कटनी में महिलाओं ने खुद मारा छापा, शराब से भरी बोरी लेकर पहुंची कलेक्ट्रेट
कटनी में महिलाओं का अनोखा प्रदर्शन, अवैध शराब से भरी बोरियां लेकर कलेक्ट्रेट पहुंची महिलाएं, प्रशासन को दी चेतावनी.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : January 7, 2026 at 1:41 PM IST
कटनी: मध्य प्रदेश के कटनी में अवैध शराब के बढ़ते कारोबार और प्रशासनिक लापरवाही से परेशान महिलाओं ने विरोध का नायाब तरीका अपनाया. ग्रामीण क्षेत्रों में खुलेआम बिक रही देसी शराब से तंग आकर महिलाओं ने आबकारी और पुलिस की तरह छापामार दस्ते का काम किया. महिलाओं ने गांव में बेच रहे अवैध शराब ठिकानों पर पहुंचकर शराब की बोतलें छीन कर अपने कब्जे में लिए और शराब का जखीरा जब्त कर सीधे कलेक्ट्रेट कार्यालय लेकर जा धमकी. जिसके बाद कलेक्ट्रेट परिसर में हड़कंप मच गया.
शराब से भरी बोरी लेकर कलेक्ट्रेट पहुंची महिलाएं
मंगलवार को स्लीमनाबाद थाना क्षेत्र के कई गांव की सैकड़ों महिलाएं बोरी भर शराब की बोतलें लेकर कलेक्ट्रेट परिसर जा धमकी. कलेक्टर को शराब का जखीरा दिखाया, फिर महिलाए शराब से भरी बोतलों की बोरी लेकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंच गईं. महिलाओं ने आरोप लगाते हुए बताया कि "उनके गांवों में जगह‑जगह अवैध देसी शराब बेची जा रही है. जिससे उनके परिवार बर्बादी की कगार पर पहुंच गए हैं. पति दिन‑भर की कमाई शराब में उड़ा देते हैं, नशे में झगड़े और मारपीट आम बात हो गई है. कई बार तो बना‑बनाया खाना तक फेंकना पड़ता है.
प्रदर्शनकारी महिलाओं ने आरोप लगाया कि अवैध शराब बिक्री की जानकारी बार‑बार देने के बावजूद न तो आबकारी विभाग प्रभावी कार्रवाई कर रहा है और न ही स्थानीय पुलिस. महिलाओं के मुताबिक जब जिम्मेदार विभाग आंख मूंदकर बैठे हैं, तो उन्हें मजबूरन खुद ही छापा मारकर शराब जब्त करनी पड़ी रही है."
- धान पंजीयन का सत्यापन न होने पर फूटा किसानों का गुस्सा, सड़कों पर किया चक्का जाम
- सुन लें प्रदर्शनकारी! सरकारी संपत्ति का नुकसान, इन्हें भरना होगा हर्जाना, मशाल-जुलूस बैन
महिलाओं ने अवैध शराब पर कार्रवाई की मांग की
महिलाओं ने प्रशासन से मांग की कि गांव‑गांव में चल रहे अवैध शराब के ठिकानों पर तत्काल छापेमारी कर सख्त कार्रवाई की जाए और दोषी अधिकारियों‑कर्मचारियों की भी जिम्मेदारी तय हो. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो वे उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगी. जिसकी पूरी जवाबदारी जिला प्रशासन की होगी. हैरान ओर परेशान ग्रामीण महिलाओं ने सामूहिक संकल्प लिया कि वे अपने गांवों में किसी भी कीमत पर शराब की अवैध बिक्री नहीं होने देंगी.

