ETV Bharat / state

हरियाणा में इस दिन से बदलेगा मौसम का मिजाज, पश्चिमी विक्षोभ दिखाएगा असर, होगी जमकर बारिश

हरियाणा में तापमान 26 डिग्री पार चला गया है. वहीं, मौसम विभाग ने तीन दिन बाद बारिश के आसार जताए हैं.

HARYANA WEATHER UPDATE
हरियाणा में इस दिन से बदलेगा मौसम का मिजाज (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Haryana Team

Published : February 14, 2026 at 11:29 AM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

चंडीगढ़: हरियाणा में फरवरी के दूसरे सप्ताह में मौसम का मिजाज बदलता नजर आ रहा है. दिन के तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है. हालांकि पिछले दो दिनों से अधिकतम तापमान में हल्का ठहराव रहा है, लेकिन पारा 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है. मौसम विभाग के अनुसार औसत अधिकतम तापमान में बीते दिन के मुकाबले 0.5 डिग्री की बढ़ोतरी हुई है, जो सामान्य से करीब 1.9 डिग्री ज्यादा है. दोपहर के समय हल्की गर्माहट महसूस की जा रही है.

पश्चिमी विक्षोभ दिखाएगा असर: मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले तीन दिनों बाद पश्चिमी विक्षोभ का असर देखने को मिल सकता है. 17 फरवरी को राज्य के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां संभव हैं. हालांकि व्यापक वर्षा की संभावना नहीं जताई गई है. बाकी दिनों में मौसम साफ और शुष्क बना रहेगा. विशेषज्ञों के मुताबिक तापमान में 2 से 3 डिग्री तक क्रमिक बढ़ोतरी हो सकती है.

इन जिलों में 25 डिग्री से ऊपर पारा: राज्य के कई जिलों में अधिकतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया है. हिसार में 25.9°C, महेंद्रगढ़-नारनौल में 25.5°C, भिवानी में 26.6°C, फरीदाबाद में 26.8°C, नूंह में 26.6°C, रोहतक में 25.6°C और सोनीपत में 25.4°C तापमान रिकॉर्ड किया गया. सबसे अधिक तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस फरीदाबाद में दर्ज हुआ. अन्य जिलों में भी पारा 24 से 25 डिग्री के बीच बना रहा.

रबी फसलों पर पड़ सकता है असर: शुष्क और हल्के गर्म मौसम का असर रबी फसलों पर पड़ सकता है. खासकर गेहूं, सरसों और सब्जियों की फसलों में नमी प्रबंधन जरूरी हो गया है. कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि तापमान में बढ़ोतरी से फसलों की बढ़वार पर असर पड़ सकता है, इसलिए खेतों की नियमित निगरानी जरूरी है.

किसानों को सलाह: मौसम विभाग ने किसानों को हल्की सिंचाई करने की सलाह दी है. अधिक पानी देने से बचने को कहा गया है ताकि फसलों की जड़ों में सड़न न हो. सब्जियों और फलदार पौधों में नमी का संतुलन बनाए रखना जरूरी बताया गया है. वहीं पशुपालकों को सलाह दी गई है कि पशुओं को रात में खुले में न बांधें और उन्हें सूखा व गर्म बिछावन दें, ताकि दुग्ध उत्पादन और पशुओं के स्वास्थ्य पर असर न पड़े. मौसम विभाग की मानें तो फिलहाल ठंड का असर कम होता जा रहा है और आने वाले दिनों में दिन का तापमान और बढ़ सकता है.

ये भी पढ़ें:हरियाणा में बदला मौसम का मिजाज: 11 शहरों में न्यूनतम तापमान 10°C से ऊपर, 17 फरवरी को बारिश के आसार