जापान में योगी: "लैंड ऑफ़ राइजिंग सन" और "सन ऑफ़ सन" का मिलन है भारत-जापान का रिश्ता
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, आप यहां रहकर जापान के डेवलपमेंट के साथ भारत के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विकास में भी सहयोग कर रहे हैं.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : February 25, 2026 at 4:34 PM IST
|Updated : February 25, 2026 at 7:11 PM IST
लखनऊ: जापान में मौजूद भारतीय समुदाय के लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को कहा कि आप लोग यहां रहकर जापान के विकास के साथ भारत के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विकास के लिए भी सहयोग कर रहे हैं. बच्चों का नृत्य देखकर योगी ने कहा कि भारत से हजारों किलोमीटर दूर इस प्रतिभा का आपने जो प्रदर्शन किया, वह अद्भुत था.
बेटियों की प्रस्तुति बहुत अच्छी थी और इसमें शास्त्रीय संगीत की विधा का सुंदर मंचन किया गया. उत्तराखंड की 'जागर' प्रथा के माध्यम से दी गई प्रस्तुति भी अत्यंत शानदार थी.
Interaction with the Indian Community in Tokyo, Japan... https://t.co/yGWDVUmTlb
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) February 25, 2026
राम मंदिर और सूर्यवंशी परंपरा: आज कौन ऐसा भारतीय होगा जो अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर के निर्माण के प्रति उत्साहित न हो. मुख्यमंत्री ने कहा कि जापान 'लैंड ऑफ राइजिंग सन' है, जहां सूर्य की पहली किरण पड़ती है, और भारत 'सन ऑफ सन' है. भारत के आराध्य प्रभु राम इसी सूर्यवंशी परंपरा में पैदा हुए और आगे चलकर महात्मा बुद्ध ने इस विरासत को आगे बढ़ाया. कोई भी अवतार उस समय की आवश्यकता के अनुरूप कार्यों को संपादित करता है और फिर अपनी लीला को विराम देकर अपने धाम को प्रस्थान कर जाता है.
Uttar Pradesh Investment Roadshow in Tokyo, Japan... https://t.co/eyrnjuK4bB
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) February 25, 2026
सनातन धर्म और जीवन पद्धति: योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भगवान विष्णु के जो भी अवतार हुए, उन्हें हम अलग-अलग पर्व और त्योहारों के माध्यम से मनाते हैं. रामराज्य की अवधारणा को हमारी सनातन धर्म की परंपरा ने केवल उपासना के साथ ही नहीं जोड़ा, बल्कि इसे अपने कर्तव्यों के साथ भी जोड़ा है. इसे एक 'जीवन पद्धति' के रूप में अंगीकार किया गया है, जिसे वैश्विक स्तर पर 'वे ऑफ लाइफ' माना जाता है. यह मार्ग आपको आगे बढ़ने के लिए कृतज्ञता ज्ञापित करने की प्रेरणा देता है.

उत्तर प्रदेश दिवस और राष्ट्रीय दायित्व: यही हमारा धर्म है और हर भारतवासी इसका पूरी निष्ठा से पालन करता है. जापान में रहकर आप यहां के विकास में योगदान दे रहे हैं और साथ ही अपनी आध्यात्मिक-सांस्कृतिक विरासत को भी संजोया है. यहां 'उत्तर प्रदेश दिवस' का कार्यक्रम भी आयोजित हुआ, ज्ञात हो कि 24 जनवरी उत्तर प्रदेश का स्थापना दिवस है. प्रधानमंत्री की प्रेरणा से अब पूरे देश में हर राज्य से अपना स्थापना दिवस मनाने को कहा गया है, ताकि इसके माध्यम से सभी नागरिक राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों की शपथ ले सकें.
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