कानपुर से फोर लेन एलिवेटेड कॉरिडोर आसान बनाएगा काशी, दिल्ली व कन्नौज का सफर
रोजाना गोल चौराहा से लेकर रामादेवी तक साढ़े चार लाख वाहन गुजरते हैं, 2028 तक बनकर तैयार हो जाएगा.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : February 26, 2026 at 10:47 AM IST
कानपुर: शहर में रामादेवी से लेकर गोल चौराहा तक जिस फोर लेन एलिवेटेड कॉरिडोर की स्वीकृति केंद्र सरकार ने दी, उसे लेकर अब कानपुर के लोगों का कहना है इससे अब कानपुर से काशी, दिल्ली और कन्नौज का सफर आसान हो जाएगा. बिना जाम के झंझट के कॉरिडोर पर चलते हुए आसानी से अपने गंतव्य तक पहुंचा जा सकेगा.
भाजपा सांसद क्या बोले: इस बारे में भाजपा सांसद रमेश अवस्थी ने कहा कि लोक निर्माण विभाग, परिवहन विभाग समेत अन्य विभागों की स्टडी रिपोर्ट थी, कि एक दिन में रोजाना करीब साढ़े चार लाख वाहन सवार गोल चौराहा से रामादेवी आते और जाते थे. हालांकि, रास्ते में पड़ने वाले कई चौराहों- जरीब चौकी, अफीमकोठी, टाटमिल, श्याम नगर समेत अन्य चौराहों पर भयंकर जाम की स्थिति के चलते राहगीरों को घंटों जाम में फंसना पड़ता था. वहीं, उनके लिए बहुत अधिक मुसीबतें थीं, जो शहर के अंदर से इस जीटी रोड पर चलते हुए रामादेवी से सीधा फतेहपुर और प्रयागराज से काशी जाते थे या रामादेवी से हाईवे होते हुए दिल्ली का सफर तय करते थे. अब ये समस्याएं पूरी तरह से खत्म हो जाएंगी. राहगीर एलिवेटेड कॉरिडोर पर पहुंचकर जिस शहर की ओर जाना चाहते हैं वह पूरी रफ्तार के साथ जा सकेंगे. अब किसी तरह की बाधा उनके सामने नहीं होगी.
मार्च में शिलान्यास: भाजपा सांसद रमेश अवस्थी ने बताया, इस फोर लेन एलिवेटेड कॉरिडोर के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की ओर से 988.30 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है. इस बजट से 10.160 किमी. लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर बनेगा जो शहर का पहला कॉरिडोर होगा. बोले, मार्च में इसका शिलान्यास हम कराएंगे. इसके लिए केंद्रीय मंत्री ने अपनी हामी भर दी है. पीएम मोदी भी इस कार्यक्रम से जुड़ सकते हैं. वहीं, यह कॉरिडोर तीन सालों के अंदर यानी 2028 तक बन जाएगा. कॉरिडोर के बनने से कानपुर की 50 लाख से अधिक की आबादी को बहुत बड़ी राहत मिलने वाली है.
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