गुना में 2 अतिथि शिक्षक बर्खास्त, छात्राओं को पानी में यूरिन मिलाकर पिलाने के मामले में एक्शन
गुना में छात्राओं को पानी की बोतल में यूरिन पिलाने की घटना में दो अतिथि शिक्षकों पर गिरी गाज, टीचरों की सेवाएं समाप्त. शिव जोगी की रिपोर्ट.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : August 23, 2026 at 1:07 PM IST
|Updated : August 23, 2026 at 1:17 PM IST
गुना: मध्य प्रदेश के गुना जिले की आरोन तहसील के घटावदा गांव के शासकीय स्कूल में कक्षा 5 की छात्राओं को पानी की बोतल में यूरिन पिलाने के मामले में जिला शिक्षा अधिकारी ने दो अतिथि शिक्षकों की सेवाओं को समाप्त करने का आदेश दिया है. घटना के बाद से ही पूरे गांव में तनाव का माहौल निर्मित हो गया था. परिजन स्कूल पहुंचकर स्कूल के गेट में तालाबंदी कर निरंतर कार्रवाई की मांग कर रहे थे. घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल द्वारा जांच दल घटित कर घटना से जुड़ी समस्त जानकारी एकत्रित कर दो दिन में रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया था, जिसमें परिजनों सहित बच्चों के भी कथन भी लिए गए.
दो अतिथि शिक्षकों की सेवाएं समाप्त
जांच प्रतिवेदन के अनुसार यूरिन पिलाने की घटना सत्य पाई गई तथा छात्राओं के कथन अनुसार घटना का समय सुबह 11 से दोपहर 2 बजे के मध्य का पाया गया. इस अवधि में कक्षा सातवीं में अध्यापन हेतु दो अतिथि शिक्षकों के पीरियड निर्धारित थे. लेकिन ये अतिथि शिक्षक राम किशोर शर्मा और रणवीर सिंह धाकड़ इस दौरान कक्षा में उपस्थित नहीं थे, जिससे ये घटना हुई. इन्हें प्रथम दृट्या पूरे घटनाक्रम में दोषी पाया गया जिससे इनकी तत्काल सेवाएं समाप्त करने के आदेश जिला शिक्षा अधिकारी ने जारी किये हैं.

क्या था पूरा मामला?
छात्राओं को लेकर यह इतना बड़ा मामला था जिसको लेकर गुना की राजनीति में भी दो पूर्व मंत्री आमने-सामने आ गए थे. दरअसल, मामला अरोन विकास खंड के शासकीय स्कूल का है जहां कक्षा 5 की दो छात्राओं को स्कूल के कुछ छात्रों ने पानी की बोतल में यूरिन भरकर पिला दिया था. इस बात की शिकायत लेकर छात्राएं जब स्कूल के प्राचार्य के पास पहुंचीं तो उन्होंने ऐसा अनोखा जवाब दिया जिसे सुनकर आप सहम जाएंगे.
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प्राचार्य ने कहा टेस्ट बेकार है तो ₹10 की टॉफी लाकर खा लीजिए. प्रचार के दिए बयान से मामले ने और तूल पकड़ लिया जिससे हंगामा की स्थिति उत्पन्न हो गई. जब छात्राओं ने सारी घटना की जानकारी अपने परिजनों को दी तो घटना को सुनते ही परिजन आग बबूला हो गए और एकत्रित होकर स्कूल पहुंच गए और स्कूल को बंद करने की मांग करने लगे और गेट बंद कर दिया. पूरी घटना के बाद जिला शिक्षा अधिकारी समर सिंह राठौड़ द्वारा हर बिंदुओं पर जांच कर दोषियों के ऊपर कार्रवाई की गई एवं आदेश जारी किया गया.

