शून्यकाल में उठा गलता पीठ में अव्यवस्था का मामला, जमवारामगढ़ में रोडवेज बसें बढ़ाने की मांग
विधानसभा में शून्यकाल में कई अहम मसलों पर चर्चा हुई. जयपुर के 500 साल पुराने मंदिर का उचित प्रबंधन करने की मांग .

Published : February 20, 2026 at 4:32 PM IST
|Updated : February 20, 2026 at 4:58 PM IST
जयपुर: विधानसभा के बजट सत्र के शून्यकाल में शुक्रवार को विभिन्न जनहित मुद्दों को लेकर विधायकों ने सरकार का ध्यान खींचा. सदन में धार्मिक स्थलों की व्यवस्थाओं से लेकर परिवहन, किसानों, पर्यावरण, पर्यटन और रोजगार तक कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई. इसमें अलग-अलग क्षेत्रों की स्थानीय समस्याएं प्रमुखता से उठाई गईं.
आदर्श नगर (जयपुर) से कांग्रेस विधायक रफीक खान ने प्राचीन गलता पीठ के प्रबंधन का मुद्दा उठाया. खान बोले, कोर्ट की ओर से नियुक्ति को अवैध घोषित किए जाने के बाद प्रशासक नियुक्त होने से वहां अव्यवस्था फैल गई. उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर में भगवान के राजभोग तक में कटौती की गई. कर्मचारियों को वेतन नहीं मिल रहा और सफाई व्यवस्था भी प्रभावित है. उन्होंने सरकार से 500 वर्ष पुराने इस ऐतिहासिक और पौराणिक महत्व वाले मंदिर के लिए उचित प्रबंधन व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की.
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जमवारामगढ़ में रोडवेज बसों के संचालन की मांग: जमवारामगढ़ क्षेत्र की परिवहन समस्या उठाते हुए विधायक महेंद्रपाल मीणा ने कहा कि कई प्रमुख मार्गों पर रोडवेज बस सेवाएं बंद होने से विद्यार्थियों, किसानों और मजदूरों को भारी परेशानी हो रही है. लोगों को महंगे निजी साधनों पर निर्भर रहना पड़ रहा है. उन्होंने सरकार से बसों की संख्या बढ़ाकर सेवाएं बहाल करने की मांग की. उन्होंने कहा कि निजी संसाधनों पर निर्भर रहने के कारण विधानसभा क्षेत्र के लोगों में हमेशा हादसों की आशंका बनी रहती है. इस बीच सोशल मीडिया पर स्थानीय निवासी ने वीडियो भी साझा किया है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि विधायक महेंद्रपाल मीणा के विधानसभा क्षेत्र में जीप पर सवार लोग अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं.

इन विधायकों ने भी उठाए मामले
- मंडावा से कांग्रेस विधायक रीटा चौधरी ने किसानों को बिजली लाइन बचाने के लिए जमीन पर दिए जा रहे मुआवजे को 30 प्रतिशत से बढ़ाकर 400 प्रतिशत करने की मांग की.
- बामनवास विधायक इंदिरा मीणा ने अपने क्षेत्र के मोरल बांध में जा रहे दूषित पानी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि इससे 55 गांव प्रभावित हैं. किसानों में चर्म रोग फैल रहे हैं, इसलिए ट्रीटमेंट प्लांट लगाया जाए.
- सादुलपुर से विधायक मनोज कुमार ने चूरू-राजगढ़ क्षेत्र में महंगी सीएनजी दरों का मुद्दा उठाया. मनोज ने कहा कि पास के क्षेत्रों की तुलना में 18–20 रुपए अधिक कीमत वसूली जा रही है.
- बूंदी से विधायक हरिमोहन शर्मा ने रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व में टाइगर सफारी शुरू करने की मांग करते हुए कहा कि पर्याप्त वन्यजीव होने के बावजूद कंजर्वेशन प्लान की मंजूरी लंबित है, जिससे पर्यटन विकास रुक गया है.
- कोटा दक्षिण से विधायक संदीप शर्मा ने चंबल नदी में गिर रहे नालों के दूषित पानी पर चिंता जताते हुए कहा कि रोजाना बड़ी मात्रा में गंदा पानी नदी में मिल रहा है. इससे जल गुणवत्ता खराब हो रही है. लाखों लोगों पर इसका असर पड़ रहा है. उन्होंने सभी नालों को ट्रीटमेंट प्लांट में डायवर्ट करने की मांग की.
- अजमेर दक्षिण से विधायक अनीता भदेल ने टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं का मुद्दा उठाया.
- भीलवाड़ा से विधायक अशोक कोठारी ने पत्रकार सुरक्षा कानून, विज्ञापन दर बढ़ाने और पत्रकारों के लिए आवास की व्यवस्था की मांग की.
- परिवहन मंत्री प्रेमचंद बैरवा ने बूंदी बस स्टैंड स्थानांतरण मामले में बताया कि कृषि उपज मंडी की भूमि आवंटन के लिए पहले ही पत्र लिखा जा चुका है.सत्र के दौरान कई विधायकों ने किसानों को मुआवजा, स्थानीय युवाओं को रोजगार, सफाई कर्मचारियों की भर्ती, आवास योजना की किस्त जारी करने और धार्मिक-पर्यटन स्थलों के विकास जैसे मुद्दे उठाए. कुल मिलाकर बजट सत्र का यह दिन जनसमस्याओं और क्षेत्रीय मुद्दों की गूंज से भरा रहा, जिसमें जनप्रतिनिधियों ने अपने क्षेत्रों की आवाज सदन तक पहुंचाने का प्रयास किया.
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