धनबाद में बायोमेडिकल वेस्ट का नहीं हो रहा है निस्तारण, सदन में चंद्रदेव महतो का सवाल, मंत्री इरफान ने दिया ये जवाब
सदन में चंद्रदेव महतो ने बायोमेडिकल वेस्ट के ठीक से निस्तारण नहीं होने का मामला सदन में उठाया. इसपर मंत्री इरफान अंसारी ने जवाब दिया.

Published : February 27, 2026 at 3:18 PM IST
रिपोर्ट: राजेश कुमार सिंह
रांची: बजट सत्र के नौंवे दिन प्रश्नकाल के दौरान भाकपा माले विधायक चंद्रदेव महतो ने धनबाद के SNNMCH, सदर अस्पताल समेत अन्य अस्पतालों में बायोमेडिकल वेस्ट का निस्तारण नहीं होने का मामला उठाया. उन्होंने पूछा कि क्या सरकार सभी जिलों में वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित करने, कचरा संग्रहण , परिवहन और निस्तारण की ऑनलाईन मॉनिटरिंग प्रणाली विकसित करने का विचार रखती है. पूरक सवाल पूछने पर मंत्री ने भरोसा दिलाया कि अगर कहीं गड़बड़ी हुई है तो जांच कराकर रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी.
क्या है बायोमेडिकल ट्रीटमेंट प्लांट का स्टेट्स
शुरुआती जवाब में स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि राज्य में छह जगहों पर कॉमन बायोमेडिकल ट्रीटमेंट फेसिलिटी दी जा रही है. इनमें धनबाद, रामगढ़, लोहरदगा, सरायकेला का आदित्यपुर, पाकुड़ और देवघर शामिल है. उन्होंने दावा किया कि इन जगहों पर नियम के हिसाब से बायोमेडिकल वेस्ट का निस्तारण हो रहा है. उन्होंने कहा कि जहां तक अन्य जिलों की बात है तो प्लांट के लिए सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड से सहमति लेनी पड़ती है. इसके लिए झारखंड स्टेट पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड को प्राधिकृत किया गया है.
सभी प्रमुख अस्पतालों में लगेगा हाईटेक प्लांट- मंत्री
विधायक चंद्रदेव महतो ने दावा किया कि बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण में नियमों का खुला उल्लंघन हो रहा है. आजतक किसी भी अस्पताल पर कार्रवाई नहीं हुई. इससे बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है. मंत्री ने भरोसा दिलाया कि आने वाले दिनों राज्य के सभी सदर अस्पताल और मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में हाईटेक बायोमेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की तैयारी हो रही है. इसके लिए अब किसी से अनापत्ति प्रमाण पत्र लेने की जरुरत नहीं पड़ेगी. यह माइक्रो वेस्ट प्लांट होगा. इसके लिए टेंडर की प्रक्रिया भी शुरु हो गई है.
कई विधायकों ने गंभीर मसले पर किया हस्तक्षेप
विधायक ने कहा कि अगर एजेंसियां सही तरीके से काम कर रहीं होती तो लोगों को कोर्ट में जाने की जरुरत नहीं पड़ती. उन्होंने कहा कि 48 घंटे के भीतर इस कचरे का निस्तारण नहीं होगा तो संक्रमण फैलेगा. मंत्री ने कहा कि अगर कोई गड़बड़ी मिलती है तो जल्द से जल्द कार्रवाई की जाएगी. इसपर विधायक मथुरा महतो ने कहा कि धनबाद में तीन-चार जिलों के मरीज आते हैं. यह गंभीर मामला है. लिहाजा, एक कमेटी बनाकर जांच की जानी चाहिए.
भाकपा माले विधायक अरुप चटर्जी ने कहा कि धनबाद वाली एजेंसी इतनी प्रभावशाली है कि उसपर कार्रवाई नहीं होती. इसलिए डीसी से रिपोर्ट मंगवाकर कार्रवाई की जानी चाहिए. सिर्फ आश्वासन से काम नहीं चलेगा. इस मामले में स्पीकर को हस्तक्षेप करना पड़ा. उनके सुझाव के बाद मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि कौन कंपनी प्रभावशाली बन गई है, इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी. खासकर धनबाद के मामले में.
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