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पटना में 'कृष्णोत्सव', 20 फीट ऊंची दही-हांडी विशेष आकर्षण, विजेता टीम को मिलेंगे 2.51 लाख

पटना में पहली बार तीन दिवसीय 'कृष्णोत्सव' का आयोजन हो रहा है. जिसमें 20 फीट ऊंची दही-हांडी मुख्य आकर्षण होगी. रिपोर्ट- कृष्णनंदन

Saayan Kunal
पटना में तीन दिवसीय कृष्णोत्सव (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Bihar Team

Published : August 31, 2026 at 4:59 PM IST

7 Min Read
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पटना: राजधानी पटना में युवाओं और खासकर जेन-जी को सनातन संस्कृति, भगवान श्रीकृष्ण के जीवन दर्शन और भारतीय परंपराओं से जोड़ने के लिए पहली बार भव्य तीन दिवसीय 'कृष्णोत्सव' का आयोजन किया जा रहा है. यह आयोजन 2 सितंबर से 4 सितंबर तक पटना के मिलर ग्राउंड में होगा. कार्यक्रम में भक्ति, संस्कृति और रोमांच का संगम देखने को मिलेगा.

तीन दिवसीय आयोजन: महावीर मंदिर न्यास समिति के सचिव सायन कुणाल ने कहा कि तीन दिवसीय आयोजन का सबसे बड़ा आकर्षण दही-हांडी प्रतियोगिता होगी, जिसमें जीतने वाली टीम को 2 लाख 51 हजार रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी. कार्यक्रम में प्रवेश पूरी तरह निःशुल्क रहेगा. कृष्णोत्सव का आयोजन यूथ एलायंस फॉर सोशल हारमोनी की ओर से किया जा रहा है. इस आयोजन में महावीर मंदिर न्यास समिति का सहयोग रहेगा.

महावीर मंदिर न्यास समिति के सचिव सायन कुणाल (ETV Bharat)

प्रतियोगिता में क्या-क्या शामिल?: सायन कुणाल की देखरेख में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में दही-हांडी के साथ दही खाओ प्रतियोगिता, बच्चों की फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता, घर के मंदिर की सजावट प्रतियोगिता और डिजिटल फोटो और रील प्रतियोगिता समेत कई गतिविधियां आयोजित की जाएंगी. आयोजकों का कहना है कि प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत भी किया जाएगा.

"कृष्णोत्सव का मुख्य उद्देश्य युवाओं को धर्म और संस्कृति से जोड़ना है. खासकर जेन-जी तक भगवान श्रीकृष्ण के जीवन, उनके संदेश और गीता के विचारों को पहुंचाने की कोशिश की जा रही है. कृष्ण ने अपने जीवन और उपदेशों के माध्यम से धैर्य, नैतिकता और कर्म को प्राथमिकता देने का संदेश दिया. आयोजन के माध्यम से युवा वर्ग श्रीकृष्ण के जीवन से प्रेरणा ले और उनके संदेशों को आत्मसात करे, यही इस कार्यक्रम का मूल उद्देश्य है."- सायन कुणाल, सचिव, महावीर मंदिर न्यास समिति

दो हिस्सो में कार्यक्रम: पहला हिस्सा भक्ति और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का होगा, जबकि दूसरे हिस्से में युवाओं और बच्चों के लिए विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी. दही खाओ प्रतियोगिता, दही-हांडी फोड़ने की प्रतियोगिता और बच्चों की फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता के अलावे घर के मंदिरों को सुंदर तरीके से सजाने वालों के लिए भी विशेष प्रतियोगिता रखी गई है. प्रतिभागी अपने सजे हुए घरेलू मंदिर की तस्वीर जारी किए गए व्हाट्सएप नंबर पर भेज सकेंगे. चयनित प्रतिभागियों को कार्यक्रम स्थल पर बुलाकर सम्मानित किया जाएगा.

सोशल मीडिया से संबंधित प्रतियोगिता: सायन कुणाल ने बताया कि डिजिटल दौर के युवाओं को जोड़ने के लिए कृष्णोत्सव में सोशल मीडिया से संबंधित प्रतियोगिता भी रखी गई है. पूरे आयोजन को रचनात्मक तरीके से कवर कर सबसे बेहतर रील बनाने वाले प्रतिभागी को भी पुरस्कार दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कार्यक्रम को लेकर युवाओं की बड़ी संख्या में प्रतिक्रियाएं मिल रही हैं और कई युवा प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने के लिए उत्सुक हैं.

दही-हांडी प्रतियोगिता मुख्य आकर्षण: तीन दिवसीय कृष्णोत्सव का सबसे रोमांचक आकर्षण दही-हांडी प्रतियोगिता होगी. इस प्रतियोगिता के लिए फ्रेंचाइजी मॉडल पर टीमों को शामिल किया जा रहा है. प्रत्येक टीम का मालिक अपनी टीम से 21 खिलाड़ियों का चयन करेगा, जो दही-हांडी फोड़ने की चुनौती में हिस्सा लेंगे. कुछ टीमें पहले ही प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए अपना रजिस्ट्रेशन करा चुकी हैं. प्रतियोगिता में शामिल होने के लिए इच्छुक लोग मोबाइल नंबर 7903370000 पर संपर्क कर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं.

