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राठीखेड़ा एथेनॉल प्लांट के खिलाफ महापंचायत, 11 फरवरी को तलवाड़ा में होगा अगला आंदोलन

हनुमानगढ़ के राठीखेड़ा में प्रस्तावित एथेनॉल फैक्ट्री के विरोध में संगरिया में हजारों किसानों की महापंचायत हुई.

किसानों की महापंचायत
किसानों की महापंचायत (ETV Bharat Hanumangarh)
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By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : January 7, 2026 at 8:02 PM IST

2 Min Read
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हनुमानगढ़: जिले के टिब्बी क्षेत्र के राठीखेड़ा गांव में प्रस्तावित ड्यून एथेनॉल प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री के निर्माण के विरोध में चल रहे किसान आंदोलन के तहत बुधवार को संगरिया में किसानों की एक बड़ी और शांतिपूर्ण महापंचायत आयोजित की गई.

हजारों किसान शामिल हुए: किसान नेताओं के नेतृत्व में हजारों किसानों का जत्था संगरिया की धान मंडी में पहुंचा, जहां हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर जिलों के अलावा हरियाणा तथा पंजाब से भी बड़ी संख्या में किसान शामिल हुए. महापंचायत में किसानों के हाथों में संघर्ष समिति के झंडे लहराते दिखे और अधिकांश ने सिर पर पीली पगड़ी बांधी हुई थी.

राठीखेड़ा एथेनॉल प्लांट के खिलाफ महापंचायत, (ETV Bharat Hanumangarh)

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पर्यावरण को खतरा बताकर कड़ा विरोध: किसानों ने फैक्ट्री को क्षेत्र के पर्यावरण, कृषि और जल संसाधनों के लिए गंभीर खतरा बताते हुए इसका कड़ा विरोध दर्ज किया. उनकी मुख्य मांगें हैं कि फैक्ट्री के लिए किया गया एमओयू तत्काल रद्द किया जाए और आंदोलन के दौरान दर्ज सभी मुकदमे वापस लिए जाएं.

आंदोलन तेज करने की चेतावनी: किसान नेताओं ने स्पष्ट कहा कि मांगें पूरी होने तक प्रशासन से किसी तरह की वार्ता नहीं की जाएगी. प्रशासन की ओर से बातचीत का प्रस्ताव आने के बावजूद किसानों ने इसे ठुकरा दिया. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा. इसी क्रम में 11 फरवरी को टिब्बी क्षेत्र के तलवाड़ा गांव में अगली महापंचायत आयोजित करने का ऐलान किया गया.

शहीद किसानों को श्रद्धांजलि: महापंचायत से पहले किसानों ने संगरिया नगर परिषद परिसर में बने किसान स्मारक पर शहीद किसानों को श्रद्धांजलि दी और ‘लाल सलाम’ तथा ‘जब तक सूरज-चांद रहेगा, शहीद किसानों का नाम रहेगा’ जैसे नारे लगाए. नेताओं ने कहा कि शहीदों के बलिदान से प्रेरणा लेकर वे अपनी हक की लड़ाई जारी रखेंगे.

प्रशासन रहा हाई अलर्ट पर: महापंचायत को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा. संगरिया में धारा 163 लागू कर इंटरनेट सेवाएं बंद रखी गईं और भारी पुलिस बल तैनात किया गया. कस्बे के प्रमुख प्रवेश द्वारों पर बैरिकेडिंग लगाकर बाहर से आने वालों की सघन जांच की गई, ताकि कोई अप्रिय घटना न हो.

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