फरीदाबाद शराब ठेका लूट मामला: पहले रेकी, फिर चोरी की बाइक और कट्टा लेकर की लूट, पूर्व कर्मचारी निकला मास्टरमाइंड, 4 गिरफ्तार
फरीदाबाद में 1.53 लाख की लूट का खुलासा पुलिस ने किया है. मामले में पूर्व कर्मचारी समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है.

Published : August 14, 2026 at 4:19 PM IST
फरीदाबाद: फरीदाबाद के थाना कोतवाली क्षेत्र के टाउन नंबर-2 में शराब ठेकेदार से करीब 1.53 लाख रुपये की लूट के मामले में अपराध शाखा सेक्टर-48 की टीम ने बड़ा खुलासा किया है. टीम ने कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस जांच में सामने आया कि वारदात की पूरी साजिश शराब ठेकेदार के पूर्व कर्मचारी ने अपने साथियों के साथ मिलकर रची थी. आरोपी को ठेके की रोजाना बिक्री और शिकायतकर्ता के रुपये लेकर घर जाने की पूरी जानकारी थी. गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है.
शराब के ठेके पर हुई लूट: इस बारे में मीडिया से बातचीत के दौरान एसीपी क्राइम अमन यादव ने कहा कि, "NIT-2 निवासी चरण सिंह कन्हैया ने 16 जुलाई को पुलिस चौकी टाउन नंबर-2 में शिकायत दी थी. शिकायतकर्ता ने बताया कि डबुआ चौक पर उसका शराब का ठेका है. 15/16 जुलाई की रात वह ठेके से करीब 1 लाख 53 हजार रुपये लेकर मोटरसाइकिल से घर के लिए निकला था. जब वह NIT-2 के ई-ब्लॉक के पास पहुंचा तो तीन युवकों ने उसे रास्ते में रोक लिया. आरोपियों ने हथियार दिखाकर उसके हाथ से रुपयों से भरा बैग छीन लिया और मौके से फरार हो गए. शिकायत के आधार पर थाना कोतवाली में मामला दर्ज किया गया और अपराध शाखा सेक्टर-48 की टीम ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी."
13 अगस्त को चार आरोपी गिरफ्तार: पुलिस ने जांच के दौरान 13 अगस्त को चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. आरोपियों की पहचान प्रिंस उर्फ राजा (23), निवासी मधेपुरा, बिहार, जो फिलहाल में सोनिया विहार दिल्ली, रवि उर्फ रोहित उर्फ मोटा (24), निवासी मथुरा, उत्तर प्रदेश, जो फिलहाल सोनिया विहार दिल्ली अमित पाल (23), निवासी सोनिया विहार दिल्ली; और अंकित उर्फ लप्पा (24), निवासी सोनिया विहार दिल्ली रहता है उसके रूप में हुई है.
पूर्व कर्मचारी ने रची थी साजिश: पुलिस के मुताबिक मुख्य आरोपी प्रिंस उर्फ राजा पहले शिकायतकर्ता के शराब के ठेके पर काम करता था. उसे आठ हजार रुपये प्रतिमाह के वेतन पर रखा गया था. वेतन को लेकर विवाद होने के बाद उसने नौकरी छोड़ दी थी. नौकरी के दौरान प्रिंस को यह जानकारी हो गई थी कि ठेकेदार रोजाना बिक्री के रुपये अपने साथ लेकर घर जाता है. इसी जानकारी का फायदा उठाकर उसने अपने साले अंकित के साथ मिलकर लूट की योजना बनाई. इसके बाद रवि और अमित को भी वारदात में शामिल कर लिया गया.
पहले की रेकी, फिर चोरी की बाइक से वारदात: पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों ने लूट से पहले शिकायतकर्ता की गतिविधियों की रेकी की थी. वारदात को अंजाम देने के लिए उन्होंने दिल्ली के सोनिया विहार इलाके से एक मोटरसाइकिल भी चोरी की थी. आरोपियों ने इससे पहले भी शिकायतकर्ता को लूटने की कोशिश की थी, लेकिन उस समय वे सफल नहीं हो सके. इसके बाद 15/16 जुलाई की रात उन्होंने दोबारा योजना बनाई और NIT-2 के ई-ब्लॉक के पास कट्टा दिखाकर शिकायतकर्ता से रुपयों से भरा बैग लूट लिया.
दो आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड: पुलिस के अनुसार आरोपी रवि उर्फ रोहित के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट, एक्साइज एक्ट और लड़ाई-झगड़े से संबंधित तीन मामले दर्ज हैं. वहीं, प्रिंस उर्फ राजा के खिलाफ भी लड़ाई-झगड़े का एक मामला दर्ज है. फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और लूट की रकम तथा वारदात में इस्तेमाल किए गए सामान की बरामदगी के प्रयास किए जा रहे हैं.

