वंदे मातरम पर नोक झोंक, मुख्यमंत्री का विपक्ष को जवाब, कहा: छद्म देशभक्त और ड्रामेबाज़ है विपक्ष
हिमाचल विधानसभा में वंदे मातरम और राष्ट्रगान के मुद्दे पर भारी हंगामा हुआ. सीएम ने बीजेपी पर पलटवार करते हुए उन्हें छद्म देशभक्त करार दिया.


By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : August 23, 2026 at 11:05 AM IST
शिमला: हिमाचल प्रदेश विधानसभा मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही भी लगभग डेढ़ घंटे के क़रीब ही चल सकी. सत्र के दूसरे दिन भी सदन में वंदे मातरम और राष्ट्रगान के अपमान के आरोपों का मामला हावी रहा. प्रश्नकाल के बाद नेता प्रतिपक्ष ने सदन में मुद्दा उठाया तो मुख्यमंत्री ने जवाब दिया. इस दौरान मुख्यमंत्री ने भाजपा पर तीखा हमला बोला. मुख्यमंत्री के जवाब से असहमत विपक्ष ने भारी आपत्ति जताई, ऐसे में एक बार फिर सदन को स्थगित करना पड़ा.
'तिरंगे का सम्मान नहीं करते विपक्ष के लोग'
भारी हंगामें के बीच मुख्यमंत्री ने सदन के भीतर विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि विपक्ष के लोग तो तिरंगे का भी सम्मान नहीं करते. इस दौरान मुख्यमंत्री ने जगत सिंह नेगी के मंडी दौरे के दौरान हुए प्रकरण का हवाला दिया. मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के मंत्री पूर्व मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र गए थे. तिरंगा लगे मंत्री के वाहन पर जूते फेंके गए. मुख्यमंत्री ने कहा कि विपक्ष उसे पार्टी को समझा रहा है जिसने देश की आजादी के लिए कुर्बानी दी.
'छद्म देशभक्त हैं विपक्ष के लोग'
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस देश को बनाने और संवारने का काम कांग्रेस पार्टी ने किया है. आजादी से पहले इस देश में सुई तक नहीं बनती थी, आज जहाज बना रहे हैं तो ये कांग्रेस पार्टी की नीतियों के कारण है. मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि विपक्ष के लोग छद्म देशभक्त हैं. विपक्ष के लोग छद्म देशभक्त हैं और बस ड्रामा करते हैं. राष्ट्रीय गान से पहले हाथ खड़ा करके राष्ट्रगीत गाने की मांग करते हैं. मुख्यमंत्री ने कहा है कि विपक्ष के सारे लोग ड्रामेबाज़ हैं.
'राष्ट्रगीत या राष्ट्रगान किसी एक पार्टी धर्म या क्षेत्र का नहीं'
मुख्यमंत्री ने विपक्ष को घेरते हुए कहा कि विपक्ष उस राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान जिसके पीछे हजारों कांग्रेस के नेताओं ने जान की कुर्बानी दी. मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रगीत या राष्ट्रगान किसी एक पार्टी धर्म या किसी क्षेत्र का नहीं है बल्कि पूरे देश की शान है. मुख्यमंत्री ने कहा कि राजनीति के लिए दूसरे प्लेटफॉर्म भी हैं. मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा छद्म धर्म निरपेक्षता और छद्म राष्ट्रवाद की राजनीति कर रही है जो सही नहीं है. सदन में भी अध्यक्ष की ओर से राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत को लेकर व्यवस्था दी गई, लेकिन सेशन शुरू होने से पहले ही विपक्ष के लोगों ने वंदे मातरम की मांग के लिए हाथ खड़े कर दिए. मुख्यमंत्री ने कहा कि यही राष्ट्रगान का अपमान है.

