गर्भवती महिला की मौत के बाद कांग्रेस ने किया प्रदर्शन, मांग पूरी ना होने पर उग्र आंदोलन की दी चेतावनी
थराली विकासखंड में बीते दिनों एक प्रसूता महिला की मौत के बाद स्थानीय लोगों ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं.

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : July 2, 2026 at 9:00 AM IST
थराली: चमोली जनपद के थराली में गर्भवती महिला की एम्बुलेंस में हुई मौत का मामला अब तूल पकड़ने लगा है. घटना की निष्पक्ष जांच, कथित लापरवाह चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली में विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति की मांग को लेकर कांग्रेस ने सीएचसी थराली में जोरदार प्रदर्शन किया. प्रदर्शनकारियों ने स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा.
बीते दिनों सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली से कर्णप्रयाग रेफर की गई कुराड़ गांव निवासी गर्भवती महिला की 108 एम्बुलेंस में उपचार के लिए ले जाते समय रास्ते में ही मौत हो गई थी. इस घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और चिकित्सा कर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं. परिजनों का कहना है कि महिला की स्थिति लगातार बिगड़ने के बावजूद समय रहते उसे उच्च केंद्र के लिए रेफर नहीं किया गया. आरोप है कि जब महिला की हालत अत्यधिक गंभीर हो गई, तब अस्पताल प्रशासन ने उसे रेफर किया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी और रास्ते में ही उसकी मौत हो गई.
मामले को लेकर बुधवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने पूर्व विधायक डॉ. जीतराम, ब्लॉक प्रमुख प्रवीण पुरोहित और नगर पंचायत अध्यक्ष सुनीता रावत के नेतृत्व में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली में धरना-प्रदर्शन किया. प्रदर्शनकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच, दोषी चिकित्सा कर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों की तत्काल नियुक्ति की मांग उठाई. कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा. फिलहाल प्रदर्शनकारी अस्पताल परिसर में धरने पर बैठे हुए हैं और प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं.
गौर हो कि सोमवार को थराली कुराड़ गांव निवासी सरिता देवी (35) पत्नी नरेंद्र कुमार को करीब 8:30 बजे प्रसव पीड़ा होने पर परिजन सीएचसी थराली लेकर पहुंचे थे. महिला को करीब दोपहर करीब 2 बजे एंबुलेंस से हायर सेंटर रेफर किया गया. डॉक्टरों ने हॉस्पिटल में स्त्री रोग विशेषज्ञ (गायनोकोलॉजिस्ट) उपलब्ध न होने का हवाला देते हुए महिला को कर्णप्रयाग रेफर किया था. लेकिन महिला ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया था. घटना के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों में स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ भारी रोष है. साथ ही स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्थाओं पर सवाल उठ रहे हैं.
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