ETV Bharat की मुहिम का असर, 6 साल बाद 70 वर्षीय बुजुर्ग को मिलने लगी पेंशन
ईटीवी भारत की खबर का असर हुआ है. प्रशासन ने तत्परता दिखाई और मोहन राम को वृद्धा पेंशन की राशि मिलने लगी है. स्पेशल रिपोर्ट..

Published : March 2, 2026 at 1:09 PM IST
रिपोर्ट: सुमित कुमार
शिवहर: बिहार के शिवहर में 70 वर्षीय मोहन राम के 6 वर्षों का संघर्ष आखिरकार खत्म हो गया. ईटीवी भारत की महिम ने रगं लाई और उनको पेंशन की राशि मिलने लगी है. हाथ में पैसे पाकर वह खुश तो दिखे ही, साथ ही साथ भावुक भी हो गए. इस दौरान वे ईटीवी भारत का आभार जताना नहीं भूले. उन्होंने कहा कि 6 साल से सरकारी कार्यालयों का चक्कर लगाते-लगाते थक गया था लेकिन किसी ने सुध नहीं ली. वहीं, जब खबर चली तो मेरी परेशानी का हल हुआ.
पेंशन के लिए 6 वर्षों का संघर्ष: शिवहर के पिपराही प्रखंड के रत्नपुर वार्ड संख्या 13 निवासी 70 वर्षीय मोहन राम पिछले 6 वर्षों से पेंशन के लिए जद्दोजहर कर रहे थे. उन्होंने ब्लॉक कार्यालय से लेकर सामाजिक सुरक्षा पदाधिकारी और अन्य सरकारी दफ्तरों में जा-जाकर कई बार अर्जी दी. अधिकारियों और कर्मचारियों से गुहार लेकिन किसी के कान पर जूं तक नहीं रेंगी.
ईटीवी भारत ने छेड़ी थी मुहिम: इसी बीच एक दिन ईटीवी भारत संवाददाता की नजर उन पर पड़ी. परेशानी की वजह पूछने पर पता चला कि आधार कार्ड में छोटी से चूक के कारण उनकी पेंशन बंद है. इसके बाद ईटीवी भारत ने 17 फरवरी 2026 को इस खबर को प्रमुखता से दिखाई और जिम्मेवार अधिकारियों से बात की. जिसके बाद डीएम की तरफ से आश्वासन दिया गया पूरे मामले की जांच होगी और जल्द से जल्द पेंशन की राशि का भुगतान होगा.

खबर का हुआ असर: दो दिनों के बाद मोहन राम को सूचना मिली कि उनके खाते में राशि ट्रांसफर हो गई है. जिसके बाद वह पिपराही चौक स्थित स्थानीय सीएसी केंद्र गए, जहां उन्होंने उत्तर बिहार ग्रामीण बैंक में अपना खाता चेक करवाया तो पता चला कि वाकई उनके अकाउंट में पैसे आए हैं.
खाते में कितने पैसे आए?: बुजुर्ग मोहन राम ने बताया कि उनके खाते में 9,800 रुपये आए थे. इसका मतलब ये हुआ कि जब से (जून 2025) मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना के तहत वृद्धा पेंशन की राशि 1100 रुपये की गई है, तब से उनको जोड़कर पैसे मिले हैं. मोहन राम बताते हैं कि उन्होंने अकाउंट से 3,000 निकाले हैं, जिनसे वह दवाई और बाकी जरूरत की चीजें खरीदेंगे. भावुक होते हुए मोहन राम ने ईटीवी भारत का शुक्रिया अदा किया.

