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अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड मेला 2026: विकसित भारत-आत्मनिर्भर भारत पर होगा फोकस

International Surajkund Fair 2026: 39वां अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड मेला 31 जनवरी से 15 फरवरी तक आयोजित किया जाएगा.

International Surajkund Fair 2026
International Surajkund Fair 2026 (Etv Bharat)
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By ETV Bharat Haryana Team

Published : January 7, 2026 at 7:40 AM IST

2 Min Read
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चंडीगढ़: हरियाणा के पर्यटन मंत्री अरविंद शर्मा ने मंगलवार को पर्यटन विभाग के निदेशक पार्थ गुप्ता, महाप्रबंधक ममता शर्मा और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की. बैठक के दौरान सूरजकुंड इंटरनेशनल क्राफ्ट्स मेले की तैयारियों के साथ-साथ राज्य भर में चल रही विभिन्न पर्यटन विकास परियोजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई.

31 जनवरी से 15 फरवरी तक आयोजित होगा मेला: बैठक के बाद बताया गया कि हरियाणा के फरीदाबाद जिले में हर साल होने वाला दुनिया भर में मशहूर सूरजकुंड इंटरनेशनल क्राफ्ट्स मेला इस साल विकसित भारत-आत्मनिर्भर भारत के विजन पर फोकस करेगा. 39वां अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड मेला 31 जनवरी से 15 फरवरी तक आयोजित किया जाएगा.

संस्कृति और कला को मिलेगा बढ़ावा: भव्य शिल्प सम्मेलन के रूप में विश्व स्तर पर मशहूर ये मेला देश भर के बेहतरीन और सबसे अनोखे कारीगरों, कलाकृतियों और प्रदर्शनों से पर्यटकों को आकर्षित करेगा, साथ ही भारतीय संस्कृति और स्वदेशी परंपराओं को बढ़ावा देगा. इंटरनेशनल क्राफ्ट्स मेले के 39वें संस्करण में, क्षेत्रीय संस्कृति और कला को बढ़ावा देने के लिए हरियाणवी कलाकारों के प्रदर्शन के साथ विशेष सांस्कृतिक रातों का आयोजन किया जाएगा.

60 प्रतिशत सिविल कार्य पूरा: पर्यटन विभाग के निदेशक पार्थ गुप्ता ने बताया कि "मेले के लिए सभी व्यवस्थाओं पर काम तेजी से चल रहा है. उन्होंने कहा कि मेले में आने वाले आगंतुकों की लगातार बढ़ती संख्या को देखते हुए, 60 प्रतिशत सिविल कार्य पूरा हो गया है और 20 जनवरी तक पूरा हो जाएगा. पार्किंग, सुरक्षा, सार्वजनिक सुविधाओं और इंटरनेट कनेक्टिविटी के लिए भी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं."

पब्लिक ट्रांसपोर्ट किया जाएगा दुरुस्त: पर्यटन विभाग के निदेशक पार्थ गुप्ता ने निर्देश दिया कि कश्मीरी गेट, गुरुग्राम, पलवल, फरीदाबाद, सोनीपत, पानीपत और अन्य जिलों में इंटर-स्टेट बस टर्मिनल से बस मार्गों को ठीक करने और शिल्प मेले स्थल तक पर्यटकों की सुचारू आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए परिवहन विभाग के साथ समन्वय स्थापित किया जाना चाहिए. इससे मेले में आने वाले लोगों को सुविधा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी.

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