छतरपुर में अंग्रेजों का बंगला बना तोतों का स्वर्ग, चहचहाहट सुनकर दिल हो जाता गदगद
छतरपुर की छावनी में बने एक घर में रोजाना आते हैं सैकड़ों तोते, हरे-भरे तोतों को देखने और चहचहाहट सुनने आते हैं लोग.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : January 7, 2026 at 4:13 PM IST
|Updated : January 7, 2026 at 4:32 PM IST
छतरपुर: भारतीय प्रकृति और संस्कृति में तोते का हमेशा से एक अलग ही महत्व और स्थान रहा है. ज्यादातर लोग घर में तोता पालना पसंद करते हैं. सोचिए आप जब पिंजरे में बंद एक तोते को देखते हैं, तो मन कितना खुश हो जाता है. अगर एक साथ सैकड़ों तोते और वो भी खुले आसमान के नीचे बैठे हों और मस्ती करते दिखाई दें तो क्या नजारा होगा. सोच कर ही दिल खुश हो जाता है. रोजाना ऐसा ही नजारा छतरपुर की छावनी स्थित अंग्रेजों के लिए बनाए गए एक पुराने बंगले में दिखाई देता है. यहां खासकर सुबह और शाम को तोतों का एक झुंड एकत्रित होता है. यह अद्भुत नजारा देखकर वहां के लोगों का दिन बन जाता है.
घर पर रोजाना आते हैं सैकड़ों तोते
एक दौर हुआ करता था, जब तोता बड़ी आसानी से पेड़-पौधों और घर की छतों पर दिख जाया करते थे, लेकिन जैसे-जैसे समय बदलता जा रहा है. वैसे-वैसे तोतों की संख्या में भारी गिरावट देखी जा रही है. हालांकि, छतरपुर के छावनी इलाके में बने एक बंगले में ये खूबसूरत हरे-भरे पक्षी हर दिन एक झुंड बनाकर आते हैं और दाना चुनते हैं. इस बंगले को अंग्रेजों के रहने के लिए बनाया गया था. अब यहां सैकड़ों की संख्या में तोते खुशी से इकट्ठा होते हैं. इलाके के लोग इसे तोता का घर कह कर पुकारते हैं.
चहचहाहट सुनकर खुश हो जाता है मन
इस बंगले में वर्तमान में भट्ट परिवार निवास करता है. यह बंगला इलाके में मशहूर है. यह तोतों के लिए स्वर्ग बन गया है. सैकड़ों तोते एक साथ बैठे, सुर में सुर मिलाते हुए कैसे चहचहाते दिखाई देते हैं. इन तोतों को देखने लिए हर सुबह-शाम लोग भी जुट जाते हैं. बंगले में रहने वाले प्रबल भट्ट कहते हैं,"अब तो इन तोतों से दोस्ती जैसी हो गई है. पहले यह पास जाने पर डर कर उड़ जाया करते थे, लेकिन अब ऐसा नहीं वह बैठे रहते हैं और मस्ती करते रहते हैं. घर की छत और पेड़ पर बैठे सुर में चहचाहते रहते, जिसको सुनकर मन खुश हो जाता है."

तोतों से स्वर्ग बन जाता है घर
प्रबल भट्ट बताते हैं,"आमतौर पर लोग पिंजरों में कैद करके तोता पालते हैं और खुश होते हैं. लेकिन हमारे साथ इसका एकदम उल्टा है. क्योंकि इन तोतों ने हमें चुना है. ये रोजाना इसी तरह घर पर आते हैं और चारों तरफ बैठके चहचहाते हैं, जिसे देखकर मन खुश हो जाता है. हम भी उनके आने से पहले दाना पानी रख देते हैं. वे खाते पीते रहते हैं. वहीं, मेरा घर स्वर्ग जैसा लगने लगता है. पहले एक या दो तोते घर पर आते थे. हम उनके लिए खाना पीना रख देते थे, लेकिन धीरे धीरे सैकड़ों की संख्या में तोते आने लगे हैं. घर में अगल ही माहौल बन जाता है.

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घर पर तोतों का आना होता है शुभ
छतरपुर के रहने वाले पंडित सौरभ तिवारी बताते हैं कि "घर पर तोतों का आना वास्तु और ज्योतिष के अनुसार बेहद शुभ माना जाता है. तोतों के घर में आने से धन लाभ, खुशहाली और अच्छे समाचारों का संकेत मिलता है. भगवान कुबेर और ज्ञान, समृद्धि, तथा मां लक्ष्मी की कृपा का प्रतीक भी माना जाता है."

