गोवा हॉलीडे पर 'चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट', हवाई सफर और थ्री स्टार होटल में ठहरने की सुविधा
सीएम सुक्खू ने शिमला जिले के 52 'चिल्ड्रन ऑफ स्टेट' 10 दिन के शैक्षणिक दौरे पर किया रवाना. बच्चे इन जगहों का करेंगे भ्रमण.

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : January 6, 2026 at 2:15 PM IST
शिमला: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज (मंगलवार, 6 जनवरी) शिमला सचिवालय से 52 बच्चों (चिल्ड्रन ऑफ स्टेट) को सुखाश्रय योजना के तहत 10 दिन के शैक्षणिक और मनोरंजक दौरे पर शिमला से गोवा के लिए रवाना किया. 10 दिनों के दौरान बच्चे चंडीगढ़, दिल्ली, आगरा और गोवा का भ्रमण करेंगे. सीएम ने वॉल्वो बस को हरी झंडी दिखाकर बच्चों को दौरे के लिए रवाना किया और शुभकामनाएं भी दीं.
दिल्ली, आगरा, गोवा टूर पर चिल्ड्रन ऑफ स्टेट
इस दौरान सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि, "जिन बच्चों ने अपने माता-पिता को खो दिया है उन बच्चों को सरकार ने संरक्षण दिया है और सरकार ही अब इन बच्चों के माता पिता है. ऐसे में अपने परिवार की तरह ही इन बच्चों को मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना के तहत दिल्ली, गोवा के भ्रमण पर भेजा गया है. इसी तरह अन्य जिलों से भी डीसी बच्चों को भ्रमण पर भेजेंगे. सरकार ने बच्चों को शिमला से वॉल्वो बस में भेजा है. इसके बाद बच्चे हवाई जहाज में भी सफर करेंगे और थ्री स्टार होटल में रुकने की बच्चों को सुविधा दी गई है."
वहीं, इस दौरान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि, नववर्ष की शुरुआत में ही सरकार ने 980 करुणा मूलक आश्रितों की बड़ी राहत दी है और पहले चरण में 980 करुणा मूलक आश्रितों को रोजगार प्रदान करने के लिए मंजूरी दी है.

2025 में शिमला जिले के 22 चिल्ड्रन ऑफ स्टेट गए थे टूर पर
बता दें कि, पिछले वर्ष यानी साल 2025 में शिमला जिले के 22 'चिल्ड्रन ऑफ स्टेट' को पहली बार हवाई जहाज से गोवा जाने का मौका मिला था. 10 जनवरी 2025 को गोवा में चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट ने नॉर्थ गोवा, कलंगुट और अगुआड़ा किला भ्रमण किया था. इसके अलावा अजुंना बीच और अन्य ऐतिहासिक स्थानों का भी भ्रमण किया.
निराश्रित बच्चों के लिए योजना
- हिमाचल के सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने 2023 में 1जनवरी को रविवार के दिन सुखाश्रय योजना का शुभारंभ किया.
- सुखाश्रय योजना में निराश्रित बच्चों को मासिक जेब खर्च, निशुल्क हायर एजुकेशन, लोन, घर बनाने के लिए मदद, स्टार्ट अप के लिए सहारा.
- प्रदेश के निराश्रित बच्चों को एक्सपोजर विजिट्स पर ले जाया जाता है.
- प्रदेश के करीब छह हजार निराश्रित बच्चे उठा रहे इस योजना का लाभ.
क्या है सुख आश्रय योजना?
हिमाचल प्रदेश की सुखविंदर सिंह सुक्खू सरकार ने अनाथ बच्चों को 'चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट' के रूप में अपनाने का फैसला लिया है. मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के अंतर्गत अनाथ, अर्ध-अनाथ और विशेष रूप से अक्षम, निराश्रित महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों को लाया गया है. सुखाश्रय योजना में निराश्रित बच्चों को मासिक जेब खर्च, निशुल्क हायर एजुकेशन, लोन, घर बनाने के लिए मदद, स्टार्ट अप के लिए सहारा दिया जा रहा है. इन बच्चों को एक्सपोजर विजिट्स पर ले जाया जाता है. हवाई यात्रा का सुख भी इन बच्चों के दिया जा रहा है. लगभग 6 हजार निराश्रित बच्चे इससे लाभ उठा रहे हैं. ऐसे बच्चे हिमाचल में चिल्ड्रन ऑफ स्टेट कहलाते हैं.

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