"ईटीवी भारत के कारण ही वर्षों से अटका मेरा पेंशन भुगतान शुरू हो सका है. आपलोगों को बहुत-बहुत धन्यवाद. बैंक से जो पैसे निकाला है, उससे मैंने अपने लिए दवा, फल और कुछ खाने-पीने की चीजें खरीदी है. साथ ही पोता-पोती के लिए बिस्कुट भी लिए हैं. बाकी रकम अभी खाते में ही है. जब जरूरत होगा, तब निकालेंगे."- मोहन राम, बुजुर्ग पेंशनधारी
आधार कार्ड भी ठीक हो जाएगा अब: वहीं, आधार कार्ड में गड़बड़ी के सवाल पर मोहन राम ने बताया कि वह अपनी बहू के साथ जनता दरबार गए थे. जहां अधिकारियों ने संबंधित विभाग को निर्देश दिया कि 15 मार्च तक उनके आधार कार्ड में सुधार कर दिया जाए. वे कहते हैं कि जब पैसे मिलने लगे हैं तो ये भी ठीक हो ही जाएगा.
पेंशन मिलने से परिवार खुश: मोहन राम को पेंशन मिलने से पूरा परिवार खुश है. बहू शोभा देवी कहती हैं कि 6 सालों से परेशान थे. हर दफ्तर में जाते थे लेकिन कुछ नहीं होता था. खबर चलने के बाद अब जाकर पेंशन मिली है. उस पैसे से ससुर अब अपने लिए दवा, दूध और फल ले सकेंगे.

"छह वर्षों की परेशानी के बाद बाबूजी (ससुर) की पेंशन शुरू हुई है. हमलोग खुश हैं, पूरा परिवार खुश है. कितना जगह गए थे. कई दफ्तर का चक्कर लगाकर थक गए थे. आप लोगों के खबर दिखाने के बाद खाते में पैसा आया है."- शोभा देवी, मोहन राम की बहू
'ईटीवी की खबर के कारण हुआ संभव': पंचायत के पूर्व मुखिया मुकुल कुमार सिंह ने भी खबर दिखाने के लिए शुक्रिया अदा किया. उन्होंने कहा, 'खबर दिखाने के बाद बुजुर्ग को पेंशन मिलने लगी है. राहत की बात है. इसके लिए प्रशासन के साथ-साथ आपका भी आभार जताते हैं. वर्षों से बंद पड़ा खाता ठीक हो गया.'

अब नहीं होगी कोई समस्या: इस मामले मे पिपराही प्रखंड पदादिकारी सौरव कुमार ने बताया कि मोहन राम को जनवरी तक का पेमेंट हुआ है. उन्होंने कहा कि जो भी दिक्कत थी, उसे दूर कर लिया गया है. अब उनके खाते में हर महीने मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना के तहत 1100 रुपये आ जाएंगे.
क्या बोलीं शिवहर डीएम?: वहीं, जिलाधिकारी प्रतिभा रानी ने भी ईटीवी भारत की खबर का जिक्र करते हुए कहा कि जैसे ही इस बारे में उनको सूचना मिली, उन्होंने फौरन कार्रवाई का निर्देश दिया. जहां तक उनके आधार कार्ड में गड़बड़ी का सवाल है तो उसे भी जल्द ही दुरुस्त कर लिया जाएगा. डीएम ने कहा कि हमारी कोशिश होगी कि आगे से किसी को भी इस तरह की परेशानियों का सामना ना करने पड़े.

"मोहन राम जी का किसी कारण से पेंशन भुगतान नहीं हो रहा था. आपके (ईटीवी भारत) माध्यम से यह सूचना प्राप्त हुई. जिसके बाद हमने इस पर त्वरित कार्रवाई की और अब पेंशन की शुरुआत हो गई है. आधार कार्ड कुछ मिस्टेक है, वह भी जल्द से जल्द ठीक हो जाएगा. मोहन जी ने अब अपने पेंशन राशि का उपयोग भी करना शुरू कर दिए हैं."- प्रतिभा रानी, जिलाधिकारी, शिवहर
क्या था मामला?: असल में कंप्यूटर ऑपरेटर की गलती के कारण 70 वर्षीय मोहन राम के आधार कार्ड में जन्म की तारीख 11-02-1955 की जगह 11-02-1995 अंकित हो गई थी. इस हिसाब से वह 30-31 साल के ही हो रहे थे, जबकि उम्र 70 वर्ष है. हालांकि खबर प्रकाशित होने के बाद डीएम के निर्देश पर बुजुर्ग को पेंशन की राशि मिलने लगी है.
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