2 लाख 51 हजार का इनाम: दही-हांडी प्रतियोगिता में जीतने वाली टीम को 2 लाख 51 हजार रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी. प्रथम रनरअप टीम को 1 लाख 51 हजार रुपये और दूसरे रनरअप को 1 लाख रुपये का पुरस्कार मिलेगा. प्रतियोगिता में जो टीम सबसे पहले दही-हांडी फोड़ेगी, उसे विजेता घोषित किया जाएगा.

दही-हांडी की ऊंचाई 20 फीट: सायन कुणाल ने बताया कि प्रतियोगिता में सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है. दही-हांडी की ऊंचाई 20 फीट रखी गई है, ताकि प्रतियोगिता रोमांचक होने के साथ-साथ सुरक्षित भी रहे. राजधानी के केंद्रीय इलाके में स्थित मिलर हाई स्कूल के मैदान को इस आयोजन के लिए चुना गया है, जहां बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की उम्मीद है.

कृष्णोत्सव में देश और विदेश के कई चर्चित कलाकारों की प्रस्तुति की योजना है. भक्ति संध्या के लिए कुछ चर्चित म्यूजिक ट्रूप्स से बातचीत चल रही है. सायन कुणाल ने बताया कि एक चर्चित म्यूजिक बैंड से भी अंतिम चरण की बातचीत चल रही है और सहमति बनने के बाद इसकी जानकारी सार्वजनिक की जाएगी. इसके अलावा स्थानीय कलाकारों को भी मंच दिया जाएगा.

नृत्य समूह की प्रस्तुति भी आकर्षण: कार्यक्रम में ओडिशा के एक प्रसिद्ध नृत्य समूह की प्रस्तुति भी आकर्षण का केंद्र होगी. यह समूह भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का मंचन करेगा. कृष्ण लीला के माध्यम से भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप और उनकी दिव्य लीलाओं को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया जाएगा.

कृष्णोत्सव के दौरान महावीर मंदिर में भी भगवान श्रीकृष्ण जन्मोत्सव से जुड़े धार्मिक आयोजन होंगे. वहीं तीन दिवसीय कार्यक्रम के अंतिम दिन जन्माष्टमी के अवसर पर पारंपरिक सोहर गायन, किन्नर समुदाय की ओर से बधाई गायन, लाइव भांगड़ा और भक्ति डीजे की धुनों के साथ उत्सव का माहौल बनाया जाएगा.

सीएम करेंगे शुभारंभ: आयोजक सायन कुणाल के अनुसार कृष्णोत्सव के पहले दिन 2 सितंबर को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी कार्यक्रम का उद्घाटन करेंगे. दूसरे दिन 3 सितंबर को केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के कार्यक्रम में शामिल होने की बात कही गई है. वहीं 4 सितंबर को जन्माष्टमी के अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यक्रम में पहुंचने और दही-हांडी प्रतियोगिता का उद्घाटन करने की योजना है.

सायन कुणाल ने कहा कि यह कृष्णोत्सव का पहला संस्करण है, इसलिए लोगों तक इसकी जानकारी पहुंचाने के लिए प्रचार-प्रसार किया जा रहा है. हालांकि आयोजकों को उम्मीद है कि पहली बार आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम लोगों को पसंद आएगा और आने वाले वर्षों में यह राजधानी का एक बड़ा सांस्कृतिक आयोजन बनेगा.

तीन दिवसीय कृष्णोत्सव की रूपरेखा: पहले दिन (2 सितंबर) को भव्य शुभारंभ के साथ मंगलाचरण और शंखनाद होगा. इसके बाद बांसुरी वादन, संबोधन एवं परिचर्चा, नृत्य प्रस्तुति और भजन संध्या व भक्ति जागरण का आयोजन किया जाएगा.

दूसर दिन, 3 सितंबर: बांसुरी वादन के साथ विभिन्न प्रतियोगिताएं और सांस्कृतिक मंचन होंगे. बच्चों की फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी. इसके अलावा भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य बाल लीलाओं का जीवंत मंचन मुख्य आकर्षण रहेगा.

तीसरा दिन, 4 सितंबर: जन्माष्टमी के अवसर पर मध्यरात्रि श्रीकृष्ण जन्मोत्सव मनाया जाएगा. किन्नर समुदाय की ओर से पारंपरिक बधाई और सोहर गायन होगा. लाइव भांगड़ा और भक्ति डीजे की धुनों के बीच उत्सव का माहौल बनेगा. इसके बाद युवाओं के लिए दही-हांडी प्रतियोगिता आयोजित होगी और विजेता टीमों को पुरस्कार दिए जाएंगे. महाप्रसाद और फलाहार वितरण के साथ तीन दिवसीय कृष्णोत्सव का समापन होगा. कार्यक्रम में प्रवेश निःशुल्क रहेगा.

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