करोड़पति हुए किसान, मोहन यादव बोले भाग्योदय का शंखनाद है इंदौर पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर
इंदौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर के प्रथम चरण का भूमि पूजन कार्यक्रम. किसानों ने जमीन का 4 गुना मुआवजा देने के लिए मोहन यादव का किया स्वागत.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : May 3, 2026 at 8:46 PM IST
भोपाल: मध्य प्रदेश के औद्योगिक सेक्टर को इकोनामिक कॉरिडोर के पंख देने के साथ राज्य का औद्योगिक शहर इंदौर अब सीधे गुजरात और मुंबई से कनेक्ट होगा. इसे कनेक्ट करने वाले इंदौर पीथमपुर इकोनामिक कॉरिडोर के प्रथम चरण का भूमि पूजन रविवार को मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने किया. इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कॉरिडोर को किसानों के भाग्योदय के साथ राज्य के औद्योगिक विकास में मील का पत्थर करार दिया.
किसानों को जमीन का मिलेगा 4 गुना मुआवजा
इंदौर के नैनोद ग्राम में 360 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इंदौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर का मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भूमि पूजन किया. जमीन का 4 गुना मुआवजा देने के लिए इस कार्यक्रम में किसानों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का स्वागत किया. किसानों ने उन्हें हल सौंपा और मुकुट पहनाया.
'दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर से सीधे जुड़ेगा मध्य प्रदेश'
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा, "इस इकोनॉमिक कॉरिडोर के माध्यम से हम 60 प्रतिशत भूमि किसानों को दे रहे हैं और उन्हें विकास में भागीदार बना रहे हैं. आज के समय में देखें तो किसानों को 650 करोड़ के प्लॉट मिले हैं."
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा, "इंदौर-उज्जैन-धार-देवास-शाजापुर-रतलाम, ये सब मिलाकर मेट्रोपॉलिटन सिटी बन रही हैं. ये सड़क केवल पीथमपुर से इंदौर नहीं है बल्कि यह उज्जैन से भी आगे है. यह 8 लेन सुपर एक्सप्रेस वे है. इसके माध्यम से मध्य प्रदेश दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर से सीधे जुड़ेगा."

कई इंडस्ट्री को मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने बताया, "इस इकोनॉमिक कॉरिडोर से एग्री प्रोसेसिंग, ऑटोमोबाइल, टेक्सटाइल, इंजीनियरिंग, वेयरहाउसिंग सेक्टर को लाभ मिलेगा. इस कॉरिडोर से इंफ्रास्ट्रक्चर, कनेक्टिविटी और उद्योग को गति मिलेगी. इस कॉरिडोर के भूमि-पूजन के बाद अब इंदौर-उज्जैन 4-लेन सड़क का भूमि-पूजन होना है."
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सीएम मोहन यादव ने कहा, "यह इकॉनोमिक कॉरिडोर न केवल आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा बल्कि यह भाग्योदय का शंखनाद है. इससे इंदौर निवेश में भी आगे होगा और किसानों की समृद्धि का भागीदार होगा."

