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चिरमिरी में ड्रग्स सिंडिकेट का खुलासा, अंतरराज्यीय नेटवर्क किया गया ध्वस्त, मास्टमाइंड गिरफ्तार

पुलिस की जांच में ये खुलासा हुआ कि आरोपी हैदराबाद से ड्रग्स लाकर यहां बेचते थे.

DRUG SYNDICATE BUSTED IN CHIRMIRI
ड्रग्स सिंडिकेट का खुलासा (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Chhattisgarh Team

Published : March 1, 2026 at 7:44 AM IST

3 Min Read
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मनेन्द्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर: सरगुजा संभाग में नशीले पदार्थों की अंतरराज्यीय सप्लाई करने वाले बड़े सिंडिकेट का चिरमिरी पुलिस ने पर्दाफाश किया है. चिरमिरी पुलिस ने गिरोह के मास्टरमाइंड रसल एक्का को रायपुर से गिरफ्तार किया. यह गिरोह हैदराबाद से ड्रग्स मंगाकर सरगुजा संभाग के विभिन्न इलाकों में सप्लाई करने का काम कर रहा था. पुलिस ने गिरोह के फाइनेंस हैंडलर वैंदला वासु को भी हैदराबाद से धरदबोचा है. यह कार्रवाई आईजी दीपक झा और एसपी रत्ना सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे “नशा मुक्त अभियान” के तहत की गई.



चिरमिरी में ड्रग्स सिंडिकेट का खुलासा

जांच की शुरुआत 7 अक्टूबर 2025 को हुई जब चिरमिरी पुलिस ने सूचना के आधार पर शेख अल्ताफ और किशन रजक को नशीले इंजेक्शन के साथ गिरफ्तार किया. पूछताछ में शुभम यादव का नाम सामने आया, जिसके बाद पुलिस को बड़े नेटवर्क की आशंका हुई. थाना प्रभारी विजय सिंह के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) के जरिए जाल बिछाया. इसके बाद मुख्य आरोपी रसल एक्का को रायपुर से गिरफ्तार किया गया. वहीं, गिरोह के फाइनेंस हैंडलर वैंदला वासु को पकड़ने के लिए पुलिस टीम ने हैदराबाद के पर्वत नगर (बोराबंदा) में दबिश दी.

ड्रग्स सिंडिकेट का खुलासा (ETV Bharat)



‘जहर’ की कमाई से गोवा में आरोपी करते थे ऐश

जांच में सामने आया कि आरोपी रसल एक्का केवल ड्रग्स सप्लायर नहीं, बल्कि पूरे नेटवर्क का संचालक था. नशे के कारोबार से मोटी कमाई कर रहा था. हाल ही में अपनी गर्लफ्रेंड के साथ गोवा की यात्रा पर गया, जहां कुछ ही दिनों में करीब 5 लाख खर्च कर दिए. पुलिस से बचने के लिए वह अपने बैंक खाते का इस्तेमाल नहीं करता था, बल्कि सहयोगियों के खातों में रकम डलवाता था. रसल के खिलाफ मनेंद्रगढ़, अंबिकापुर और पोड़ी थानों में पहले से गंभीर अपराध दर्ज हैं.



तेलंगाना,झारखंड तक फैला था कनेक्शन

चिरमिरी पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि गिरोह के सदस्य झारखंड के गढ़वा क्षेत्र से बसों के माध्यम से नशीले पदार्थ लाते थे. वहीं तेलंगाना के हैदराबाद से सप्लाई का बड़ा नेटवर्क संचालित हो रहा था. सूरजपुर निवासी रजत कुमार और वैंदला वासु बैकएंड ऑपरेशन और पैसों के लेनदेन को संभालने का काम करते थे. इस पूरे नेटवर्क के तार छत्तीसगढ़ से बाहर कई राज्यों तक फैले थे. पुलिस अब एक एक कड़ियों को जोड़कर सभी आरोपियों को पकड़ने में जुट गई है. पुलिस का दावा है कि किसी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा. नशा बेचने से लेकर खरीदने वाले तक को जेल भेजा जाएगा.



और भी ‘सफेदपोश’ पुलिस की रडार पर

थाना प्रभारी विजय सिंह ने कहा, हमारी पूछताछ में कई नए सुराग मिले हैं. आशंका है कि इस कारोबार को कुछ प्रभावशाली लोगों का संरक्षण प्राप्त था. साइबर सेल लगातार डिजिटल डेटा खंगाल रही है और जल्द ही और गिरफ्तारियां हो सकती हैं. सभी आरोपियों को न्यायालय के आदेश पर जिला जेल बैकुंठपुर भेज दिया गया है.

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