कूड़ा फैलाया तो 10 हजार का जुर्माने के साथ खुद करनी होगी सफाई, 170 सफाई नायक करेंगे मॉनिटरिंग
गाजियाबाद नगर निगम के 170 सफाई नायकों को दी 100 वार्डों के मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी. क्या है पूरा मामला, पढ़ें..

Published : July 5, 2026 at 8:10 PM IST
नई दिल्ली/गाजियाबाद: औद्योगिक नगरी गाजियाबाद को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा फैलाने वालों के खिलाफ नगर निगम ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है. अब अगर किसी व्यक्ति ने अपने घर के बाहर, विवाह समारोह, धार्मिक आयोजन, जन्मदिन पार्टी या अन्य किसी कार्यक्रम के बाद सड़क या सार्वजनिक स्थान पर कूड़ा फैलाया तो संबंधित आयोजनकर्ता पर दस हजार का जुर्माना लगाया जाएगा. इसके साथ ही उस स्थान की सफाई करने की जिम्मेदारी भी उस व्यक्ति की होगी.
हाल ही में राजनगर क्षेत्र में एक ऐसा मामला सामने आया, जहां व्यक्ति ने अपने निवास स्थान पर कार्यक्रम आयोजित किया. आयोजन समाप्त होने के बाद अगले दिन सुबह सड़क पर बड़ी मात्रा में डिस्पोजेबल प्लेट, गिलास, खाने का सामान और अन्य कचरा बिखरा पड़ा मिला. इससे आसपास के लोगों को काफी परेशानी हुई और क्षेत्र की स्वच्छता भी प्रभावित हुई. मामले की जानकारी मिलने पर नगर निगम की स्वच्छता टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का निरीक्षण किया.
आयोजनकर्ता पर लगाया 10 हजार का जुर्माना: नगर निगम के अधिकारियों ने आयोजनकर्ता को बुलाकर बताया कि सार्वजनिक स्थान पर कूड़ा फैलाना नगर निगम के नियमों का उल्लंघन है. अधिकारियों ने उनसे तत्काल सड़क पर फैले कचरे की सफाई करने के निर्देश दिए साथ ही स्पष्ट किया कि भविष्य में अगर इस प्रकार की लापरवाही की गई तो और अधिक कड़ी कार्रवाई की जाएगी. आयोजनकर्ता पर दस हजार का जुर्माना भी लगाया गया और उन्हें स्वयं सफाई की व्यवस्था करनी पड़ी.
निगम ने लोगों से कि अपील: नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि शहर की स्वच्छता बनाए रखना केवल नगर निगम की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें नागरिकों की भागीदारी भी उतनी ही आवश्यक है. अगर प्रत्येक व्यक्ति अपने कार्यक्रम के बाद कचरा का उचित प्रबंध करें तो शहर को स्वच्छ रखने का लक्ष्य आसानी से हासिल किया जा सकता है. लोगों से अपील की गई है कि वह सार्वजनिक स्थानों को गंदा ना करें और स्वच्छता नियमों का पालन करें.
सार्वजनिक स्थल के उपयोग के लिए अनुमति जरूरी: अधिकारियों के मुताबिक, अगर किसी आयोजन के दौरान सड़क या सार्वजनिक स्थल का उपयोग किया जाना है, तो पहले से नगर निगम से अनुमति लेना आवश्यक है. अनुमति मिलने के बाद नगर निगम आवश्यकता के अनुसार कूड़ा कलेक्शन वाहन, सफाई कर्मचारी और अन्य व्यवस्थाएं उपलब्ध करा सकता है. इसके लिए निर्धारित यूजर कलेक्शन शुल्क भी लिया जाएगा, जिससे आयोजन के दौरान और उसके बाद सफाई व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित की जा सके.
170 सफाई नायक को निगरानी की जिम्मेदारी: नगर आयुक्त विक्रम आदित्य मलिक ने शहर के सभी स्वच्छता अधिकारियों और सफाई नायकों को निर्देश दिए हैं कि सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए. गाजियाबाद के 100 वार्डों में कार्यरत लगभग 170 सफाई नायक को कई तरह जिम्मेदारी सौंपी गई है, ताकि वह अपने क्षेत्र में लगातार निगरानी रखें यदि कोई व्यक्ति घर के बाहर सड़क किनारे या सार्वजनिक स्थान पर कचरा फैलता हुआ पाया जाता है तो उसके खिलाफ जुर्माना लगाने के साथ-साथ उसी से संबंधित स्थान की सफाई भी कराई जाए.
स्वच्छता अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील: नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया, स्वच्छ शहर का निर्माण केवल प्रशासनिक प्रयासों से संभव नहीं है. इसके लिए प्रत्येक नागरिक का सहयोग आवश्यक है. लोगों से अपील की गई कि वह अपने घरों और दुकानों से निकलने वाले कचरे का सही तरीके से निस्तारण करें और नगर निगम के स्वच्छता अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं. इससे न केवल शहर को साफ सुथरा रखने में मदद मिलेगी बल्कि बीमारियों की रोकथाम और बेहतर नागरिक सुविधाओं को भी बढ़ावा मिलेगा.
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