ETV Bharat / state

शराब घोटाले पर बोले हरियाणा AAP अध्यक्ष, 'ये पूरा षड्यंत्र अमित शाह और नरेंद्र मोदी ने रचा था, उन्हें माफी मांगनी चाहिए'

हरियाणा आप अध्यक्ष ने केजरीवाल के शराब घोटाले में आरोप मुक्त होने पर केंद्र सरकार पर साधा बड़ा निशाना.

APP LEADER ON ARVIND KEJRIWA
शराब घोटाले में अरविंद केजरीवाल की रिहाई पर आप का बयान (Etv Bharat)
author img

By ETV Bharat Haryana Team

Published : February 28, 2026 at 6:59 PM IST

6 Min Read
Choose ETV Bharat

चंडीगढ़ः हरियाणा आप अध्यक्ष सुशील गुप्ता ने दिल्ली के तथाकथित शराब घोटाला के मामले में केजरीवाल के दोष मुक्त होने के बाद शनिवार को चंडीगढ़ में मीडिया से बात की. उन्होंने कहा कि "यह आम आदमी पार्टी को खत्म करने के लिए आजाद भारत का सबसे बड़ा राजनीतिक षड्यंत्र था. केजरीवाल ने जीवन में केवल ईमानदारी कमाई है और कोर्ट ने भी कह दिया कि केजरीवाल कट्टर ईमानदार है."

'दिल्ली की सत्ता पाने के लिए राजनीतिक षड्यंत्र रचा था': उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि "दिल्ली की सत्ता पाने के लिए पीएम मोदी और अमित शाह ने राजनीतिक षड्यंत्र रचा था. उन्हें देश से माफी मांगनी चाहिए." उन्होंने कहा कि "कोर्ट ने मामले को केस चलाने योग्य भी नहीं माना. मोदी जी को पता है कि जनता केजरीवाल को कट्टर ईमानदार मानती है. इसलिए उन्होंने केजरीवाल जी की ईमानदारी पर चोट की."

‘शराब घोटाला’ का भारतीय राजनीति में खूब किया गया है इस्तेमालःसुशील गुप्ता ने कहा कि "भाजपा ने पिछले चार साल से ‘शराब घोटाला’ शब्द का भारतीय राजनीति में खूब इस्तेमाल किया है. सभी जान रहे हैं कि किस तरह से पिछले चार साल से ईडी, सीबीआई और सारी संस्थाओं का इस्तेमाल करके हमारे ऊपर शराब घोटाले नाम का एक आरोप लगाया गया. सीबीआई और ईडी ने उसमें चार्जशीट फाइल की. आज कोर्ट को प्रथम दृष्टया यह निर्णय लेना था कि क्या सबूत और गवाहों के बयानों के आधार पर इतनी पर्याप्त सामग्री है कि इसमें मुकदमा चलाया जाए. अभी मुकदमा चला नहीं था."

हरियाणा आप अध्यक्ष सुशील गुप्ता (Etv Bharat)

15-20 साल चलता मुकदमाः कोर्ट ने लगभग 600 पन्नों के आदेश में सारे सबूतों और सारे गवाहों को मद्देनजर रखते हुए यह कहा है कि "केस में इतना भी सबूत और गवाहों के बयान नहीं हैं कि इसमें मुकदमा तक चलाया जा सके. अगर मुकदमा चलाया जाता, 15-20 साल मुकदमा चलता, उसमें बहुत सारे गवाह बुलाए जाते, सबूत रखे जाते, उसके बाद जो होता, वह तो अलग बात है. कोर्ट का यह कहना है कि यह इतना फर्जी, बेकार और गलत केस है कि इसमें मुकदमा भी नहीं चलाया जा सकता."

'आजाद भारत का सबसे घिनौना षड्यंत्र रचा': उन्होंने कहा कि "यह पूरा षड्यंत्र प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने मिलकर रचा. आज उन दोनों को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए. उन दोनों ने मिलकर षड्यंत्र रचा कि आम आदमी पार्टी को खत्म किया जाए, आम आदमी पार्टी को बर्बाद किया जाए. उस षड्यंत्र के तहत उन लोगों ने आजाद भारत का सबसे बड़ा और सबसे घिनौना षड्यंत्र रचा. वे जान रहे थे कि भाजपा दिल्ली में आम आदमी पार्टी को नहीं हरा सकती थी."

