दिलकश निदान वाटरफॉल ने बारिश शुरू होते ही ले लिया रौद्र रूप, घूमने आए 2 पर्यटक फंसे
जबलपुर के निदान वाटरफॉल में अचानक पानी बढ़ने से मुश्किल में पड़े पर्यटक,पुलिस और वन विभाग की टीम ने किया रेस्क्यू. विश्वजीत सिंह की रिपोर्ट.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : July 6, 2026 at 11:03 PM IST
जबलपुर: निदान वाटरफॉल में अचानक पानी बढ़ जाने की वजह से 2 लोग फंस गए. ईटीवी भारत की टीम जब इस वॉटरफॉल की खूबसूरती को कवर कर रही थी, इसी दौरान अचानक पानी तेज हो गया और देखते ही देखते खूबसूरत लगने वाला झरना एक भयावह जलधारा में बदल गया. वहीं, वाटरऑल के दूसरी ओर फंसे लोगों की सूचना मिलते ही मौके पर उन्हें बचाने के लिए वन विभाग, पुलिस और स्थानीय प्रशासन पहुंच गई.
500 फीट ऊंचाई से गिरता है झरना
जबलपुर की कटंगी में विंध्याचल की पहाड़ियों में निदान नाम की एक वाटरफॉल की श्रृंखला है. इसमें एक साथ कई झरने पहाड़ पर लगभग 500 फीट ऊंचाई से गिरते हैं, लेकिन यह सभी झरने केवल बरसात में ही देखे जा सकते है. मानसूनी बारिश के दौरान ज्यादातर लोग इन झरनों को देखने के लिए कटंगी आते हैं और सड़क से लगभग 1 किलोमीटर तक पैदल रास्ता तय करके निदान के झरनों को देखने पहुंचते हैं.
पथरीले रास्ते से होकर झरने तक पहुंचते हैं पर्यटक
जबलपुर के अक्षय कुमार पटवा सोमवार को निदान वॉटरफॉल को देखने के लिए पहुंचे थे. अक्षय पटवा ने बताया कि "यह एक खूबसूरत झरना है. इसके बारे में उन्होंने काफी सुना था, इसलिए वह इसे देखने आए थे. ईटीवी की टीम झरने की खूबसूरती को कवर कर रही थी, लेकिन दौरान अचानक तेज बारिश शुरू हो गई और देखते ही देखते सुंदर लगने वाला झरना डरावना लगने लगा. वहीं, लोग डरकर झरने से दूर भागने लगे. लेकिन दूर से आए 2 पर्यटक तेज बारिश के बाद झरने के विकराल रूप को नहीं भाप पाए. जिससे वे अपनी जगह ही ठहरे रहे, लेकिन पानी की बहाव तेज होने के बाद दोनों झरने के दूसरी ओर फंस गए.

सुरक्षाकर्मी की बात नहीं माने थे दोनों युवक
निदान झरना वन विभाग की सीमा में आता है. इसलिए वन विभाग ने यहां दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों को सुरक्षा के लिए तैनात किया है. सुरक्षा कर्मचारी अंकित ने झरने में पानी बढ़ने के ठीक पहले लोगों को इस स्थान से निकल जाने के लिए कहा, लेकिन इसके बावजूद दोनों युवक पहाड़ी में ऊपर चढ़े रहे. देखते ही देखते झरने का पानी बढ़ने लगा और निदान वाटरफॉल ने अपना रूद्र रूप ले लिया. जिसके बाद पुलिस और वन विभाग को दोनों लड़कों के फंसे होने की सूचना दी गई.

सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची रेस्क्यू टीम
2 लोगों की फंसे होने की जानकारी जैसे ही वन विभाग को मिली, तो वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची. इसके कुछ देर बाद सूचना पाकर पुलिस भी मौके पर पहुंची और पूरी टीम ने मिलकर दोनों युवक को सुरक्षित रेस्क्यू किया. पीड़ित पर्यटक आर्यन वर्मन ने बताया "ऐसी भयावह स्थिति हो जाएगी, इसकी हमें जरा सा भी भान नहीं था. हम करीब 4-5 घंटे फंसे रहे. जिसके बाद रेस्क्यू की टीम ने हमें बाहर निकाला."

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आरक्षक शुभम वाजपेयी ने बताया कि जैसे ही 2 लोगों के फंसे होने की जानकारी मिली, तो हम यहां पहुंचे. पानी का बहाव बहुत तेज था. इसलिए रस्सी की मदद लेनी पड़ी. दोनों युवकों को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया है.

