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कॉलेज मर्ज होने से 15 पंचायतों के छात्रों की बढ़ी मुसीबत, गुस्साए अभिभावकों ने खोला मोर्चा, प्रशासन को दी ये चेतावनी

हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में भलेई कॉलेज मर्ज किए जाने से कई पंचायतों के छात्र-छात्राओं की परेशानी बढ़ गई है.

कॉलेज मर्ज होने से छात्रों की बढ़ी मुसीबत
कॉलेज मर्ज होने से छात्रों की बढ़ी मुसीबत (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Himachal Pradesh Team

Published : June 30, 2026 at 9:53 PM IST

3 Min Read
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चंबा: भद्रकाली माता भलेई के नाम पर खुले कॉलेज को बंद करके पीजी कॉलेज चंबा में मर्ज करने पर पंद्रह पंचायत के लोग गुस्से में है. लोगों के इस गुस्से का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि नौ जुलाई तक इस फैसले को निरस्त नहीं करने पर उन्होंने जहां सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी है. वहीं, आगामी विधानसभा चुनाव के भी बहिष्कार का ऐलान अभी से कर दिया गया है.

भलेई कॉलेज में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों ने नाराजगी जाहिर की है. अभिभावक अमित कुमार, ज्ञान चंद, भूपेंद्र, ओमप्रकाश, पूजा, सपना देवी और रीना कुमारी ने कॉलेज को बंद करके पीजी कॉलेज चंबा में शिफ्ट करने की बजाय भलेई में ही संचालित करने की मांग की है.

इस संदर्भ में छात्रों के परिजनों और स्थानीय लोगों ने चंबा डीसी मुकेश रेपसवाल के माध्यम से मुख्यमंत्री को पंद्रह पंचायत की ओर से एक ज्ञापन प्रेषित किया है. इस ज्ञापन में कहा गया है कि भद्रकाली माता भलेई के नाम पर खुले कॉलेज में पंद्रह पंचायत के बच्चे पढ़ाई करते रहे हैं, जिसमें ज्यादातार लड़कियां शामिल हैं. कॉलेज में अस्सी फीसदी युवतियां ऐसे-ऐसे परिवार की पढ़ाई कर रही थी, जिनके परिवार की आर्थिक स्थिति दयनीय है.

इसके बावजूद जैसे-तैसे ऐसे परिवार अपनी बेटियों को कॉलेज स्तर की पढ़ाई करवाने को मेहनत कर रहे थे. अब जब भलेई कॉलेज को बंद करके पीजी कॉलेज चंबा में मर्ज कर दिया गया है तो ऐसा करके 15 पंचायतों की बेटियों को उच्च शिक्षा हासिल करने से वंचित कर दिया गया है. क्योंकि, इन पंचायतों की बेटियां दूर के किसी भी कॉलेज में पढ़ाई करने में असमर्थ है. ऐसे में बंद किए गए कॉलेज को बहाल करने की मांग कर रहे लोगों ने मांग नहीं माने जाने पर 9 जुलाई के बाद लोग सड़कों में उतरने की पूरी तैयारी कर चुके हैं.

बता दें कि भद्रकाली माता भलेई कॉलेज में भलेई, ब्रंगाल, वांगल, ओहरा, कगेड, सिमणी, शेरपुर, नडल, भुनाड, गुवालू, ठाकरीमट्टी, सुंडला, चंडी, लडोग और चकलू पंचायतों के बच्चे पढ़ाई करते थे. अब इस कॉलेज के बंद होने से यहां पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी के सामने असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है. इस कॉलेज में पढ़ाई करने वाले अधिकांश विद्यार्थी नजदीक कॉलेज होने के कारण ही पढ़ाई कर रहे थे. अब जब भलेई कॉलेज को बंद करके पीजी कॉलेज चंबा में शामिल कर दिया गया है तो बच्चों के अभिभावक अपने बच्चों को अन्य कॉलेज में पढ़ाई करवाने में खुद को असमर्थ बता रहे हैं.

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