छतरपुर में प्यून ने अधिकारी की हवा की टाइट, रिश्वत मांगने पर लोकायुक्त से पकड़वाया
छतरपुर में आयुष विभाग की अधिकारी और बाबू 5 हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार. भृत्य की शिकायत पर लोकायुक्त सागर ने की कार्रवाई.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : January 1, 2026 at 4:21 PM IST
छतरपुर: नए साल के पहले ही दिन आयुष विभाग की एक अधिकारी और बाबू रिश्वत लेते पकड़े गए. सागर लोकायुक्त ने महिला अधिकारी और क्लर्क को 5 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा. यह शिकायत विभाग के ही भृत्य ने सागर लोकायुक्त एसपी से की थी. महिला अधिकारी पर आरोप है कि भृत्य की 20 दिन की छुट्टी स्वीकृत करने के एवज में यह रिश्वत मांगी गई थी. आयुष अधिकारी ने अपने ऊपर लगे आरोपों को निराधार बताया है.
छुट्टी स्वीकृत कराने प्यून से रिश्वत मांगने का आरोप
छतरपुर के आयुष विभाग में पदस्थ प्यून अभिलाष मिश्रा का आरोप है कि "मेरी 20 दिन की छुट्टी स्वीकृत करने के एवज में आयुष अधिकारी डॉ निर्मला कुशवाहा और बाबू आनंद साहू ने 5 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी. रिश्वत नहीं देने पर वेतन काटने की धमकी दी जा रही थी. इसकी शिकायत लोकायुक्त सागर में की थी और गुरुवार को लोकायुक्त की टीम ने 5 हजार की रिश्वत देते रंगे हाथ पकड़ लिया."
5 हजार लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
लोकायुक्त निरीक्षक कमल सिंह ने बताया कि "अभिलाष मिश्रा आयुष कार्यालय में भृत्य के पद पर पदस्थ हैं. इनके द्वारा 27 दिसंबर 2025 को छुट्टी के लिए आवेदन दिया गया था लेकिन इनके आवेदन को स्वीकृत नहीं किया गया. वेतन देने और छुट्टी स्वीकृत करने के एवज में अधिकारी डॉ निर्मला कुशवाहा और सहायक ग्रेड 3 आनंद साहू के द्वारा 5 हजार की रिश्वत की मांग की गई थी. जिसकी शिकायत सागर लोकयुक्त एसपी के पास की गई थी."

उन्होंने बताया कि "सागर लोकायुक्त ने मामले की जांच पड़ताल की और घटना सही पाई गई. लोकायुक्त ने एक 10 सदस्यीय टीम बनाई और छतरपुर पहुंची. सुबह जैसे ही कर्मचारी से 5 हजार रुपये लिए गए, टीम ने दोनों लोगों को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया. लोकायुक्त पुलिस ने रिश्वत की रकम जब्त कर ली है. आयुष अधिकारी डॉ निर्मला कुशवाहा और बाबू आनंद साहू के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है."

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आयुष अधिकारी ने आरोपों को बताया निराधार
लोकायुक्त की इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है. आयुष अधिकारी डॉ निर्मला कुशवाहा का कहना है कि "मेरे ऊपर लगे आरोप निराधार हैं. यहां पदस्थ प्यून अभिलाष मिश्रा दिन भर शराब के नशे में रहता है और हाजिरी देने के बाद ड्यूटी से गायब रहता है. ऑफिस में हम सभी न्यू ईयर सेलिब्रेशन कर रह थे उसी दौरान यह 5 हजार रुपए पर्स में डालकर भागा. इस भृत्य ने मुझसे 21 हजार रुपए उधार लिए हैं जो आज तक नहीं लौटाए. इन सभी बातों की शिकायत संभागीय कार्यालय में की है."

