जन्नत सी बुंदेलखंड की वादियां! हिलोरे ले रहा रानेह वाटरफॉल, दिलकश नजारे देखने चले आए टूरिस्ट
मानसून सक्रिय होते ही हिलोरे मारने लगा खजुराहो का रानेह वाटरफॉल, सुंदरता का लुत्फ उठाने देश विदेश से पहुंचे पर्यटक. मनोज सोनी की रिपोर्ट.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : September 2, 2026 at 1:01 PM IST
|Updated : September 2, 2026 at 1:18 PM IST
छतरपुर: बुंदेलखंड के छतरपुर जिले सहित आसपास हो रही लगातार बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं. मानसून सक्रिय होते ही छतरपुर जिले के झरने हिलोरे मारने लगते हैं. जो पर्यटकों को लुभाने के लिए अपने पूरे सवाब पर दिखाई देते हैं. बारिश में रानेह वॉटरफॉल और केन नदी की हसीन वादिया पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित करती हैं. बारिश में इस समय रानेह फॉल पर लोगों का जमावड़ा लगा हुआ है.
प्रकृति ने किया पर्यटन स्थलों का भरपूर श्रृंगार
जिले में इस बार मानसून लेट आया लेकिन जब आया तो नदी, नाले, झरने, बांध सब हिलोरे मारने लगे. कई इलाकों में बारिश ने तबाही भी मचाई तो वहीं प्रकृति ने पर्यटन स्थलों का भरपूर श्रृंगार भी किया है. लगातार हुई बारिश के बाद खजुराहो के पास स्थित रानेह वॉटर फॉल और बरसाती झरने खिल उठे हैं. केन नदी की वादियों में जहां-तहां बिखरे प्राकृतिक जल प्रपात को देखने रोजाना दूर दूर से लोग आ रहे हैं और प्रकृति का लुप्त उठा रहे हैं.
रानेह वाटरफॉल को निहारने दूर-दूर से आ रहे पर्यटक
दरअसल छतरपुर जिले में बारिश के बाद जिले की प्राकृतिक सुंदरता बढ़ जाती है. कई स्थान ऐसे हैं जिसे देखने घूमने और जानना देश विदेश से लोग आते हैं. चाहे भीमकुंड का कंचन नीला जल हो या जटाशंकर धाम में गोमाता के मुख का गिरता झरना, लोगों को अपनी ओर आकर्षित करता है. लेकिन इनमें सबसे खास रानेह वाटरफॉल का नजारा रहता है. खजुराहो से कुछ ही दूरी पर केन की खूबसूरत वादियों में रानेह वाटर फॉल बना हुआ है. बहुत कम लोग इस लुभावनी जगह के बारे में जानते हैं.

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रानेह वाटरफॉल को मिल चुका है श्रेष्ठ हॉलीडे अवार्ड
यह खजुराहो से लगभग 15 किमी और छतरपुर जिला मुख्यालय से 55 किमी की दूरी पर बना हुआ है. इस खूबसूरत जल प्रपात को देश के पसंदीदा वॉटरफॉल के श्रेष्ठ हॉलीडे अवार्ड-2017 से भी नवाजा गया था. नई दिल्ली में एक समारोह में मध्य प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम को यह अवार्ड देश के जाने-माने ट्रैवल एवं इंफॉर्मेशन पोर्टल हॉलीडे आईक्यू द्वारा दिया गया था. वहीं विशाल रानेह वाटरफॉल की बहुरंगी शुद्ध क्रिस्टल ग्रेनाइट, लाइम-स्टोन, काग्लोमरेट, बेसाल्ट तथा डोलोमाइट की परतदार चट्टानों के लिए जाना जाता है. पर्यटकों के आने से खजुराहो का व्यापार बढ़ जाता है.

लगातार बढ़ रहा केन नदी का जलस्तर
वन विभाग के रेंजर लाल बहादुर तिवारी ने बताया, ''केन नदी में लगातार जलस्तर बढ़ रहा है, जिससे रानेह वाटर फॉल को देखने बड़ी संख्या में पर्यटकों का आना जाना लगा हुआ है. चारों तरफ पानी ही पानी दिखाई दे रहा है. पर्यटकों की संख्या को देखते हुए झरने से दूर रहने की हिदायत भी दी गई है. लगातार बारिश के कारण वाटर फॉल में जलस्तर बढ़ रहा है.''

