पुलवामा की 7वीं बरसी पर उठी मांग, शहीदों के नाम के आगे जुड़े “अमर शहीद”, सीएम के नाम सौंपा ज्ञापन
पुलवामा बरसी पर संगठनों ने शहीदों के नाम आगे ‘अमर शहीद’ जोड़ने को लेकर सीएम को ज्ञापन सौंपा है.

Published : February 13, 2026 at 5:13 PM IST
भिवानी : इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन व वूमैन हेल्पिंग सोसायटी ने पुलवामा हमले की 7वीं बरसी पर शहीदों को याद करते हुए एक खास पहल की है. दोनों संगठनों के प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को भिवानी के उपायुक्त से मुलाकात कर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा.
ज्ञापन में की गई मांग: ज्ञापन में मांग की गई कि सरकारी रिकॉर्ड और सार्वजनिक स्थलों पर शहीदों के नाम के आगे अनिवार्य रूप से “अमर शहीद” या “अमर बलिदानी” शब्द जोड़े जाएं. प्रतिनिधियों ने कहा कि यह शहीदों के सम्मान से जुड़ा मुद्दा है और इसे लेकर सरकार को ठोस कदम उठाने चाहिए.
सम्मान से जुड़ा है भावनाओं का सवाल: अर्जुन व द्रोणाचार्य अवॉर्डी अशन कुमरा सांगवान ने कहा, “ये सिर्फ शब्दों का बदलाव नहीं है, बल्कि उन वीर जवानों के सर्वोच्च बलिदान को सच्ची श्रद्धांजलि है. जब तक उनके नाम के साथ अमर शहीद नहीं जुड़ेगा, सम्मान अधूरा लगेगा. सरकार को इस दिशा में जल्द आदेश जारी करने चाहिए ताकि हर स्तर पर एक समान व्यवस्था लागू हो सके."
नई पीढ़ी के लिए बने प्रेरणा स्रोत: इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन की महिला विंग की प्रदेश अध्यक्षा सुशीला देवी सिंह ने कहा, “जब हम किसी वीर के नाम के आगे अमर शहीद लगाते हैं तो वो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनता है. उनके त्याग की गरिमा को ऊंचा उठाना हम सबका नैतिक कर्तव्य है.”
उन्होंने मांग की कि सरकारी व निजी स्कूलों, पार्कों, चौराहों, सड़कों और सामुदायिक केंद्रों के नामकरण में इन शब्दों को अनिवार्य किया जाए. संगठनों ने उम्मीद जताई कि सरकार इस मांग पर सकारात्मक फैसला लेगी.

