डिलीवरी के बाद मौत मामला: आरोपी डॉक्टर पर गिरी गाज, स्वास्थ्य विभाग ने किया सस्पेंड, 2 दिन से धरने पर बैठे थे मंजू शर्मा के परिजन
कुल्लू के विधायक सुंदर सिंह ठाकुर ने मृतिका के परिजनों को स्वास्थ्य विभाग द्वारा डॉ. अनु को निलंबित किए जाने की जानकारी दी.

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : June 30, 2026 at 6:55 PM IST
|Updated : June 30, 2026 at 7:26 PM IST
कुल्लू: जिला कुल्लू के क्षेत्रीय अस्पताल ढालपुर में प्रसूता महिला मंजू शर्मा की मौत मामले में स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. महिला के इलाज में लापरवाही के आरोपों से घिरी स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर अनु को सस्पेंड कर दिया गया है. डॉक्टर अनु को फिलहाल स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग शिमला में तैनाती दी गई है. वहीं इस पूरे मामले की जांच अभी जारी है और प्रशासनिक स्तर पर भी मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए गए हैं.
जांच कमेटी की रिपोर्ट के बाद हुई कार्रवाई
मंजू शर्मा मौत मामले को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने पहले ही एक जांच कमेटी का गठन किया था. कमेटी ने मामले से जुड़े तथ्यों और शिकायतों की जांच कर अपनी रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी है. इसी रिपोर्ट के आधार पर स्वास्थ्य विभाग ने कार्रवाई करते हुए डॉक्टर अनु को निलंबित किया है. प्रशासन का कहना है कि अगर जांच में किसी अन्य कर्मचारी या अधिकारी की लापरवाही सामने आती है तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.

दो दिन से ढालपुर में जारी था प्रदर्शन
मंजू शर्मा को न्याय दिलाने की मांग को लेकर पिछले दो दिनों से ढालपुर में परिजन और स्थानीय लोग प्रदर्शन कर रहे थे. प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि महिला की मौत इलाज में लापरवाही के कारण हुई है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए. मंगलवार को भी बड़ी संख्या में लोग ढालपुर में धरने पर बैठे रहे. इस दौरान कई सामाजिक कार्यकर्ता और राजनीतिक प्रतिनिधि भी प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे और परिजनों से बातचीत की.
विधायक सुंदर सिंह ठाकुर ने दी जानकारी
प्रदर्शन के दौरान कुल्लू विधायक सुंदर सिंह ठाकुर भी मंगलवार को मौके पर पहुंचे और आंदोलन कर रहे लोगों से बातचीत की. उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की ओर से डॉक्टर अनु के निलंबन की जानकारी दी. विधायक ने कहा कि मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. वहीं प्रदर्शनकारियों ने जांच रिपोर्ट और कार्रवाई को लेकर अपनी कुछ आपत्तियां भी रखीं. उनका कहना है कि जांच में उनके द्वारा उठाए गए कई मुद्दों को पूरी गंभीरता से शामिल नहीं किया गया.
मजिस्ट्रेट जांच भी होगी, एक सप्ताह में रिपोर्ट
इस मामले में जिला प्रशासन ने भी मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं. जांच कमेटी की अध्यक्षता एसडीएम कुल्लू करेंगे. कमेटी में डीएसपी कुल्लू और सीएमओ कुल्लू को भी शामिल किया गया है. प्रशासन ने कहा है कि जांच पूरी होने के बाद करीब एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट सामने आएगी. अगर किसी स्तर पर लापरवाही साबित होती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.

क्या है पूरा मामला?
गौरतलब है कि मंडी जिले के बालीचौकी क्षेत्र के सुनारू गांव की रहने वाली 23 वर्षीय मंजू शर्मा को 20 जून को डिलीवरी के लिए क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में भर्ती करवाया गया था. परिजनों के अनुसार ऑपरेशन के बाद महिला की तबीयत बिगड़ गई थी और कुछ समय बाद उसकी मौत हो गई. परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टर और स्टाफ पर लापरवाही के आरोप लगाए थे. उनका कहना था कि समय पर उचित इलाज नहीं मिलने के कारण महिला की जान चली गई. इसके बाद परिजनों और ग्रामीणों ने दोषियों पर कार्रवाई की मांग को लेकर आंदोलन शुरू किया था. अब डॉक्टर के निलंबन के बाद मामले में नई कार्रवाई हुई है, जबकि सभी की नजरें मजिस्ट्रेट जांच की अंतिम रिपोर्ट पर टिकी हैं.
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