कैलाश विजयवर्गीय के लेटर बम के बाद डैमेज कंट्रोलिंग, इंदौर में मोहन यादव का सियासी दरबार
हैवीवेट मिनिस्टर कैलाश विजयवर्गीय की खुल्लमखुल्ला नाराजगी से सरकार सकते में. आननफानन में इंदौर में 3 जुलाई को संवाद कार्यक्रम.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : July 1, 2026 at 6:10 PM IST
इंदौर : कांग्रेस खेमे में दिग्विजय सिंह और जीतू पटवारी के बीच छिड़ी रार का मजा ले रहे बीजेपी नेता अपनी ही पार्टी में उठे तूफान के बाद खामोश हो गए हैं. इंदौर की उपेक्षा को लेकर दिग्गज मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की चिट्ठी से मचे राजनीतिक बवाल के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव अब इंदौर में मंत्री विजयवर्गीय के साथ अन्य तमाम विधायकों के साथ संवाद करेंगे. यह पहला मौका है जब मुख्यमंत्री इंदौर को लेकर किए गए विकास कार्यों पर जनप्रतिनिधियों से सीधे मुखातिब होंगे.
कैलाश विजयवर्गीय ने इंदौर की उपेक्षा का आरोप लगाया
कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने हाल ही में राज्य सरकार पर इंदौर की उपेक्षा से व्यथित होकर मुख्यमंत्री को चिट्ठी लिखी है. इसमें उन्होंने जिले के प्रभारी मंत्री और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा इंदौर के विकास के मामले में असहयोग करने का जिक्र किया है. चिट्ठी के चर्चा में आने के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय से शुरू हुए डैमेज कंट्रोल के चलते अब आननफानन 3 जुलाई को इंदौर की तरक्की पर संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया है. इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव विकास के मामले में जनप्रतिनिधियों से संवाद करेंगे.
स्पेशल गेस्ट होंगे कैलाश विजयवर्गीय
'उम्मीदों का शहर इंदौर' विषय पर आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में विशेष अतिथि के तौर पर कैलाश विजयवर्गीय को भी आमंत्रित किया गया है. इसके अलावा इंदौर के तमाम विधायक और अन्य जनप्रतिनिधि भी कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं. खास बात यह है कि इस बार पूरे कार्यक्रम की कमान मुख्यमंत्री कर्यालय से सांसद शंकर लालवानी को दी गई है, जिन्होंने शहर के ब्रिलिएंट कन्वेंशन सेंटर में कार्यक्रम आयोजित करने की रूपरेखा तैयार करने के साथ कार्यक्रम के निमंत्रण सभी को भेजे हैं.

सज्जन वर्मा बोले- अब क्यों जागृत हुई आत्मा
इंदौर की राजनीति में कैलाश विजयवर्गीय के धुर विरोधी माने जाने वाले कांग्रेस नेता सज्जन सिंह वर्मा ने कहा "कैलाश विजयवर्गीय को इस बात की भनक लग गई है कि मध्य प्रदेश में मंत्रिमंडल का विस्तार होने जा रहा है. कैलाश विजयवर्गीय सहित कुछ नेताओं को मंत्री पद से हटाया जा सकता है. इसको लेकर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की आत्मा जागृत हुई है ओर इसी को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री को ये पत्र लिखा है."
- मुख्यमंत्री को वायरल चिट्ठी, भड़के कैलाश विजयवर्गीय, बोले कहां से आई ये चिट्ठी? मुझे जानकारी नहीं
- काफिरों के बनाए सड़क पर बंद करो चलना, कैलाश विजयवर्गीय की विशेष वर्ग को नसीहत
मैंने पहले ही इस्तीफा देने की सलाह दी थी
सज्जन सिंह वर्मा ने कहा "पूर्व में भी विजयवर्गीय ने कहा था कि मैं शोले का हाथ कटा ठाकुर हूं. सरकार उन्हें अधिकार नहीं दे रही है. उसी समय मैंने कैलाश विजयवर्गीय को सलाह देते हुए कहा था मंत्री पद से इस्तीफा देकर विधाायक के रूप में लोगों के बीच रहो. उसके बाद भी यदि आपको डर लग रहा है तो पितृ पर्वत पर भगवान हनुमान जी विराजे हैं, उनकी सेवा करो, इसी बहाने एक नया महामंडलेश्वर इंदौर को मिल जाएगा. लेकिन ध्यान रखना कि जिस तरह से अयोध्या राम मंदिर में दान राशि की चोरी हो रही है, पितृ पर्वत दान राशि की रखवाली जरूर कर लेना."

