चंपावत फर्जी गैंगरेप मामला, चार आरोपियों की जमानत खारिज, भेजे गये पिथौरागढ़ जेल
चंपावत फर्जी गैंगरेप मामले में चारों आरोपियों की जमानत याचिका खारिज हो गई है. चारों को पिथौरागढ़ जेल भेज दिया गया है.

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : May 23, 2026 at 6:57 PM IST
खटीमा: चंपावत जिले में फर्जी गैंगरेप प्रकरण में चारों आरोपियों को झटका लगा है. जिला कोर्ट ने चारों आरोपियों की जमानत याचिका को खारिज कर दिया है. साथ ही सभी आरोपियों को पिथौरागढ़ जेल भेजा गया है.जिला शासकीय अधिवक्ता विद्याधर जोशी ने मामले की जानकारी दी.
चंपावत जिले के चर्चित फर्जी गैंगरेप प्रकरण में साजिश रचने के आरोपी चारों लोगों की जमानत अर्जी विशेष सत्र न्यायालय ने खारिज कर दी है. अदालत के आदेश के बाद सभी आरोपितों को पिथौरागढ़ जिला जेल भेज दिया गया है. वहीं, पुलिस पांचवें आरोपी की तलाश में जुटी हुई है.
जिला शासकीय अधिवक्ता विद्याधर जोशी ने बताया विशेष सत्र न्यायाधीश एवं जिला जज अनुज कुमार संगल की अदालत ने शुक्रवार को कमल सिंह रावत, उसकी महिला मित्र, कांग्रेस प्रदेश सचिव आनंद महरा और बबलू राम की जमानत याचिकाएं नामंजूर कर दीं हैं. इनमें से दो आरोपियों को पुलिस ने 8 मई तथा अन्य दो को 13 मई को गिरफ्तार किया था.
गौरतलब है कि 16 वर्षीय किशोरी ने पांच मई की रात तीन लोगों पर सामूहिक दुष्कर्म का आरोप लगाया था. तहरीर के आधार पर पुलिस ने छह मई को मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी. जांच के दौरान गैंगरेप के आरोप असत्य पाए गए. इसके बाद पुलिस ने पूरे मामले को साजिश मानते हुए पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया. मामले में राहुल सिंह रावत अभी फरार है, जबकि अन्य चार आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं. चंपावत जिले का उक्त प्रकरण को लेकर प्रदेश की राजनीति में भी जमकर हंगामा हुआ.

