यूपी में किसानों के ट्रैक्टर चोरी करने वाले गैंग का पर्दाफाश, Blinkit कंपनी के दो कर्मचारी समेत 4 गिरफ्तार
एएसपी ऑपरेशन मनीष मिश्रा किसानों के ट्रैक्टर-ट्राली चोरी करने वाले रिषु तिवारी, रविशंकर तिवारी, आशीष कुमार तिवारी और आदित्य पाण्डेय को गिरफ्तार किया गया.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : February 24, 2026 at 7:02 PM IST
मिर्जापुर: मिर्जापुर पुलिस ने चार अंतरराज्यीय शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार, इनमें से दो Blinkit कंपनी के कर्मचारी है. यह किसानों के ट्रैक्टर ट्राली चोरी किया करते थे. बिहार और उत्तर प्रदेश से ट्रैक्टर ट्राली चोरी करते थे. इनके पास से पुलिस ने 4 ट्रैक्टर, 3 ट्राली और एक मोटरसाइकिल बरामद की है. गिरफ्तार किये गए चोर बीए और बीकॉम पास हैं.
ट्रैक्टर-ट्रॉली के साथ चार चोर गिरफ्तार: अपर पुलिस अधीक्षक ऑपरेशन मनीष कुमार मिश्रा ने प्रेस कांफ्रेंस के दौरान बताया कि मिर्जापुर के अदलहाट पुलिस ने अंतरराज्यीय शातिर ट्रैक्टर-ट्रॉली चोर गिरोह के 4 सदस्यों को गिरफ्तार किया है. इनके कब्जे से चोरी की 4 ट्रैक्टर, 3 ट्रॉली तथा 1 मोटरसाइकिल बरामद की गई है.
मुखबिर की सूचना पर दबिश देकर 23 फरवरी को थाना क्षेत्र के ग्राम विशेषरपुर माफी हाईवे से पुलिस ने चोरी के ट्रैक्टर-ट्रॉली के साथ चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया.
BA और B.Com पास हैं चोर: ट्रॉली में ईंट लदी हुई थी तथा उसके ऊपर एक मोटरसाइकिल भी रखी गई थी. गिरफ्तार आरोपियों में रिषु तिवारी, रविशंकर तिवारी, आशीष कुमार तिवारी उर्फ गोलू जनपद कैमूर भभुआ (बिहार) और मिर्जापुर जिले के जमालपुर का आदित्य पाण्डेय उर्फ पप्पू पाण्डेय के नाम शामिल हैं. गिरफ्तार आरोपी रविशंकर तिवारी उर्फ मंटू के विरुद्ध पूर्व में भी हत्या और चोरी जैसे मामलों में मुकदमे दर्ज हो चुके हैं. रिशु बीए पास है. वहीं आदित्य बी.काम पास है.

Blinkit कम्पनी के दो कर्मचारी गिरफ्तार: अपर पुलिस अधीक्षक ऑपरेशन मनीष कुमार मिश्रा ने कहा कि आरोपियों की निशानदेही पर ग्राम बरईपुर स्थित गंगा नदी के किनारे छिपाकर रखे गए 3 अन्य चोरी के ट्रैक्टर भी बरामद किए गए. यह गिरोह जनपद और आसपास के जिलों के साथ-साथ बिहार से ट्रैक्टर-ट्रॉली चोरी कर उन्हें दाउदनगर (जनपद औरंगाबाद, बिहार) के कबाड़ी को बेच देता था. वहां वाहनों को काटकर कबाड़ में बेच दिया जाता था. गिरफ्तार चार आरोपियों में दो वाराणसी में Blinkit कम्पनी में काम करते थे. गिरफ्तार चोर पढ़े लिखे हैं.
यह भी पढ़ें- अतीक-अशरफ के आतंक का अंत, फिर भी खौफ के साये में क्यों है उमेश पाल का परिवार ?

