ETV Bharat / state

हिमाचल के 6 जिलों में अगले दो दिन तक भारी बारिश के आसार, लोगों को दी गई सतर्क रहने की सलाह

हिमाचल प्रदेश में अगले दो दिनों तक मानसून रफ्तार पकड़ेगा. कई इलाकों में 22 जुलाई तक सक्रिय दिखेगा मानसून.

हिमाचल में बारिश का ऑरेंज अलर्ट
हिमाचल में बारिश का ऑरेंज अलर्ट (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team

Published : July 6, 2026 at 6:28 PM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

शिमला: हिमाचल प्रदेश में अगले दो दिनों के दौरान मानसून एक बार फिर रफ्तार पकड़ने वाला है. मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने प्रदेश के छह जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है. इन जिलों के लिए IMD ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. इसके अलावा प्रदेश के कम ऊंचाई वाले इलाकों में मध्यम स्तर की बारिश होने का पूर्वानुमान है. इसको देखते हुए आईएमडी ने तीन जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है. मध्यवर्ती और कुछ मैदानी इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है. मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और प्रशासन व आईएमडी की ओर से जारी एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है.

मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक शोभित कटियार ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में मानसून की दस्तक के बाद से लगातार बारिश का दौर जारी है. अगले पांच से सात दिनों तक प्रदेश में भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा. प्रदेश के मध्य ऊंचाई वाले और निचले इलाकों के कई क्षेत्रों में भारी बारिश होने की संभावना है. मुख्य रूप से कांगड़ा, मंडी, सोलन, सिरमौर, शिमला और कुल्लू जिलों में अगले दो दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश के आसार हैं. इन छह जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. वहीं, जिला ऊना, बिलासपुर और हमीरपुर में मध्यम स्तर की बारिश की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है. 8 जुलाई के बाद दो दिनों के लिए भारी बारिश से राहत मिलने की संभावना है.

मौसम वैज्ञानिक शोभित कटियार (ETV Bharat)

तापमान में नहीं किसी बदलाव की संभावना

शोभित कटियार ने बताया कि 'प्रदेश में बारिश शुरू होने के बावजूद दिन और रात के तापमान पर कोई खास असर नहीं पड़ा है. फिलहाल तापमान सामान्य बना हुआ है और अगले एक सप्ताह तक इसमें किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है. प्रदेश के मध्यवर्ती जिलों, जिनमें कांगड़ा, कुल्लू, सिरमौर और सोलन शामिल हैं, वहां 22 जुलाई तक मानसून सक्रिय रहने की संभावना है. वहीं, प्रदेश के निचले इलाकों में 16 जुलाई तक मानसून सक्रिय रहने का अनुमान है. मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और समय-समय पर एडवाइजरी जारी कर रहा है.'

एडवाइजरी का पालन करने की अपील

शोभित कटियार ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों से मौसम विज्ञान केंद्र और प्रशासन की ओर से जारी चेतावनियों और एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है. उन्होंने कहा कि जिन जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, वहां भारी बारिश के साथ भूस्खलन का खतरा भी हो सकता है. इसके अलावा सड़कों पर फिसलन बढ़ने और विजिबिलिटी कम होने की संभावना रहती है. ऐसे में लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम विभाग की ओर से समय-समय पर जारी की जा रही एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी गई है.

ये भी पढ़ें: मानसून की दस्तक के साथ ही बढ़ा ब्यास नदी का जलस्तर, रिवर राफ्टिंग पर लगी अस्थाई रोक