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बारां पुलिस का बड़ा एक्शन: छबड़ा विधायक का गनमैन रहा हेड कांस्टेबल शंकर विश्नोई सेवा से बर्खास्त

बारां पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करी में संलिप्त हेड कांस्टेबल शंकर विश्नोई को सेवा से बर्खास्त कर दिया.

बारां पुलिस ऑफिस
पुलिस अधीक्षक कार्यालय, बारां (ETV Bharat Baran)
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By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : May 29, 2026 at 8:13 PM IST

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बारां: राजस्थान पुलिस विभाग ने मादक पदार्थ तस्करी के गंभीर मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए हेड कांस्टेबल शंकर विश्नोई को तत्काल प्रभाव से राज्य सेवा से बर्खास्त कर दिया है. यह कार्रवाई बारां जिले के पुलिस अधीक्षक अभिषेक अंदासु के निर्देश पर की गई. करीब 8 महीने पहले सदर थाना पुलिस ने 97 किलो 110 ग्राम अवैध अफीम डोडा चूरा जब्त किया था.

इस मामले की जांच के दौरान हेड कांस्टेबल शंकरराम की संलिप्तता सामने आई. जांच में पता चला कि वह अफीम डोडा चूरा अपने संपर्क वाले तस्करों के माध्यम से नागौर भिजवाता था. पुलिस अधीक्षक अभिषेक अंदासु ने स्पष्ट किया कि पुलिस विभाग में किसी भी स्तर पर अनुशासनहीनता और आपराधिक गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. ऐसे कर्मचारी को सेवा में रखने से अन्य कर्मचारियों पर बुरा प्रभाव पड़ता है.

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फरार चल रहा था कांस्टेबल: पुलिस पूछताछ और तकनीकी विश्लेषण से उसकी संलिप्तता पुष्टि हो गई. शंकरराम लंबे समय तक छबड़ा विधायक के गनमैन के रूप में तैनात रहा था. आरोप है कि उसने अपने पद और रसूख का दुरुपयोग कर अंतरराज्यीय तस्करों के साथ सांठगाठ की. मामले में वांछित होने के बाद वह फरार हो गया. ड्यूटी पर उपस्थित होने के लिए जारी नोटिस की अनदेखी करने और अदालत से धारा-37 पुलिस एक्ट के गिरफ्तारी वारंट जारी होने के बावजूद वह फरार ही रहा.

पुलिस विभाग ने जांच में पाया कि आरोपी ने न केवल मादक पदार्थ तस्करी में सक्रिय भूमिका निभाई, बल्कि राजस्थान सेवा नियम 1951 के नियम 86 का उल्लंघन कर लगातार फरार रहा. राजस्थान असैनिक सेवाएं (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं पुनरावेदन) नियम 1958 के नियम 19 (ii) के तहत हेड कांस्टेबल शंकरराम (574, पुलिस लाइन बारां) को बर्खास्त कर दिया गया है. इस कार्रवाई के बाद पूरे जिले के पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है और विभागीय स्तर पर अन्य संदिग्ध मामलों की जांच भी तेज कर दी गई है.

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