'जिंदगी में एक नया पैसा नहीं कमाया है': उन्होंने कहा कि "केजरीवाल ने जिंदगी में केवल ईमानदारी और इज्जत कमाई है." उन्होंने अपनी जिंदगी में एक नया पैसा नहीं कमाया है. वो इन लोगों की तरह नहीं हैं और ये लोग उनकी ईमानदारी के ऊपर चोट करना चाहते थे. उसके लिए इन्होंने षड्यंत्र रचा था. आज कोर्ट के आर्डर के बाद यह देश के सामने साबित हो गया है कि अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, सहित पूरी आम आदमी पार्टी कट्टर ईमानदार है."

'अच्छे काम उनसे नहीं होता है': केजरीवाल जी ने दिल्ली में 500 स्कूल बनवाए, मोदी 5000 स्कूल बनवाएं. केजरीवाल ने दिल्ली की सड़कें अच्छी कीं, मोदी पूरे देश की सड़कें ठीक कर दें. फिर देखिए केजरीवाल को कोई पूछेगा ही नहीं. केजरीवाल जी ने सैकड़ों मोहल्ला क्लीनिक बनाए, मोदी 20 हजार मोहल्ला क्लीनिक बनाकर दिखाएं. मोदी तो देश के प्रधानमंत्री हैं, उन्हें अच्छे काम करने चाहिए. लेकिन वह उनसे नहीं होता है.

'हिम्मत है, तो दिल्ली में दोबारा चुनाव करा के दिखा दें': उन्होंने कहा कि "मोदी में हिम्मत है, तो वे दिल्ली में दोबारा चुनाव करा के दिखा दें. अगर भाजपा की 10 से ज्यादा सीटें आ जाएं, तो हम राजनीति छोड़ देंगे. दिल्ली की जनता भाजपा के लोगों से त्रस्त हो चुकी है." प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हम कहना चाहते हैं कि "अगर उन्हें सत्ता हासिल करनी है, तो कुछ सकारात्मक काम करके सत्ता हासिल करें. आज देश के सामने बहुत बड़ी-बड़ी समस्याएं हैं. आज देश का युवा, व्यापारी और उद्योगपति दुखी है. आज अमेरिका भारत को आंखें दिखा रहा है, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हिम्मत नहीं है कि वे डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ एक शब्द भी बोल सकें."

'न्याय प्रणाली का ऐतिहासिक फैसला है': उन्होंने कहा कि "न्यायालय और न्याय प्रणाली का यह बहुत ऐतिहासिक फैसला है. इसके लिए हम न्यायपालिका और जज साहब का धन्यवाद करते हैं. अदालत का 598 पन्नों का फैसला इस मामले को मुकदमे के लायक भी नहीं मानता है. यह आम आदमी पार्टी के उस लगातार स्टैंड को सही साबित करता है कि यह मामला पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को जेल भेजने की एक गहरी साजिश थी."

'भाजपा के साथ-साथ कांग्रेस भी बेनकाब हो गई है': उन्होंने कहा कि "कोर्ट के फैसले ने पहले से ही दागदार केंद्रीय एजेंसियों की साख को और भारी ठेस पहुंचाई है. ये एजेंसियां अपने राजनीतिक आकाओं की सेवा करने के लिए अपनी पेशेवर ईमानदारी से पूरी तरह समझौता कर चुकी हैं. अदालत के फैसले से मोदी की भाजपा के साथ-साथ कांग्रेस भी पूरी तरह बेनकाब हो गई है. यह कांग्रेस ही थी जिसने काल्पनिक आरोपों के साथ इस मनगढ़ंत मामले की शुरुआत की थी. आम आदमी पार्टी को राजनीतिक रूप से खत्म करने की गुप्त सहमति के तहत इसे भाजपा को सौंप दिया गया था.

'कांग्रेस और बीजेपी दोनों मिले हुए हैं': उन्होंने कहा कि "देश में राहुल और सोनिया गांधी पर भी बड़े भ्रष्टाचार के मामले दर्ज हैं लेकिन उन्हें जेल में नहीं भेजा गया. कांग्रेस और बीजेपी दोनों मिले हुए है. अरविंद केजरीवाल ने राजनीतिक जीवन में पैसा नहीं ईमानदारी कमाई है." सुशील गुप्ता ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन के उस बयान पर भी प्रतिक्रिया दी जिसमें उन्होंने केजरीवाल के रोने को लेकर सलाह दी है. सुशील गुप्ता ने कहा कि "रोने धोने का काम राहुल गांधी का है. अरविंद केजरीवाल इसलिए रोए थे, क्योंकि उनके खिलाफ गलत मामला दर्ज किया गया था."

ये भी पढ़ें-"आम आदमी पार्टी के नेताओं का कॉल रिकॉर्ड करवाते थे केजरीवाल", आप के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष नवीन का खुलासा