुए ने हमला कर दिया था. जिसके बाद तेंदुए को पकड़ने के लिए वन विभाग ने पिंजरा लगाया था. लेकिन उस पिंजरे में शावक कैद हो गया. इस दौरान मादा गुलदार भी क्षेत्र में घूमते दिखी. जिससे क्षेत्र में दहशत फैल गई. गांव के लोगों ने तुरंत वन विभाग को इसकी सूचना दी. वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंच कर शावक को कैद से आजाद कर प्राकृतिक आवास में छोड़ा. वहीं तेंदुए के लिए क्षेत्र में फिर से पिंजरा लगाया गया है.
दरअसल बीते दिनों घर से दुकान की ओर जा रहे दीवान सिंह पर घात लगाए बैठे एक तेंदुए ने हमला कर दिया था. घायल कर दिया था. तब वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों की मदद से घायल को उपचार के लिए अल्मोड़ा जिला अस्पताल पहुंचाया था. इसके बाद अलर्ट मोड़ पर आए वन विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में गश्त तेज कर दी. तेंदुए को पकड़ने के लिए ट्रैप कैमरे लगाए गए. लेकिन बीते देर शाम तेंदुए तो नहीं लेकिन एक चार माह का शावक जरूर पिंजरे में फंस गया.
शावक की मौजूद से आशंका है कि हमलावर मादा तेंदुआ रही होगी. इसे देखते हुए वन विभाग ने गांव में गश्त और भी बढ़ा दी है. वन विभाग ने ग्रामीणों से अब अधिक सतर्क रहने की अपील की है.
-मोहन राम आर्या,वन क्षेत्राधिकारी हवालबाग-
शावक के पिंजरे में कैद होने की खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई. शावक लोगों के बीच कौतूहल का विषय बना गया. लोगों ने पिंजरे में कैद शावक का वीडियो बना कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया. लंबे समय तक शावक कैद से आजाद होने की जद्दोजहद करता रहा. जिसके बाद वन कर्मियों ने शावक को रेस्क्यू कर प्राकृतिक आवास में छोड़ा. वहीं गुलदार की धमक से स्थानीय लोग खौफजदा हैं और घरों से बाहर निकलने से कतरा रहे हैं. वन विभाग के अधिकारियों ने लोगों को झुंड में निकलने की अपील की है. इससे पहले भी गुलदार जिले के कई क्षेत्रों में दिखाई दिया है. जिसके बाद वन विभाग की टीम गुलदार की हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए है.
पढ़ें-

