हिमाचल में पूरी हुई बर्फबारी की आस, स्नो व्हाइट के बीच न्यू ईयर रहेगा खास
न्यू ईयर के जश्न के लिए हिमाचल पहुंचे सैलानी ले रहे बर्फबारी का मजा.

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : December 31, 2025 at 1:56 PM IST
|Updated : December 31, 2025 at 2:17 PM IST
शिमला: हिमाचल प्रदेश में लंबे समय बाद बर्फबारी की आस पूरी हुई है. आज प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फ के फाहे गिरने शुरू हो गए हैं. जिला लाहौल-स्पीति के विभिन्न इलाकों में बर्फबारी का दौर शुरू हो गया है. इसके अलावा पर्यटन नगरी में मनाली के साथ लगते रोहतांग दर्रा, मढ़ी में भी बर्फबारी शुरू हो गई है. ऐसे में नए साल का जश्न मनाने पहुंचे सैलानियों के लिए राहत भरी खबर है. इस बार हिमाचल में स्नो व्हाइट के बीच सैलानी और स्थानीय लोग नए साल का जश्न मना पाएंगे.
कुल्लू में छाए बादल
सैलानी सुबह ही मनाली के सोलंगनाला, अटल टनल होते हुए लाहौल घाटी के कोकसर पहुंचे. जहां पर उन्हें ताजा बर्फबारी का नजारा देखने को मिला. इसके अलावा कुछ गाड़ियां रोहतांग दर्रा की ओर भी रवाना हुई हैं और सैलानी अब बर्फ के बीच खूब मस्ती भी कर रहे हैं. हालांकि जिला कुल्लू के निचले इलाकों में बादल छाए हुए हैं और लोगों को उम्मीद है कि यहां पर बर्फबारी के साथ-साथ बारिश भी हो सकती है. ऐसे में बारिश और बर्फबारी से घाटी के किसानों और बागवान को भी काफी फायदा होगा. गौरतलब है कि बीते करीब तीन महीने से घाटी में बारिश नहीं हुई है. जिसके चलते कृषि पर भी बुरा असर हुआ है.
"मनाली के साथ लगते ऊपरी इलाकों में बर्फबारी का दौर शुरू हो गया है. ऐसे में अगर बर्फबारी अधिक होती है तो रोहतांग दर्रा की ओर वाहनों की आवाजाही को रोक दिया जाएगा. फिलहाल प्रशासन के द्वारा 2 जनवरी तक रोहतांग दर्रा को बहाल रखा गया है और सैलानी मनाली के साथ-साथ लाहौल घाटी के विभिन्न जगहों पर भी बर्फबारी का मजा ले रहे हैं." - रमन कुमार शर्मा, एसडीएम मनाली
जगह-जगह ट्रैफिक कर्मी तैनात
पर्यटन नगरी मनाली में नए साल का जश्न मनाने के लिए हजारों की संख्या में सैलानी पहुंचे हैं. ऐसे में सैलानी दोपहर के समय आसपास के पर्यटन स्थलों का रुख कर रहे हैं. सैलानियों को जैसे ही अटल टनल के साथ लगते इलाके में बर्फबारी की सूचना मिली, तो मनाली से सैकड़ों गाड़ियां लाहौल की ओर रवाना हो गई. लाहौल स्पीति पुलिस द्वारा भी जगह-जगह पर ट्रैफिक कर्मियों के तैनाती की गई है, ताकि भारी ट्रैफिक के बीच सैलानियों को जाम की दिक्कत से न जूझना पड़े.

