लोकसभा गतिरोध पर टिप्पणी नहीं, हिमाचल विधानसभा में चर्चा का शानदार रिकॉर्ड: कुलदीप सिंह पठानिया
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि हिमाचल विधानसभा अपनी संसदीय परंपराओं के शानदार ट्रैक रिकॉर्ड के लिए जानी जाती है.

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : August 20, 2026 at 3:49 PM IST
शिमला: संसदीय परंपराओं के गहरे जानकार और कानूनी पहलुओं पर पारखी नजर रखने वाले हिमाचल प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया का कहना है कि पहाड़ी राज्य में सदन के भीतर चर्चा का शानदार रिकॉर्ड है. उन्होंने दावा किया है कि हिमाचल विधानसभा देश की पहली ऐसी विधानसभा कई जा सकती है, जहां सभी सदस्यों खुलकर जनहित पर चर्चा करते हैं और उनको अपनी बात रखने का पर्याप्त समय भी दिया जाता है. विधानसभा के मॉनसून सेशन से पहले ईटीवी भारत से खास बातचीत में कुलदीप सिंह पठानिया ने विभिन्न पहलुओं पर अपनी राय रखी.
सदन के अंदर रहे सौहार्दपूर्ण वातावरण
विधानसभा सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तालमेल बिठाने को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि मेरी हर बार कोशिश रहती है कि सदन के अंदर सुहाग पूर्ण वातावरण रहे. सभी विषय चर्चा में आएं. चाहे वह प्रतिपक्ष से आएं या फिर पक्ष से हो. सदस्य द्वारा जो भी विषय ले जाते हैं उनको विधानसभा लिस्ट करती है. उन्होंने कहा कि चौदहवीं विधानसभा का मानसून सत्र 21 अगस्त से 3 सितंबर तक चलेगा. जिसमें 10 सिटिंग हैं, जो बहुत बड़ा समय है. इसमें हर विषय चर्चा में आ सकते हैं. उन्होंने कहा कि अभी तारांकित और अतारांकित प्रश्नों की 1036 सूचनाएं प्राप्त हो चुकी हैं. बाकी विभिन्न नियमों के तहत जिसमें नियम 62 के अंतर्गत हमें 13 सूचनाओं प्राप्त हो गई हैं. इसी तरह से नियम 63 के तहत 2 नियम 101 के तहत 5 और नियम 130 के अंतर्गत हमें 13 सूचनाएं मिली हैं. उन्होंने कहा कि अभी जब सत्र शुरू होगा तब भी हमारे विधानसभा के नियम इजाजत देते हैं कि कई और विषय जो नियमों की परिधि में हैं सदन में ले जा सकते हैं. मेरी यह कोशिश रहेगी कि जो भी विषय प्रदेश हित का हो वह लिस्टेड भी होगा और उस पर चर्चा भी होगी. इसके लिए सभी सदस्यों के सहयोग को भी मैं प्राप्त करने की कोशिश करूंगा.
सभी को मिलता पूरा समय
सदन में महत्वपूर्ण सवालों के जवाब न मिलने के पूछे गए प्रश्न पर विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि यह हमारा 12वां सत्र है. इसमें जो पिछला बजट सेशन हुआ उसके जो कुछ लिस्टेड प्रश्न है, जिसकी सूचनाएं प्राप्त नहीं हो सकी. वह पोस्टपोन प्रश्न के रूप में अभी लगेंगे. ऐसा नहीं है सूचनाएं मिल जाती हैं. उन्होंने कहा कि सरकार सूचना देती भी है. जहां तक हिमाचल विधानसभा का ताल्लुक है, यहां सभी सदस्यों को पर्याप्त समय मिलता है. यह देश की ऐसी पहली विधानसभा है. जिसमें सभी सदस्य अपने विषय को उठाकर समाधान खोजते हैं और प्रयास भी करते हैं. उनके विषय का समाधान होता भी है.
विधानसभा में आएं प्रदेश हित के सभी विषय
विधानसभा ने बेहतर कार्य किया है आगे की क्या कार्य योजना है, इसको लेकर पूछे गए प्रश्न के जवाब में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि विधानसभा की कार्यवाही प्रदेश और जनता के हित में हो. इसके लिए हमने लगातार प्रयास किए हैं. उन्होंने कहा कि सरकार के कार्यकाल का यह चौथा वर्ष है. हमारी कोशिश रहती है कि विधानसभा के अंदर प्रदेश हित के सभी विषय आएं.

पेपर लीक को लेकर नहीं उठे सवाल
पेपर लीक मामले पर पूछे गए सवाल के जवाब में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में तो इस प्रकार की कोई घटना हुई नहीं. पूर्व सरकार के समय में ऐसी घटनाएं घटित हुई हैं. इसलिए हमीरपुर सबोर्डिनेट सिलेक्शन बोर्ड को बंद किया गया. अब दोबारा से राज्य चयन आयोग बना है. अब टोटल अपॉइंटमेंट और सिलेक्शन सरकार ने पारदर्शी तरीके से की हैं. राज्य चयन आयोग के माध्यम से जितनी भी सिलेक्शन हुई हैं. कहीं पर भी किसी के ऊपर प्रश्न चिन्ह खड़ा नहीं हुआ. इसी प्रकार से हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के द्वारा जो नियुक्तियां हुई हैं, किसी पर अभी तक प्रश्न नहीं उठा.
NEWA पर देखी जा सकती है सदन की कार्यवाही
हिमाचल में ई विधान प्रणाली को लेकर पूछे गए सवाल के उत्तर में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि हमने सबसे पहले 2014 में ई विधानसभा के रूप में हिमाचल में शुरुआत की थी. देश भर की विधानसभा ई मॉड्यूल पर आ गई हैं. उन्होंने कहा कि अब तो NEVA आ गया है. अब सभी ई मॉड्यूल विधानसभाओं की कार्यवाही NEVA पर देखी जा सकती है.
मिलेगा सभी सदस्यों का सहयोग
लोकसभा सदन में चले गतिरोध को लेकर पूछे गए प्रश्न के उत्तर में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि हमारे विधानसभा में अभी तक ऐसा नहीं हुआ. मुझे पूरी उम्मीद है कि सभी सदस्यों का मुझे सहयोग प्राप्त होगा. सभी अपने विषयों को लेकर चिंतित है. उन पर चर्चा भी होगी और उनका जवाब भी मिलेगा. उन्होंने कहा कि लोकसभा में क्या हुआ उसकी टिप्पणी मैं नहीं कर सकता.
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