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CIMS के डॉक्टर्स को टाइम पर आने को कहा, तो 28 फरवरी को हड़ताल का दिया अल्टीमेटम

छिंदवाड़ा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज की ओपीडी में डिप्टी कलेक्टर और डीन पहुंचे, नहीं था कोई डॉक्टर. नोटिस देने पर सामूहिक आवकाश की चेतावनी.

CIMS DEAN SURPRISE INSPECTION
CIMS की ओपीडी से नदारद डॉक्टर (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Madhya Pradesh Team

Published : February 27, 2026 at 9:56 AM IST

4 Min Read
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रिपोर्ट: महेंद्र राय

छिंदवाड़ा: छिंदवाड़ा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (CIMS) की ओपीडी में जब डीन और डिप्टी कलेक्टर अचानक निरीक्षण पर पहुंचे तो ड्यूटी से सभी डॉक्टर गायब थे. इस मामले में जब डॉक्टर को फटकार लगी तो अब डॉक्टरों ने हड़ताल की चेतावनी देकर प्रशासन को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया है.

डिप्टी कलेक्टर और डीन पहुंचे, तो डॉक्टर थे गायब

मेडिकल कॉलेज से संबद्ध जिला अस्पताल के औचक निरीक्षण में एक बार फिर डॉक्टर्स की मनमानी उजागर हो गई. बुधवार सुबह डिप्टी कलेक्टर राहुल पटेल और डीन डॉ. अभय सिन्हा की संयुक्त टीम अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंची थी. इस दौरान मरीजों को इलाज देने के लिए ओपीडी में एक भी डॉक्टर मौजूद नहीं था. एक दिन का वेतन काटने की चेतावनी के साथ अनुपस्थित डॉक्टर्स को नोटिस थमाए गए. नोटिस जारी होने पर सिम्स और जिला अस्पताल के डॉक्टर्स अब प्रशासन के विरोध में आ गए हैं. डॉक्टर्स ने चेतावनी दी है कि वे सामूहिक अवकाश पर रहेंगे.

Chhindwara CIMS doctors got notice not in OPD
छिंदवाड़ा में डॉक्टर्स का हड़ताल पर जाने का अल्टीमेटम (ETV Bharat)

8 बजे की है ओपीडी टाइमिंग

छिंदवाड़ा इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेस के डीन डॉ. अभय सिन्हा ने बताया कि "ओपीडी की टाइमिंग सुबह 8 बजे की है. डॉ. शशिकांत आर्या को छोड़कर बुधवार सुबह 8 बजकर 20 मिनट तक ओपीडी में सभी डॉक्टर अनुपस्थित थे. इसी तरह जिला अस्पताल की ओपीडी टाइमिंग सुबह 9 बजे है. 9 बजकर 20 मिनट तक जिला अस्पताल के एक भी डॉक्टर अस्पताल नहीं पहुंचे थे. डिप्टी कलेक्टर राहुल पटेल ने अनुपस्थित डॉक्टरों का एक दिन का वेतन काटने अनुशंसा की है. अनुपस्थित डॉक्टर्स को नोटिस जारी किए गए हैं. ओपीडी ही नहीं आईसीयू, वार्ड और लैब में भी डॉक्टर नहीं थे. ओटी में सर्जन और निश्चेतना विशेषज्ञ अनुपस्थित थे. बीते दिनों इलाज के अभाव में आईसीयू में दो मरीजों की जान चली गई थी. प्रशासन द्वारा लापरवाह डॉक्टर्स पर कार्रवाई भी की गई थी."

निजी क्लीनिकों में देते हैं पूरा समय

जिला अस्पताल में भर्ती मरीज के परिजन अजय माहोरे ने बताया कि "पिछले तीन दिनों से जिला अस्पताल में अपने भाई को इलाज के लिए भर्ती कराया है सिर्फ एक बार ड्यूटी डॉक्टर यहां पर आए हैं और उसके बाद नर्स इलाज कर रही हैं. अपनी रिपोर्ट चेक करवाना था तो वे ड्यूटी डॉक्टर के निजी क्लीनिक में गए थे. अधिकांश डॉक्टर्स अपनी निजी क्लीनिक और अस्पताल संचालित कर रहे हैं. सरकारी ओपीडी में समय पर न आने वाले डॉक्टर निजी संस्थानों में पर्याप्त समय देते नजर आते हैं. ऐसे में बात यह हो रही है कि जिला प्रशासन को ओपीडी टाइमिंग में निजी क्लीनिक संचालित करने वाले डॉक्टर्स पर भी ध्यान देने की जरूरत है."

Chhindwara Docs gave Mass leave warning
28 फरवरी को सामूहिक अवकाश पर रहेंगे डॉक्टर (ETV Bharat)

मानसिकता प्रताड़ना का आरोप, सामूहिक अवकाश की दी चेतावनी

गुरुवार को डीन को दिए ज्ञापन में डॉक्टर्स का कहना हैं कि उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है. पांच से दस मिनट देरी होने पर भी उन्हें नोटिस थमाया जाता है. इस तरह ये दोषपूर्ण, मनोबल और आत्मविश्वास तोड़ने वाले है. सभी डॉक्टर्स ने चेतावनी दी है कि नोटिस वापस न लेने पर 28 फरवरी को सामूहिक अवकाश पर रहेंगे.

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वहीं, डिप्टी कलेक्टर राहुल पटेल ने कहा है कि "अस्पताल में आने वाले मरीजों को समय पर बेहतर इलाज मिल सके, इस मंशा से व्यवस्था में सुधार के प्रयास किए जा रहे हैं. जो डॉक्टर ड्यूटी टाइमिंग पर अस्पताल नहीं पहुंचे थे, उन्हें नोटिस जारी किया गया है."