Delhi SIR: नई ड्राफ्ट लिस्ट में बड़ा बदलाव, महिला और पुरुष मतदाताओं का अंतर घटा
साल 2025 के चुनाव में दिल्ली में कुल 1.55 करोड़ पंजीकृत मतदाता थे, वहीं नए ड्राफ्ट में यह घटकर 97.53 लाख रह गई है.

Published : September 3, 2026 at 2:03 PM IST
नई दिल्ली: दिल्ली में चुनाव आयोग द्वारा चलाए जा रहे स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के तहत प्रकाशित नई ड्राफ्ट वोटर लिस्ट ने राष्ट्रीय राजधानी के चुनावी आंकड़ों की तस्वीर पूरी तरह से बदल कर रख दी है. साल 2025 के विधानसभा चुनावों की तुलना में इस बार दिल्ली में मतदाताओं की संख्या में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जो लगभग 37.18 प्रतिशत कम आंकी गई है. वर्ष 2025 के चुनावों के दौरान जहां दिल्ली में कुल 1.55 करोड़ पंजीकृत मतदाता थे, वहीं नए ड्राफ्ट में यह संख्या घटकर मात्र 97.53 लाख ही रह गई है. यानी सूची में कुल 57.71 लाख मतदाता का भारी अंतर आया है.
चुनाव आयोग द्वारा जारी ड्राफ्ट लिस्ट से पुरुषों के नाम सबसे अधिक संख्या में हटे हैं. फरवरी 2025 में संपन्न हुए विधानसभा चुनाव में जहां पुरुष मतदाताओं की संख्या 83.49 लाख थी, वह अब भारी गिरावट के साथ घटकर 49.88 लाख रह गई है. इसमें सीधे तौर पर 40.25 प्रतिशत की बड़ी कमी दर्ज की गई है. इसके मुकाबले महिला मतदाताओं की संख्या 71.73 लाख से घटकर 47.64 लाख हुई है, जो 33.59 प्रतिशत की गिरावट दर्शाती है. पुरुषों की तुलना में महिलाओं की कम संख्या में नाम कटने के कारण वोटर लिस्ट के लिंगानुपात में एक सकारात्मक सुधार देखने को मिला है.
लिंगानुपात में सुधार और जेंडर गैप कम
इस बड़े बदलाव का सबसे बड़ा और सकारात्मक प्रभाव यह पड़ा है कि अब मतदाताओं में महिलाओं की हिस्सेदारी बढ़कर 48.85 प्रतिशत हो गई है, जो वर्ष 2025 में 46.21 प्रतिशत हुआ करती थी. इसके साथ ही महिला और पुरुष मतदाताओं के बीच का जो भारी अंतर साल 2025 में 11.76 लाख हुआ करता था, वह अब घटकर मात्र 2.25 लाख रह गया है.

अन्य श्रेणियों की बात करें तो पहली बार वोट देने वाले 18 से 19 वर्ष के युवाओं की संख्या 2025 के 2.08 लाख से घटकर इस बार 1.03 लाख रह गई है, जो लगभग 50 प्रतिशत की भारी गिरावट दर्शाती है. चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, 18 से 19 वर्ष की आयु वर्ग के बीच नए मतदाताओं (युवाओं) की संख्या 1,03,870 है. वहीं दूसरी ओर, समाज के वरिष्ठ स्तंभों यानी 85 वर्ष से अधिक आयु के मतदाताओं की कुल संख्या 40,871 है. इसमें भी खास तौर पर 100 वर्ष या उससे अधिक आयु वाले मतदाताओं की संख्या 189 दर्ज की गई है.
'ड्राफ्ट लिस्ट फाइनल वोटर लिस्ट नहीं'
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार ने नागरिकों की चिंताओं को दूर करते हुए स्पष्ट किया है कि यह पूरी गिरावट केवल नाम काटे जाने के रूप में नहीं देखी जानी चाहिए. आयोग ने साफ किया है कि यह केवल एक ड्राफ्ट सूची है, फाइनल वोटर लिस्ट नहीं. जिन लोगों के नाम गलती से छूट गए हैं या जो युवा 1 अक्टूबर 2026 तक 18 वर्ष के हो रहे हैं, वे 30 सितंबर 2026 तक फॉर्म-6 भरकर अपना नाम दोबारा दर्ज कराने का दावा प्रस्तुत कर सकते हैं. हालांकि, ड्राफ्ट सूची के सार्वजनिक होने के बाद से ही पोलिंग बूथों पर असमंजस की स्थिति बनी हुई है.
प्रमुख जिलों में मतदाताओं की स्थिति और कमी के आंकड़े:
| जिला का नाम | कुल मतदाता | कम हुए मतदाता |
| साउथ-ईस्ट | 15,57,289 | 6,79,367 |
| ओल्ड दिल्ली | 5,96,699 | 1,97,387 |
| नॉर्थ दिल्ली | 9,73,957 | 3,48,614 |
| नई दिल्ली | 1,54,192 | 60,471 |
| सेंट्रल दिल्ली | 6,97,733 | 2,65,274 |
| सेंट्रल-नॉर्थ | 8,15,928 | 2,54,088 |
| साउथ-वेस्ट | 13,29,749 | 3,56,576 |
| आउटर-नॉर्थ | 8,32,510 | 2,02,452 |
| नॉर्थ-वेस्ट | 12,77,126 | 3,71,654 |
| नॉर्थ-ईस्ट | 18,70,748 | 5,43,270 |
| ईस्ट दिल्ली | 16,03,359 | 5,70,785 |
| साउथ दिल्ली | 13,45,001 | 5,19,869 |
| वेस्ट दिल्ली | 14,56,008 | 3,88,648 |
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