ETV Bharat / state

जानें भीषण गर्मी में स्कूलों के टाइमिंग चेंज का क्यों हो रहा विरोध, शिक्षा मंत्री ने पुनर्विचार का दिया भरोसा

भीषण गर्मी में बदले स्कूल टाइम को लेकिन अभिभावकों में खासी नाराजगी है. जिसके बाद शिक्षा मंत्री ने जल्द पुनर्विचार की बात कही है.

Education Minister Dhan Singh Rawat
शिक्षा मंत्री डॉक्टर धन सिंह रावत (Photo-ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Uttarakhand Team

Published : April 26, 2026 at 9:00 AM IST

2 Min Read
Choose ETV Bharat

रामनगर: उत्तराखंड में भीषण गर्मी और हीटवेव के बढ़ते खतरे को देखते हुए शिक्षा विभाग ने स्कूलों के समय में बड़ा बदलाव किया है. लेकिन इस फैसले के बाद जहां एक ओर बच्चों की सेहत को ध्यान में रखा गया, वहीं दूसरी ओर अभिभावकों में नाराजगी भी देखने को मिल रही है.

दरअसल, शिक्षा विभाग ने आदेश जारी करते हुए 15 मई तक स्कूलों की समय सारणी में बदलाव के निर्देश दिए हैं. नए आदेश के तहत प्रार्थना सभा सुबह 6:45 बजे और स्कूल संचालन सुबह 7:00 बजे से शुरू करने को कहा गया है. यह बदलाव खासतौर पर शहरी क्षेत्र हल्द्वानी, रामनगर और कोटाबाग ब्लॉक के स्कूलों में तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है. विभाग का कहना है कि यह फैसला भीषण गर्मी और हीटवेव से बच्चों को बचाने के लिए लिया गया है, ताकि उनकी सेहत पर किसी तरह का असर न पड़े. लेकिन इस फैसले के बाद दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले अभिभावकों में गुस्सा देखने को मिल रहा है.

अभिभावकों का कहना है कि उनके बच्चों को सुबह 6 बजे से पहले घर से निकलना पड़ेगा, जो न सिर्फ असुविधाजनक है बल्कि खतरनाक भी हो सकता है. खासकर कॉर्बेट से सटे इलाकों में जंगली जानवरों का खतरा बना रहता है, जिससे बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है. इस पूरे मामले पर रामनगर पहुंचे प्रदेश के शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति 2020 के तहत साल में 240 दिन पढ़ाई अनिवार्य की गई है और बच्चों के पढ़ाई के घंटे भी तय किए जा रहे हैं.

उन्होंने कहा हम बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य दोनों को ध्यान में रखकर फैसले ले रहे हैं. समय को लेकर जो सुझाव आए हैं, उस पर विचार किया जा रहा है. शिक्षा मंत्री ने यह भी माना कि अभिभावकों, शिक्षकों और जनप्रतिनिधियों की ओर से समय में बदलाव की मांग सामने आई है. इसको लेकर विभाग ने कल बैठक बुलाई है और जल्द ही इस पर उचित निर्णय लिया जाएगा. यानी फिलहाल गर्मी से राहत के लिए बदला गया स्कूल टाइम अब खुद एक बहस का मुद्दा बन गया है. देखना होगा कि सरकार बच्चों की सुरक्षा और पढ़ाई के बीच संतुलन कैसे बनाती है.

पढ़ें-उधम सिंह नगर में भीषण गर्मी का अलर्ट, स्कूलों का समय बदला, डीएम ने जारी किए आदेश