दिहाड़ी मजदूर की बेटियों ने किया कमाल, काजल और मंजू शर्मा ने UGC-NET क्वालीफाई कर बढ़ाया सिरमौर का मान
दोनों बहनों ने विषम परिस्थितियों में हार नहीं मानी और अपने लक्ष्य को हासिल किया. इससे पहले SET परीक्षा पास की थी.

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : August 29, 2026 at 4:38 PM IST
सिरमौर: संसाधन सीमित थे, परिस्थितियां आसान नहीं थीं, लेकिन आंखों में बड़ा सपना और उसे पूरा करने का जुनून था. मेहनत और लगन के दम पर हिमाचल प्रदेश के जिला सिरमौर के शिलाई क्षेत्र की दो बहनों ने वो मुकाम हासिल किया है जिसपर पूरा परिवार की नहीं पूरा इलाका गर्व महसूस कर रहा है. सिरमौर जिले के दुर्गम शिलाई क्षेत्र के बूटियाना गांव की सगी बहनों काजल शर्मा और मंजू शर्मा ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित UGC-NET परीक्षा क्वालीफाई कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है.
काजल शर्मा ने हिंदी विषय, जबकि उनकी बड़ी बहन मंजू शर्मा ने इतिहास विषय में UGC-NET परीक्षा उत्तीर्ण की है. अपनी बेटियों की उपलब्धि पर परिवार और गांव शाबाशी दे रहा है. जिले ही नहीं प्रदेशभर में दोनों बहनों की चर्चा हो रही है. दोनों बहनों ने SET के बाद अब NET में भी सफलता की है.
पिता दिहाड़ी मजदूर हैं
काजल और मंजू की कहानी इसलिए भी प्रेरणादायक है, क्योंकि उनके पिता रमेश शर्मा दिहाड़ी मजदूरी का काम करते हैं. परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य है और संसाधन भी सीमित रहे, लेकिन इन परिस्थितियों को दोनों बहनों ने कभी अपनी मंजिल के रास्ते में बाधा नहीं बनने दिया. जहां कई बार आर्थिक परेशानियां विद्यार्थियों के सपनों को सीमित कर देती हैं, वहीं काजल और मंजू ने अपनी मेहनत को सबसे बड़ी ताकत बनाया. उन्होंने कठिन परिस्थितियों के बीच भी अपनी पढ़ाई जारी रखी और लक्ष्य हासिल करने के लिए लगातार मेहनत करती रहीं.
पिता रमेश शर्मा कहते हैं कि 'बेटियों की सफलता पर मुझे गर्व है. काजल और मंजू ने जिस तरह मेहनत कर परीक्षा क्वालीफाई की है वो किसी भी पिता के लिए खुशी और गर्व का पल है. परिवार के आर्थित हालात सामान्य थे लेकिन बेटियों ने कभी मेहनत से समझौता नहीं किया. दोनों ने पढ़ाई को प्राथमिकता दी और अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए दिन-रात एक किया है. बेटियों ने आज मेरे साथ-साथ पूरे परिवार का नाम रोशन किया है. मुझे खुशी है कि अब मुझे मेरी बेटियों की सफलता की बदौलत पहचाना जा रहा है.
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दोनों बहनों ने भी अपनी मेहनत का श्रेय पिता और परिवार के साथ-साथ अपनी सफलता का श्रेय निरंतर मेहनत, लगन और लक्ष्य के प्रति समर्पण को दिया है. उनका मानना है कि यदि व्यक्ति अपने लक्ष्य को लेकर गंभीर रहे और ईमानदारी से लगातार प्रयास करता रहे तो सीमित संसाधनों के बावजूद सफलता हासिल की जा सकती है.
बेटियों की सफलता पर परिवार में खुशी का माहौल
UGC-NET में सफलता की खबर मिलते ही परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई. परिजनों का कहना है कि काजल शर्मा और मंजू शर्मा ने अपनी मेहनत से परिवार का मान बढ़ाया है. उनकी उपलब्धि पर रिश्तेदारों, ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों ने दोनों बहनों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है.
ग्रामीणों का कहना है कि काजल और मंजू की सफलता सिर्फ उनके परिवार तक सीमित नहीं है. दोनों बहनों ने बूटियाना गांव के साथ पूरे शिलाई क्षेत्र और सिरमौर जिले का गौरव बढ़ाया है.
'ये एक रात की मेहनत नहीं'
पिता रमेश शर्मा अपनी बेटियों की मेहनत की तारीफ करते हुए कहते हैं कि ये एक रात की मेहनत का नतीजा नहीं है. काजल और मंजू की यह सफलता अचानक हासिल नहीं हुई, बल्कि इसके पीछे वर्षों की मेहनत, निरंतर पढ़ाई और अपने लक्ष्य के प्रति मजबूत प्रतिबद्धता है. दोनों बहनें हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (HPU) से अपनी पढ़ाई कर रही हैं. नियमित पढ़ाई के साथ उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी जारी रखी और लगातार प्रयास करते हुए UGC-NET जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा में सफलता हासिल की.
दोनों बहनों की उपलब्धि इसलिए भी खास है, क्योंकि वे इससे पहले SET परीक्षा भी क्वालीफाई कर चुकी हैं. काजल शर्मा ने हाल ही में हिंदी विषय में SET परीक्षा उत्तीर्ण की थी. इसके बाद अब उन्होंने UGC-NET क्वालीफाई कर अपनी शैक्षणिक उपलब्धियों में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ दिया है. वहीं, बड़ी बहन मंजू शर्मा ने इतिहास विषय में NET परीक्षा उत्तीर्ण कर अपनी मेहनत और शैक्षणिक क्षमता का परिचय दिया है.
युवाओं के लिए प्रेरणा हैं दोनों बहनों की कहानी
काजल और मंजू शर्मा की कहानी उन विद्यार्थियों के लिए एक मजबूत संदेश है, जो आर्थिक या अन्य परिस्थितियों के कारण अपने सपनों को पूरा करने का सफर बीच में छोड़ देते हैं. दोनों बहनों ने साबित किया है कि सफलता के लिए केवल सुविधाएं ही जरूरी नहीं होतीं, बल्कि स्पष्ट लक्ष्य, मेहनत, अनुशासन और लगातार प्रयास भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं.
एक दिहाड़ी मजदूर की बेटियों का राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित UGC-NET परीक्षा में सफलता हासिल करना निश्चित तौर पर पूरे क्षेत्र के लिए गर्व की बात है. काजल और मंजू की यह उपलब्धि आने वाली पीढ़ी के विद्यार्थियों को भी शिक्षा के प्रति आगे बढ़ने और बड़े सपने देखने की प्रेरणा देगी.
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