सावन में 'विष्णुदेव' की शिव पूजा, रुद्राभिषेक और भव्य कांवड़ यात्रा में सीएम हुए शामिल
सीएम विष्णुदेव साय ने सावन के पवित्र महीने में भगवान भोलेनाथ की पूजा की. प्रवीण कुमार सिंह की रिपोर्ट

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : August 23, 2026 at 4:34 PM IST
रायपुर: छत्तीसगढ़ में सावन के पवित्र महीने में भगवान महादेव की पूजा अर्चना का दौर जारी है. इस अवसर पर रायपुर में सीएम विष्णुदेव साय ने भगवान भोलेनाथ की पूजा की है. गुढ़ियारी स्थित मारुति मंगलम परिसर में आयोजित भव्य कांवड़ यात्रा में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय शामिल हुए. उन्होंने भगवान शिव का विधि-विधान से रुद्राभिषेक किया. सीएम साय ने छत्तीसगढ़ की सुख-समृद्धि, शांति, खुशहाली और प्रदेशवासियों के कल्याण की कामना की. इस दौरान हजारों कांवड़िए पवित्र जल लेकर महादेव घाट स्थित भगवान हटकेश्वरनाथ महादेव के जलाभिषेक के लिए रवाना हुए.
सावन में शिवभक्ति और हर हर महादेव की गूंज
श्रावण मास के पावन अवसर पर गुढ़ियारी का मारुति मंगलम परिसर हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा. बड़ी संख्या में शिवभक्त कांवड़ लेकर यात्रा में शामिल हुए. मुख्यमंत्री साय ने कांवड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए सभी शिवभक्तों को पवित्र श्रावण मास की शुभकामनाएं दीं. मुख्यमंत्री ने कहा कि सावन का महीना भगवान शिव की आराधना और भक्ति का विशेष अवसर है. कांवड़ यात्रा आस्था, भक्ति और समर्पण की अनुपम अभिव्यक्ति है. कठिन यात्रा के बावजूद शिवभक्तों का उत्साह और श्रद्धा सनातन संस्कृति में निहित आस्था की शक्ति को दर्शाती है.
हटकेश्वरनाथ महादेव के लिए रवाना हुए कांवड़िए
मारुति मंगलम परिसर से हजारों कांवड़िए पवित्र जल लेकर महादेव घाट स्थित भगवान हटकेश्वरनाथ महादेव के जलाभिषेक के लिए रवाना हुए. शिवभक्तों के जयघोष और भक्ति से पूरा वातावरण शिवमय हो गया. मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कांवड़ यात्रा केवल धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता का उत्सव भी है. ऐसे आयोजन समाज के विभिन्न वर्गों को एक सूत्र में जोड़ते हैं और आपसी सद्भाव एवं सामाजिक समरसता को मजबूत करते हैं.

हटकेश्वरनाथ महादेव मंदिर का विशेष धार्मिक महत्व
मुख्यमंत्री ने महादेव घाट स्थित भगवान हटकेश्वरनाथ महादेव मंदिर के ऐतिहासिक, धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व का उल्लेख किया.

यह मंदिर छत्तीसगढ़ की प्राचीन शिव आराधना परंपरा का प्रमुख केंद्र है. भगवान हटकेश्वरनाथ के प्रति प्रदेशवासियों की गहरी आस्था है और श्रावण मास में बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचकर जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना करते हैं- विष्णुदेव साय, सीएम, छत्तीसगढ़

धर्म और संस्कृति से जुड़ रही नई पीढ़ी-सीएम साय
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की पहचान प्राकृतिक सुंदरता और लोक-संस्कृति के साथ-साथ इसकी गहरी आध्यात्मिक परंपराओं से भी है. प्रदेश के विभिन्न अंचलों में स्थित प्राचीन शिवधाम और शक्तिपीठ समृद्ध धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत के साक्षी हैं. उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा जैसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति, परंपराओं और आध्यात्मिक मूल्यों से परिचित कराने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं. इन आयोजनों में समाज के हर वर्ग की भागीदारी होती है, जिससे आपसी सद्भाव, सामाजिक एकता और समरसता की भावना मजबूत होती है.
धार्मिक स्थलों के विकास पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण एवं संवर्धन सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है. राज्य सरकार प्रदेश के प्रमुख धार्मिक एवं आध्यात्मिक स्थलों के विकास तथा श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाओं के विस्तार की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है. इससे आस्था के केंद्रों को नई पहचान मिलने के साथ धार्मिक पर्यटन की संभावनाओं को भी विस्तार मिलेगा.
मुख्यमंत्री ने की प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना
कांवड़ यात्रा में शामिल सभी शिवभक्तों को शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री साय ने भगवान भोलेनाथ से छत्तीसगढ़ की निरंतर प्रगति और प्रदेशवासियों के सुख-शांति की प्रार्थना की.
देवाधिदेव महादेव की कृपा छत्तीसगढ़ और प्रदेशवासियों पर सदैव बनी रहे. हर परिवार में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली आए तथा छत्तीसगढ़ विकास और जनकल्याण के पथ पर निरंतर आगे बढ़ता रहे- विष्णुदेव साय, सीएम, छत्तीसगढ़
इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, पूर्व राज्यपाल रमेश बैस, लोकसभा सांसद बृजमोहन अग्रवाल, रायपुर पश्चिम विधायक राजेश मूणत, रायपुर दक्षिण विधायक सुनील सोनी सहित कई राजनेता उपस्थित रहे.

