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दुनिया देखेगी ‘सुहाग नगरी’ के हुनर की चमक, देश का पहला ‘ग्लास म्यूजियम’ फिरोजाबाद में ले रहा आकार

यूपी के फिरोजाबाद में बन रहे ‘ग्लास म्यूजियम’ से कांच कला और पर्यटन का विकास होगा. इससे वैश्विक पर्यटन मानचित्र नई पहचान मिलेगी.

Glass Museum
देश का पहला ‘ग्लास म्यूजियम’ फिरोजाबाद में ले रहा आकार. (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : January 8, 2026 at 10:36 AM IST

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फिरोजाबाद: उत्तर प्रदेश की ‘सुहाग नगरी’ फिरोजाबाद अब सिर्फ चूड़ियों के लिए नहीं, बल्कि विश्व स्तरीय कांच कला और पर्यटन के नए केंद्र के रूप में पहचान बनाने जा रही है.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजनरी प्रोजेक्ट ‘एक जिला–एक उत्पाद’ (ODOP) को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के उद्देश्य से जिले में भारत का पहला ग्लास म्यूजियम तेजी से आकार ले रहा है.

Glass Museum
देश का पहला ‘ग्लास म्यूजियम’ फिरोजाबाद में ले रहा आकार. (ETV Bharat)

करीब 47.47 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रहे इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट का 60 प्रतिशत से अधिक निर्माण कार्य पूरा हो चुका है. यह म्यूजियम न केवल कांच उद्योग की विरासत को प्रदर्शित करेगा, बल्कि फिरोजाबाद को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक नई पहचान भी दिलाएगा.

सूचना विभाग की तरफ से मुहैया करायी गयी जानकारी के मुताबिक फिरोजाबाद का कांच उद्योग यहां की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है. लगभग 5 से 6 लाख लोग प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से इस उद्योग से जुड़े हैं. 50 हजार से अधिक परिवार चूड़ी निर्माण और सजावट में कार्यरत हैं. ग्लास म्यूजियम का उद्देश्य इन कारीगरों के पारंपरिक हुनर को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाना और हजारों नए रोजगार अवसर सृजित करना है.

Glass Museum
देश का पहला ‘ग्लास म्यूजियम’ फिरोजाबाद में ले रहा आकार. (ETV Bharat)

जानें कांच उद्योग से जुड़ी खास बातें

फिरोजाबाद देश के MSME कांच उत्पादन का लगभग 70 प्रतिशत योगदान देता है. जिले में 465 से अधिक सक्रिय औद्योगिक इकाइयां हैं. यहां पॉट फर्नेस, टैंक फर्नेस और मफल फर्नेस का काम होता है.

यहां के विविध उत्पादों का निर्माण सालाना 15 सौ करोड़ रुपये तक का होता है. इसका निर्यात होता है. इसमें ग्लास वुड आइटम, फ्लावर पॉट, क्रिसमस डेकोरेशन प्रमुख हैं. ग्लास म्यूजियम के बनने से फिरोजाबाद विदेशी खरीदारों, डिजाइनरों और निवेशकों के लिए ‘बिजनेस हब’ के रूप में उभरेगा.

25,700 वर्ग मीटर में बन रहा हाई-टेक ग्लास म्यूजियम

डबराई क्षेत्र में विकास भवन के पास बन रहा यह म्यूजियम विश्व स्तरीय सुविधाओं से लैस होगा.इस म्यूजियम में 500 सीटों वाला भव्य ऑडिटोरियम, 150 सीटों का ओपन-एयरथिएटर,आर्ट गैलरी और वॉच टावर, मल्टीपर्पज हॉल, कैफेटेरिया और पर्यटन सूचना केंद्र होगा. यह परिसर पर्यटकों को कांच कला के इतिहास से लेकर आधुनिक तकनीक तक का अनूठा अनुभव देगा.

Glass Museum
देश का पहला ‘ग्लास म्यूजियम’ फिरोजाबाद में ले रहा आकार. (ETV Bharat)

उद्योग जगत में उत्साह, निर्यात में भारी बढ़ोतरी की उम्मीद

ऑल इंडिया ग्लास मैन्युफैक्चरर फेडरेशन के उपाध्यक्ष एवं यूपी ग्लास मैन्युफैक्चरिंग सिंडिकेट के महासचिव मुकेश कुमार बंसल ने इसे उद्योग के लिए ‘गेम चेंजर’ बताया. अब तक कांच उद्योग को अपनी कला दिखाने के लिए उचित मंच नहीं मिल पा रहा था. हालांकि यह म्यूजियम दुनिया भर के खरीदारों को फिरोजाबाद की क्षमता से रूबरू कराएगा. इससे निर्यात और रोजगार दोनों में जबरदस्त वृद्धि होगी.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का लक्ष्य फिरोजाबाद की पारंपरिक कांच कला को वैश्विक पहचान दिलाना है. ग्लास म्यूजियम संस्कृति, पर्यटन और उद्योग का ऐसा संगम होगा, जो फिरोजाबाद को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन हब के रूप में स्थापित करेगा.

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