सिरसा की ड्रोन दीदी महिलाओं के लिए बनीं प्रेरणास्त्रोत, अब हजारों महिलाओं को बना रहीं आत्मनिर्भर
सिरसा की नमो ड्रोन दीदी बिमला सिंवर दूसरी महिलाओं के लिए प्रेरणास्त्रोत बन गई है.

Published : March 1, 2026 at 8:59 PM IST
सिरसाः नेकनीयती और कुछ हटकर कर गुजरने का जज्बा हो तो कठिन से कठिन मुकाम को भी बड़ी आसानी से हासिल किया जा सकता है. देश के पीएम नरेंद्र मोदी के ड्रोन दीदी अभियान से हरियाणा की महिलाएं भी ना सिर्फ अपने पैरों पर खड़ी हो रही हैं बल्कि लखपति भी बन रही हैं. नमो ड्रोन दीदी बिमला सिंवर को पीएम नरेंद्र मोदी सम्मानित भी कर चुके हैं.
हरियाणा की पहली नमो ड्रोन दीदीः बिमला सिंवर हरियाणा की पहली नमो ड्रोन दीदी है जो अब लखपति बन चुकी है और बिमला सिंवर ने अब अपना अगला टारगेट भी निर्धारित कर लिया है. अब बिमला सिंवर लखपति से करोड़पति बनना चाहती हैं
हरियाणा की महिलाओं के लिए प्रेरणास्त्रोत बनीं बिमलाः सिरसा में ड्रोन दीदी के नाम से फेमस बिमला सिंवर ड्रोन के जरिए ही खेतों में फसलों में स्प्रे करती है. ऐसा करने से किसान बिमला सिंवर को प्रति एकड़ के हिसाब से पेमेंट भी दे रहे हैं. बिमला सिंवर अब दूसरी महिलाओं के लिए भी प्रेरणादायक बनती जा रही है. बिमला सिंवर ने अपने साथ कई महिलाओं को भी इसी अभियान के तहत जोड़ा है. अब दूसरी महिलाएं भी लखपति बनती जा रही है और अपने पैरों पर खड़ी हो रही है.
पीएम मोदी के कार्यकाल में महिलाओं के लिए हुआ है काफी कामः बिमला सिंवर ने बताया कि "वे खुद एक स्वयं सहायता समूह चलाती है. प्रधानमंत्री ने लाल किले से घोषणा की थी कि 15 हजार बहनों को नमो ड्रोन दीदी पायलट बनाएंगे. उन्होंने इसी के तहत एक ऑनलाइन फार्म भरा और पूरे हरियाणा से उनका चयन हुआ और उन्होंने करनाल में ड्रोन चलाने की ट्रेनिंग ली."
पीएम मोदी के हाथों हो चुकी है सम्मानित : बिमला सिंवर ने बताया कि "ग्रामीण क्षेत्रों से उठकर महिलाओं द्वारा इस मुकाम तक पहुंचना अपने आप में बड़ी बात है. हरियाणा से 70 बहनों को कृभकों की तरफ से नमो ड्रोन दीदी पायलट की ट्रेनिंग दी गई. चीफ एग्जीक्यूटिव जयप्रकाश का भी उन्होंने मार्गदर्शन करने के लिए धन्यवाद किया, जिन्होंने एक बेहतरीन प्लेटफार्म दिया. कुल 107 महिलाओं को प्रधानमंत्री ने अपने हाथों से नमो ड्रोन दीदी अवार्ड दिए."
समाजसेवा के क्षेत्र में भी अलग पहचानः आपको बता दें कि बिमला सिंवर की समाजसेवा के क्षेत्र में भी अपनी एक अलग पहचान है. बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान में भी उनकी भागीदारी अहम रही थी. उनकी स्वयं भी दो बेटियां हैं जिनमें से एक मेडिकल की पढ़ाई कर रही है तो दूसरी के नाम से रानियां में सोसायटी बनाई हुई है. सोसाइटी में अलग-अलग कार्यों में 7500 से अधिक महिलाएं स्वरोजगार को अपनाकर आत्मनिर्भर बन रही हैं.
महिलाओं के लिए संदेशः उन्होंने बताया कि "जो महिलाएं चूल्हे-चौके से बाहर नहीं निकल पा रही हैं. उन महिलाओं से उन्होंने आह्वान करते हुए कहा है कि अगर उनकी नीयत नेक है और काम करने का जज्बा है तो वे एकजुट होकर सरकार की योजनाओं को आगे लेकर जाएं. सफलता एक न एक दिन जरूर मिलेगी. सिंवर ने कहा कि आप कर्म करें फल की इच्छा ना करें. मुझे भी नहीं पता था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से एक दिन सम्मान मिलेगा. दिल व लगन से काम करने पर कुछ भी संभव है." कई युवतियां भी अब ड्रोन दीदी बिमला सिंवर से ड्रोन उड़ाने का गुर सीख रही हैं. सिरसा के गौशाला मोहल्ले की अनुष्का रानी भी नमो ड्रोन का प्रयोग कर लखपति बन चुकी है.

