दुर्ग में हत्या के मुख्य आरोपी के अवैध निर्माण पर चला बुलडोजर, सरकारी जमीन पर बना रखी थी होटल
धार्मिक कार्यक्रम में हत्या की वारदात मामले में पुलिस ने आरोपियों को तो गिरफ्तार किया ही साथ ही उनके अवैध कब्जों पर भी कार्रवाई की.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : February 27, 2026 at 5:30 PM IST
दुर्ग: जिले के मोहन नगर थाना क्षेत्र में धार्मिक आयोजन के दौरान हुई हत्या के मामले में पुलिस ने सख्त कार्रवाई की है. नगर निगम की टीम के साथ मिलकर अब मुख्य आरोपी के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाकर उसे हटा दिया गया है. सरकारी जमीन पर आरोपी ने होटल बना रखी थी. इस कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप मच गया.
16 फरवरी की रात हुई वारदात
हत्या की वारदात 16 फरवरी की रात करीब 9:30 बजे की है. धार्मिक कार्यक्रम चल रहा था, तभी कुछ लोगों के बीच विवाद हो गया. इसी दौरान क्षय कुमार गोड उर्फ नानू पर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया. गंभीर रूप से घायल नानू की मौके पर ही मौत हो गई. घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया था.
7 आरोपी गिरफ्तार, भेजे गए जेल
पुलिस ने मामले में अपराध क्रमांक 134/2026 दर्ज कर धारा 103, 109 और 3(5) बीएनएस के तहत प्रकरण कायम किया. जांच के दौरान पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया. सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया.

मुख्य आरोपी का अवैध कब्जा उजागर
जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी मनीष देशमुख, निवासी मोहन नगर, ने शक्ति नगर चौक स्थित मानस भवन के पास शासकीय जमीन पर अवैध कब्जा कर होटल बना रखा था. इस होटल का संचालन बिना वैध अनुमति के किया जा रहा था.
कुछ दिन पहले हत्या की वारदात हुई थी. सूचना मिली कि उसके जो आरोपी थे उन्होंने सरकारी भूमि पर अतिक्रमण कर रखे हैं और जो भी उनकी आय है उसका उपयोग आपराधिक मामलों में कर रहे हैं- सत्यप्रकाश तिवारी,सीएसपी भिलाई नगर
पुलिस और नगर निगम की संयुक्त कार्रवाई
दुर्ग पुलिस ने इस संबंध में नगर निगम दुर्ग को पत्र लिखकर अतिक्रमण हटाने की मांग की. कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुलिस और नगर निगम की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची. बुलडोजर की मदद से अवैध निर्माण को तोड़ दिया गया और जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया गया.
कानून व्यवस्था बनाए रखने का संदेश
सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने बताया कि यह कार्रवाई कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों पर सख्त नियंत्रण स्थापित करने के उद्देश्य से की गई है. उन्होंने साफ कहा कि आगे भी ऐसे मामलों में कड़ी वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी.

