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'भाजपा पार्षदों पर सरकार बना रही दबाव, किए जा रहे झूठे केस, परिजनों को किया जा रहा प्रताड़ित'

जयराम ने चेतावनी दी कि अगर चुनाव प्रक्रिया में देरी जारी रही तो भाजपा इस मुद्दे को अदालत से लेकर सड़क तक उठाएगी.

JAIRAM THAKUR ON SUKHU GOVERNMENT
शिमला में पत्रकार वार्ता के दौरान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर व अन्य (ETV BHARAT)
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By ETV Bharat Himachal Pradesh Team

Published : June 27, 2026 at 3:58 PM IST

3 Min Read
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शिमला: हिमाचल प्रदेश में पंचायत और नगर निकाय चुनावों के बाद सियासी घमासान तेज हो गया है. नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया है कि अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद के चुनाव जानबूझकर टाले जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि सरकार ऐसा कर बहुमत बदलने और हॉर्स ट्रेडिंग की कोशिश कर रही है. जयराम ने शिमला में पत्रकार वार्ता के दौरान कहा कि पंचायत और नगर निकाय चुनावों के नतीजे जनता के रुख को साफ दिखा रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की करीब 70 प्रतिशत पंचायतों में भाजपा समर्थित प्रधान और उपप्रधान चुनाव जीतकर आए हैं. उन्होंने कहा कि स्थानीय निकायों में भी भाजपा को जनता का समर्थन मिला है.

चुनाव टालने का लगाया आरोप

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि अब तक सरकार ने 22 में से केवल 15 नगर पंचायतों में ही चुनाव संपन्न करवाए हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि ये चुनाव भी केवल उन्हीं जगहों पर करवाए गए हैं जहां कांग्रेस को बहुमत मिला है. इसी तरह 26 में से 18 नगर परिषदों में अभी तक चुनाव करवाए गए हैं और उसमें भी वहां चुनाव करवाए गए हैं जहां कांग्रेस को बहुमत मिला है. इसके अलावा ब्लॉक समितियों की 92 में से केवल 47 जगहों पर ही चुनाव कराए गए हैं. उन्होंने साफ तौर पर कहा कि जिन जगहों पर भाजपा को स्पष्ट बहुमत मिला है, वहां अभी तक चुनाव की तारीखें घोषित नहीं की गई हैं. सरकार बार-बार चुनाव टाल रही है ताकि बहुमत और चुनावी परिणामों को प्रभावित किया जा सके.

'भाजपा समर्थित पार्षदों पर बनाया जा रहा दबाव'

जयराम ने आरोप लगाया कि सरकार उन निकायों में चुनाव प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ा रही, जहां भाजपा समर्थित प्रतिनिधियों की संख्या ज्यादा है. उन्होंने कहा कि केवल उन्हीं जगहों पर चुनाव करवाए जा रहे हैं, जहां कांग्रेस को फायदा मिलने की संभावना है. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा समर्थित पार्षदों, बीडीसी और जिला परिषद सदस्यों पर दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है. जयराम ने कहा कि कुछ मामलों में विजिलेंस कार्रवाई और तबादलों के जरिए दबाव बनाने का प्रयास किया जा रहा है.

जयराम ने अधिकारियों को दी चेतावनी

जयराम ने कहा कि भाजपा ऐसे अधिकारियों की सूची तैयार कर रही है, जो सरकार के दबाव में काम कर रहे हैं या चुनाव प्रक्रिया में देरी कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि जनादेश का सम्मान होना चाहिए और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित नहीं किया जाना चाहिए. उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से मांग की कि जल्द से जल्द अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के चुनाव करवाए जाएं. जयराम ने चेतावनी दी कि अगर चुनाव प्रक्रिया में देरी जारी रही तो भाजपा इस मुद्दे को अदालत से लेकर सड़क तक उठाएगी. उन्होंने कहा कि पंचायत और नगर निकाय चुनावों के नतीजे यह संकेत दे रहे हैं कि जनता कांग्रेस सरकार से नाराज है. उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में इसका असर प्रदेश की राजनीति पर भी देखने को मिलेगा.

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