फरीदाबाद में सड़क की बदहाली के खिलाफ धरने पर बैठे Gen Z, मांगें पूरी नहीं होने पर अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी
Gen Z सिर्फ स्कूल ही नहीं सड़क के लिए भी आंदोलन पर उतर रहे हैं.

Published : August 23, 2026 at 5:56 PM IST
फरीदाबाद: पल्ला से बसंतपुर तक करीब 3 किलोमीटर लंबी सड़क की बदहाली को लेकर स्थानीय लोगों का गुस्सा अब धरने में बदल गया है. सड़क निर्माण की मांग को लेकर स्थानीय युवाओं और कॉलोनीवासियों ने आज से धरना शुरू कर दिया है. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि पिछले कई वर्षों से वे सड़क निर्माण की मांग को लेकर अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और सरकार से गुहार लगा रहे हैं, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ.
विधायक, मंत्री और सांसद सड़क पर नहीं दे रहे हैं ध्यानः धरने पर बैठे कंचन मिश्रा ने बताया कि "सड़क की समस्या को लेकर स्थानीय लोग लंबे समय से आवाज उठा रहे हैं. उनका कहना है कि "विधायक, मंत्री और सांसद समेत तमाम जनप्रतिनिधियों के सामने यह मुद्दा उठाया जा चुका है, लेकिन अब तक सड़क का निर्माण नहीं कराया गया. प्रदर्शनकारियों के मुताबिक इस सड़क से रोजाना बड़ी संख्या में लोग गुजरते हैं और मौजूदा स्थिति में लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है."
2 अक्टूबर तक सड़क निर्माण शुरू नहीं होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनीः कंचन मिश्रा ने कहा कि "उनकी मांग सिर्फ सड़क की मरम्मत नहीं, बल्कि पल्ला से बसंतपुर तक चार लेन की सड़क का निर्माण कराने की है." उन्होंने सरकार को 2 अक्टूबर तक का समय दिया है. उनका कहना है कि अगर 2 अक्टूबर तक सड़क निर्माण का काम शुरू नहीं हुआ तो इसके बाद स्थानीय लोग अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेंगे."
क्या है युवाओं की रायः वहीं स्थानीय युवा भीम ने बताया कि "वह कई बार सड़क की समस्या को लेकर प्रदर्शन कर चुका है. कभी आंखों पर पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया तो कभी लोगों से सहयोग लेकर सड़क के गड्ढे भरवाने की कोशिश की, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन की ओर से स्थायी समाधान नहीं किया गया. इलाके के विकास के लिए करोड़ों रुपये का फंड आने के बावजूद सड़क की स्थिति जस की तस बनी हुई है."
मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्षः इसके अलावा रोहतास ने कहा कि "स्थानीय लोग पिछले कई वर्षों से मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन जनप्रतिनिधियों का इस ओर पर्याप्त ध्यान नहीं है." उन्होंने कहा कि "जिन इलाकों में नेता और मंत्री रहते हैं, वहां सड़कें बेहतर दिखाई देती हैं, जबकि आम लोगों को खराब सड़कों की वजह से परेशान होना पड़ रहा है. रोहतास ने उम्मीद जताई कि 2 अक्टूबर से पहले सड़क निर्माण का काम शुरू होगा और सड़क चार लेन की बनाई जाएगी."
सड़क बनने से पहले नाली/पाइपलाइन का काम होः स्थानीय युवा सुनील दत्त शर्मा ने बताया कि "करीब 30-35 वर्षों से इस इलाके की मुख्य मांग सड़क निर्माण की रही है. इस मार्ग से रोजाना लाखों लोगों का आवागमन होता है, इसलिए यहां बेहतर सड़क बेहद जरूरी है." उन्होंने कहा कि "कुछ हिस्सों में सड़क बनाई भी गई, लेकिन बारिश के दौरान जलभराव की समस्या पैदा हो जाती है." उनका आरोप है कि "सड़क बनने के बाद नाली या पाइपलाइन के काम के लिए उसे दोबारा खोद दिया जाता है और बाद में सड़क को सही तरीके से दुरुस्त नहीं किया जाता है."
मूलभूत सुविधाओं के लिए आगे आयेंः सुनील दत्त शर्मा ने लोगों से भी अपील की कि "वे अपनी मूलभूत सुविधाओं और अधिकारों की मांग को लेकर आगे आएं और इस आंदोलन में सहयोग करें."
14 वर्षों से बदहाल है सड़कः इस धरने में स्कूली छात्र भी अपनी परेशानी को लेकर शामिल हुए. 11वीं कक्षा के छात्र आदित्य भाटी ने बताया कि "वह करीब 14 वर्षों से इस इलाके में रह रहे हैं और इतने वर्षों में सड़क की स्थिति में कोई बड़ा बदलाव नहीं आया." उनका कहना है कि "बारिश के दिनों में सड़क पर पानी और कीचड़ की वजह से स्कूल जाने वाले बच्चों के कपड़े खराब हो जाते हैं और उन्हें काफी परेशानी होती है."
फोर लेन की सड़क मांगः वहीं आदित्य ने कहा कि "सड़क बनने के बाद कई बार नाली और पाइपलाइन के काम के नाम पर उसे दोबारा तोड़ दिया जाता है, लेकिन बाद में सड़क की मरम्मत नहीं की जाती. इसी वजह से समस्या लगातार बनी हुई है." छात्र ने कहा कि "अगर चार लेन की सड़क नहीं बनाई गई तो स्थानीय युवा और लोग आगे भी बड़े स्तर पर आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे."
राजनीतिक समर्थन से दूर, स्थानीय लोगों का आंदोलनः इस धरने की खास बात यह है कि इसमें किसी राजनीतिक पार्टी का समर्थन या प्रत्यक्ष भागीदारी नहीं है. स्थानीय युवाओं और कॉलोनीवासियों ने खुद आगे आकर सड़क की समस्या को लेकर आंदोलन शुरू किया है. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि "उनका उद्देश्य किसी राजनीतिक दल का विरोध या समर्थन करना नहीं, बल्कि इलाके की मूलभूत समस्या का स्थायी समाधान कराना है."
पल्ला से बसंतपुर जल्द सड़क निर्माण होः स्थानीय लोगों की मांग है कि "पल्ला से बसंतपुर तक चार लेन की सड़क का निर्माण जल्द शुरू किया जाए ताकि लंबे समय से खराब सड़क से परेशान लोगों को राहत मिल सके। अब देखना होगा कि स्थानीय लोगों के इस धरने और 2 अक्टूबर तक दिए गए अल्टीमेटम के बाद प्रशासन और सरकार की ओर से क्या कदम उठाया जाता है.

