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यूपी में पहली इलेक्ट्रिक बस मैन्युफैक्चरिंग फैक्ट्री शुरू; सीएम योगी का ये दावा...

16 महीनों में तैयार हुआ प्लांट, रोजगार और पर्यावरण में सुधार, सालाना 2500 से 5000 बसों के निर्माण की योजना.

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लखनऊ में इलेक्ट्रिक वाहन उत्पादन पर केंद्रित नई फैक्ट्री का उद्घाटन. (Photo Credit; ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : January 9, 2026 at 2:33 PM IST

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Updated : January 9, 2026 at 2:44 PM IST

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लखनऊ: यूपी की औद्योगिक यात्रा में एक और बड़ा अध्याय जुड़ गया है. प्रदेश को पहली इलेक्ट्रिक बस निर्माण फैक्ट्री की सौगात मिली. राजधानी लखनऊ के सरोजनी नगर में अशोक लेलैंड के इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) मैन्युफैक्चरिंग प्लांट की औपचारिक शुरुआत हो गई है. सीएम योगी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय भारी उद्योग एवं सार्वजनिक उपक्रम मंत्री एचडी कुमारस्वामी ने संयुक्त रूप से इस अत्याधुनिक प्लांट का उद्घाटन किया.

उद्घाटन समारोह के दौरान सीएम योगी ने प्रदेश में आए बदलावों का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश अराजकता और अव्यवस्था के लिए जाना जाता था, लेकिन आज यहां उपद्रव नहीं, उत्सव का माहौल है. पिछले 8 सालों में प्रदेश में कोई दंगा नहीं हुआ. यूपी अब बीमारू राज्य नहीं, बल्कि देश में सबसे ज्यादा रेवेन्यू देने वाला राज्य बन चुका है. उन्होंने कहा कि अब ऐसा कोई महीना या हफ्ता नहीं जाता, जब प्रदेश में कोई न कोई उत्सव न होता हो.

ई-बस में सफर, फिर मंच से संदेश: उद्घाटन से पहले मुख्यमंत्री, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय मंत्री एचडी कुमारस्वामी ने फैक्ट्री परिसर में तैयार ई-बसों का निरीक्षण किया और बस में सवारी भी की.

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इलेक्ट्रिक वाहन उत्पादन फैक्ट्री (Photo Credit; ETV Bharat)

70 एकड़ में बनी अत्याधुनिक फैक्ट्री: यह मैन्युफैक्चरिंग प्लांट सरोजनी नगर में करीब 70 एकड़ क्षेत्रफल में बना है. कंपनी और राज्य सरकार के अनुसार, इसे महज 16 महीनों के रिकॉर्ड समय में तैयार किया गया है. यह प्लांट आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर से लैस है और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए मॉड्यूलर डिजाइन पर बनाया गया है, ताकि उत्पादन क्षमता को आसानी से बढ़ाया जा सके. फिलहाल यहां ई-बस, ई-ट्रेवलर और ई-लोडिंग वाहन बनाए जाएंगे. ये उत्तर प्रदेश की पहली इलेक्ट्रिक बस निर्माण फैक्ट्री होगी.

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ई-बसों का निरीक्षण किया और बस में सवारी करते अतिथि. (Photo Credit; ETV Bharat)

2,500 से 5,000 बसों तक उत्पादन की योजना: कंपनी के मुताबिक, शुरुआती चरण में हर साल 2,500 इलेक्ट्रिक बसों का निर्माण किया जाएगा. मांग बढ़ने पर अगले चरण में इस क्षमता को बढ़ाकर 5,000 बस प्रति वर्ष करने की योजना है. इसके लिए फैक्ट्री लेआउट, असेंबली लाइन और लॉजिस्टिक्स को पूरी तरह मॉड्यूलर सिस्टम पर तैयार किया गया है.

रोजगार और पर्यावरण दोनों को मिलेगा लाभ: सीएम योगी ने कहा कि यह प्लांट पीएम मोदी की प्रेरणा से प्रदेश के प्रति उद्योगों के बढ़ते विश्वास का प्रतीक है. ग्लोबल वार्मिंग जैसी चुनौतियों के बीच इलेक्ट्रिक मोबिलिटी समय की जरूरत है. इस परियोजना से युवाओं को डायरेक्ट और इनडायरेक्ट रूप से रोजगार के नए अवसर मिलेंगे.

फिलहाल इस प्लांट से करीब 500 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिला है. उत्पादन बढ़ने के साथ आने वाले समय में लगभग 2,000 नए रोजगार अवसर सृजित होने की संभावना है, जिससे सरोजनी नगर और आसपास के इलाकों की स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी.

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इलेक्ट्रिक वाहन उत्पादन फैक्ट्री (Photo Credit; ETV Bharat)
उद्योगों के लिए मजबूत आधार बना यूपी: अशोक लेलैंड के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन धीरज हिंदुजा ने कहा कि कंपनी राष्ट्रहित में काम करने के लिए प्रतिबद्ध है. अब वह समय आ गया है जब सरकार और उद्योग मिलकर दुनिया को नई दिशा दिखा सकते हैं. उन्होंने योगी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि मॉडर्न इंफ्रास्ट्रक्चर, मजबूत लॉ एंड ऑर्डर और बेहतर कनेक्टिविटी ने यूपी को उद्योगों के लिए एक भरोसेमंद गंतव्य बना दिया है.

1,000 करोड़ से ज्यादा का निवेश:
सरोजनी नगर विधायक राजेश्वर सिंह ने इसे ऐतिहासिक दिन बताते हुए कहा, ये ईवी मोबिलिटी की दिशा में बेहद महत्वपूर्ण कदम है. सीएम योगी के नेतृत्व में महज 2 साल के भीतर इस परियोजना का शिलान्यास हुआ और उत्पादन भी शुरू हो गया. उन्होंने बताया कि इस प्लांट में 1,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश हुआ है.


यूपी को मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने की दिशा में कदम:
हिंदुजा ग्रुप के कॉर्पोरेट अफेयर्स प्रेसिडेंट एस.के. चड्डा के अनुसार, ये प्रोजेक्ट उत्तर प्रदेश को एक मैन्युफैक्चरिंग-फोकस्ड राज्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में अहम साबित होगा. ये न सिर्फ इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को बढ़ावा देगा, बल्कि सतत और समावेशी औद्योगिकीकरण के लक्ष्य को भी मजबूती देगा. कुल मिलाकर, लखनऊ में शुरू हुआ ये ईवी मैन्युफैक्चरिंग प्लांट उत्तर प्रदेश को इलेक्ट्रिक पब्लिक ट्रांसपोर्ट और हरित औद्योगिक विकास के नए दौर में ले जाने वाला एक बड़ा कदम माना जा रहा है.


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Last Updated : January 9, 2026 at 2:44 PM IST