ऐसा लगा जैसे स्कूल में झरना फूट पड़ा हो, छतरपुर में बारिश से सरकारी स्कूल बना तालाब
छतरपुर के गंज में स्थित सरकारी स्कूल में पानी भरने से करनी पड़ी छुट्टी, छात्रों की जान पर खतरा, सरकारी दावों की खुली पोल.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : July 9, 2026 at 12:40 PM IST
छतरपुर : मध्य प्रदेश के छतरपुर में शुरुआती बारिश ने ही सरकारी स्कूलों की कलई खोल कर रख दी है. सरकार भले ही सरकारी स्कूलों पर लाखों करोड़ों खर्च करने के दावे कर रही हो लेकिन सरकारी स्कूलों के बच्चों का भविष्य इन स्कूलों की तरह डूबता दिखाई दे रहा है. ताजा मामला छतरपुर से लगे गंज गांव का है, जहां शुरुआती बारिश में ही सरकारी स्कूल में घुटने व कमर तक पानी भर गया, जिससे बच्चों की छुट्टी करनी पड़ी.
शुरुआती बारिश में हुआ ये हाल
छतरपुर में बीते कई घंटों से लगातार बरिश हो रही और बारिश ने लोगों का जनजीवन अस्तव्यवस्त कर दिया है. मौसम विभाग भी लगातार भारी बारिश की चेतवानी दे रहा है और आने वाले दिनों में और भारी बारिश की संभावना है. ऐसे में ये दृश्य परेशान करने वाले हैं कि आगे क्या होगा. बारिश के शुरुआती दौर में ही नदी,नाले उफान पर हैं और पानी घरों में घुसने के साथ अब सरकारी स्कूलों में घुसने लगा है,जिससे सरकारी स्कूलों की हकीकत सामने आने लगी है. इन तस्वीरों ने सरकारी दावों की धज्जियां उड़ा दी है.
ऐसा लगा मानो कोई झरना फूट पड़ा हो
गंज गांव के शासकीय प्राथमिक शाला स्कूल के भीतर पानी का बहाव इस कदर तेज हुआ कि बच्चों के साथ शिक्षक भी हैरान रह गए. ऐसा लगा मानो स्कूल के अंदर ही कोई झरना फूट पड़ा हो. बिल्डिंग पूरी तरह जर्जर हो चुकी है और छतों से भी पानी सीधे क्लासरूम में गिर रहा है. मासूम बच्चे डर के मारे अपना बस्ता (बैग) उठाकर किसी तरह पानी के तेज बहाव से बचते हुए बाहर निकलने की जद्दोजहद करते रहे. पानी की रफ्तार इतनी तेज थी कि बच्चों के जूते-चप्पल तक उसमें बहते दिखाई दिए.

ऐसे हालात काफी खतरनाक
स्कूल में पानी घुसने से हालात बेकाबू होने लगे और आनन-फानन में प्राचार्य को स्कूल की छुट्टी करनी पड़ी. स्कूल में पानी घुसने की इस घटना को बयां करते हुए स्थानीय निवासी मुन्ना अहिरवार ने कहा, '' मेरा बच्चा भी यहीं पढ़ता है. अगर यही हालत रहे तो बच्चों की जान को खतरा है. यही कारण है कि सरकारी स्कूलों से लोगों का भरोसा उठता जा रहा है.''

यह भी पढ़ें-
- छतरपुर में पहली ही बारिश से तबाही, खजुराहो में खूडर नदी उफान पर, 24 घंटे में 4 इंच से ज्यादा बारिश
- भोपाल में बारिश का असर, पार्वती नदी उफान पर, बैरसिया-नरसिंहगढ़ मार्ग बंद
वहीं, शासकीय प्राथमिक शाला गंज स्कूल के प्रभारी जन शिक्षक अखिलेश शुक्ला ने कहा, '' यह हाल इसी साल से हुआ है, स्कूल के बाहर CC रोड ऊंची बन गई, जिससे स्कूल की बिल्डिंग नीचे हो गई और पानी निकलने के लिए कोई नाली नहीं बनी है, जिससे पानी सीधे यहां भर गया. यहां कक्षा एक से पांचवी तक के 144 बच्चे पढ़ते हैं. चार क्लास रूम में से दो में पानी भर गया है.अगर यही हालत रहे तो स्कूल नही लगा पाएंगे.''
क्या बोले अधिकारी?
वहीं, इस मामले में जब छतरपुर कलेक्टर पार्थ जैसवाल से बात हुई तो उन्होंने कहा, '' मामले की जानकारी लेकर तुरंत संज्ञान लिया जाएगा. अगर स्कूल जर्जर है तो शिफ्ट करवाया जाएगा. किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.''

