गंभीर कैंसर मरीजों को लेकर KGMU की शानदार पहल,घर बैठे होगा इलाज
अस्पताल के चक्कर लगाने से मिली मुक्ति, कई तरह की सलाह घर बैठे मिलेगी.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : January 8, 2026 at 8:35 AM IST
|Updated : January 8, 2026 at 11:19 AM IST
लखनऊ: केजीएमयू के डॉक्टरों ने पहल की है. अंतिम अवस्था के कैंसर से पीड़ित मरीजों को इससे काफी सहूलियत दी जा रही है. दरअसल, रेडियोथेरेपी विभाग के डॉक्टर व टीम कैंसर मरीजों को घर जाकर सलाह दे रहे हैं. मरीजों की देखभाल के तौर तरीके परिवारीजनों को बता रहे हैं.
तीन श्रेणियों के मरीजों का इलाज हो रहा: रेडियोथेरेपी विभाग के डॉ. राजेंद्र कुमार ने बताया कि अस्पताल में तीन श्रेणियो के मरीजों का इलाज हो रहा है. इनमें पीडी, भर्ती और पैलिएटिव केयर के मरीज शामिल हैं. रेडियोथेरेपी विभाग के डॉ. राजेंद्र कुमार ने बताया कि गंभीर कैंसर मरीजों में जब दवाएं व इलाज की दूसरे तरीके बेअसर हो जाते हैं. ऐसे मरीजों को पैलिएटिव केयर की सलाह दी जाती है. मरीजों को अस्पताल या घर में देखभाल की सलाह दी जाती है. बीमारी की वजह से मरीज को होने वाली दिक्कतों को कम करने का प्रयास किया जाता है ताकि मरीजों को ज्यादा परेशानी न हो.
इस वजह से लिया गया फैसला: उन्होंने बताया कि कैंसर की गंभीर अवस्था से पीड़ितों को बार-बार अस्पताल लाने में दिक्कतें हो सकती हैं. लिहाजा रेडियोथेरेपी विभाग के डॉक्टर, नर्स व प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों की टीम मरीज के घर जाकर जांच, देखभाल और परामर्श देती है. यह सेवा खासतौर पर उन मरीजों के लिए है जो अत्यधिक कमजोर हैं. इन मरीजों की कीमोथेरेपी व रेडियोथेरेपी संभव नहीं है. अब तक लगभग 600 मरीजों को घर जाकर सलाह दी जा चुकी है. टीम का काम जारी है.
इलाज के साथ ये भी मदद: डॉ. राजेंद्र ने बताया कि पैलिएटिव केयर का मकसद कैंसर को ठीक करना नहीं, बल्कि मरीज को दर्द, सांस की तकलीफ, कमजोरी और अन्य कष्टों से राहत देना है. इसके साथ ही मरीज और उसके परिजनों को मानसिक व भावनात्मक सहयोग भी दिया जाता है, ताकि वे इस कठिन समय का सामना बेहतर तरीके से कर सकें.
पूरी तरह निःशुल्क है सेवा: केजीएमयू की यह सुविधा पूरी तरह मुफ्त है. मरीज या उनके तीमारदार टोल फ्री नंबर 18002027777 पर कॉल कर इस सेवा के लिए पंजीकरण करा सकते हैं.
लखनऊ व आसपास के जिलों के मरीजों को लाभ: यह सुविधा फिलहाल लखनऊ और आसपास के जिलों में रहने वाले कैंसर मरीजों के लिए उपलब्ध है. जरूरत के अनुसार टीम घर जाकर नियमित रूप से मरीज की स्थिति का आंकलन करती है.
टीम दे रही ये सलाह
- परिवारीजनों को प्रशिक्षण
- दवाइयां कैसे दें
- मरीज की दैनिक देखभाल कैसे करें
- आपात स्थिति में क्या कदम उठाएं
- घर पर मरीज की देखभाल कैसे करें
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