पेट्रोल-डीजल की बढ़ी कीमतों पर हरियाणा के लोगों की प्रतिक्रिया, बोले- 'बढ़ती महंगाई से बिगड़ रहा बजट'
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में 3-3.50 रुपये तक बढ़ोतरी हुई है. इस पर हरियाणावासियों की मिली-जुली प्रतिक्रिया है.

Published : May 15, 2026 at 5:50 PM IST
सिरसा/करनाल/नूंहः पेट्रोलियम कंपनियों की ओर से सोमवार को देश भर में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में 3-3.50 रुपये तक की बढ़ोतरी देश भर में की गई है. पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी का सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ना तय है. पहले से ही महंगाई की मार झेल रही जनता के लिए यह बढ़ोतरी किसी बड़े झटके से कम नहीं है. बढ़ती कीमतों को लेकर हरियाणा के विभिन्न जिलों में नाराजगी देखने को मिल रही है.

सिरसा में पेट्रोल-डीजल की कीमत: सिरसा में पेट्रोल का रेट अब 99 रुपये 69 पैसे प्रति लीटर तक पहुंच गया है, जबकि डीजल की कीमत 92 रुपये 11 पैसे प्रति लीटर दर्ज की गई है. पेट्रोल की कीमत 100 रुपए प्रति लीटर के करीब पहुंचने से वाहन चालकों की चिंता और बढ़ गई है. खासतौर पर रोजाना वाहन इस्तेमाल करने वाले लोग और परिवहन व्यवसाय से जुड़े व्यापारी इस फैसले से परेशान नजर आ रहे हैं.
रोजमर्रा की जरूरतों पर पड़ेगा असरः स्थानीय लोगों का कहना है कि पेट्रोल और डीजल केवल वाहन चलाने का माध्यम नहीं हैं बल्कि इनकी कीमतों का सीधा असर हर वस्तु पर पड़ता है. डीजल महंगा होने से ट्रांसपोर्ट खर्च बढ़ेगा जिसका असर फल सब्जियों खाद्य सामग्री और रोजमर्रा की जरूरत की चीजों पर देखने को मिलेगा. लोगों का मानना है कि आने वाले दिनों में बाजार में महंगाई और बढ़ सकती है.

रसोई के बजट पर भी पड़ेगा असर: महिलाओं ने भी रसोई के बजट पर असर पड़ने की बात कही. उनका कहना है कि पहले से ही सब्जियों, दालों और अन्य जरूरी सामान के दाम बढ़े हुए हैं. अब पेट्रोल-डीजल महंगा होने से परिवहन खर्च बढ़ेगा और इसका असर सीधे घरेलू खर्च पर पड़ेगा.

महंगाई की नई दस्तक, आम आदमी की बढ़ी चिंता: करनाल में पेट्रोल 104.31 रुपए से बढ़कर 107.45 रुपए प्रति लीटर पहुंच गया, जबकि डीजल 90.83 रुपए से बढ़कर 93.94 रुपए प्रति लीटर दर्ज किया गया. पेट्रोल में 3.14 रुपए और डीजल में 3.11 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. मिडिल-ईस्ट जंग की शुरुआत के बाद यह पहला मौका है जब देश में ईंधन के दामों में इजाफा हुआ है.

पब्लिक ट्रांसपोर्ट अपनाइए: करनाल में पेट्रोल भरवाने पहुंचे प्रदीप कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले भी लोगों से पब्लिक ट्रांसपोर्ट का अधिक उपयोग करने की अपील कर चुके हैं. अब वक्त आ गया है कि लोग निजी वाहनों का कम इस्तेमाल करें और जरूरत पड़ने पर ही सफर करें.
स्कूली छात्राओं ने जताई चिंता: पेट्रोल पंप पर पहुंची स्कूली छात्राओं ने भी बढ़ती कीमतों पर चिंता जताई. छात्राओं ने कहा कि आने-जाने का खर्च बढ़ जाएगा और ट्रांसपोर्टेशन महंगा होने से परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा. पेट्रोल-डीजल के महंगे होने के बाद खाने-पीने की चीजों से लेकर रोजमर्रा का सामान भी महंगा हो जाएगा, जिसका सबसे ज्यादा असर आम लोगों पर पड़ेगा.
आम आदमी पर बढ़ा महंगाई का दबाव: शुक्रवार सुबह छह बजे से देशभर में पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ा दिए गए हैं. नूंह में बढ़ोतरी के बाद पेट्रोल करीब 98.76 रुपये प्रति लीटर तो डीजल करीब 91.23 रुपये प्रति लीटर पहुंच गया.
खेती-बाड़ी करना होगा महंगाः नई कीमतों का सीधा असर आम लोगों की जेब पर पड़ना तय माना जा रहा है. पेट्रोल-डीजल महंगा होने से निजी वाहन चालकों, किसानों, ट्रांसपोर्टरों और छोटे व्यापारियों की चिंता बढ़ गई है, ग्रामीणों का कहना है कि पहले ही महंगाई ने घर का बजट बिगाड़ रखा है, ऐसे में ईंधन महंगा होने से रोजमर्रा के खर्च और बढ़ेंगे. डीजल के दाम बढ़ने से खेती-बाड़ी, सिंचाई, ट्रैक्टर और माल ढुलाई का खर्च बढ़ेगा, जबकि पेट्रोल महंगा होने से बाइक और कार चलाने वालों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा.

